उत्तर प्रदेश की सड़कों पर यूं तो महिलाओं को निडर और बेखौफ होकर बिना शोहदों से डरे कहीं भी आने-जाने के दावे किए जाते हैं. फिर भी लखनऊ की युवतियां सड़क पर डर-डरकर निकलती हैं. डर के कारण कोचिंग जाना भी छोड़ देती हैं और फिर आत्महत्या करने पर मजबूर हो जाती हैं. क्योंकि शोहदे उनके चेहरे के ऊपर तेजाब फेंकने की धमकी देते हैं. युवतियों को अकेला पाकर उन्हें छेड़ते हैं और जबरदस्ती निकाह करने का दवाब बनाते हैं.
ताजा मामला उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के थाना अलीगंज इलाके में रहने वाले एक वरिष्ठ अधिवक्ता की बेटी का है. साल 2021 से सैय्यद सीजान अब्बास नाम का शोहदे NEET की तैयारी कर रही छात्रा से छेड़खानी कर रहा था और जबरन निकाह का दवाब बना रहा था. पीड़िता यह सब 10वीं कक्षा से झेल रही थी.
वह लड़के के साथ दोस्ती नहीं करना चाहती थी और न ही उससे बात करना. लेकिन आरोपी युवक सैय्यद सीजान उसके पीछे हांथ धोकर पड़ गया था. किसी तरह जब युवती ने 10वीं और 12वीं कक्षा पास की और NEET की तैयारी के लिए कोचिंग में दाखिला लिया तो शोहदे युवक ने तब भी पीछा करना नहीं छोड़ा और कभी कभी घर तक पीछा करते आता.
जानकारी के मुताबिक, एक बार पीड़ित युवती की मां ने शोहदे को डांट फटकार भी लगाई. लेकिन वह नहीं माना. और जब भी युवती घर से बाहर निकलती तो आरोपी युवक ताक लगाकर बैठा रहता और जब कहीं सड़क पर या अन्य जगहों पर युवती को अकेला पाता तो छेड़छाड़ करता और निकाह करके उसके साथ भाग जाने का दवाब बनाता. साथ ही ऐसा न करने पर उसके चेहरे को तेजाब से जला देने की धमकी देता.
बर्दाश्त करते करते जब युवती थक गई तो उसने आप बीती अपने घरवालों को बताई और लड़के पर मुकदमा दर्ज करवाने के लिए कहा. लेकिन घरवालों ने युवती को समझाया कि मुकदमा लिखवाने पर उसकी बदनामी होगी. ऐसे में जब पीड़िता ने खुद को असहाय और बेबस पाया तो फिर उसने पढ़ाई-लिखाई छोड़कर कोचिंग सेंटर जाना बंद कर दिया. क्योंकि लड़की को डर था कि युवक सैय्यद अब्बास उसके चेहरे के ऊपर तेजाब फेंक देगा.
वहीं, इसी दौरान पीड़ित लड़की ने बाहर जाकर अपनी मां के मोबाइल पर एक मैसेज भेजा कि वह आत्महत्या कर लेगी, या फिर घर छोड़कर कहीं चली जाएगी, क्योंकि उसके लिए जीना दूभर हो गया है. युवती का यह मैसेज पढ़ते ही मां और छोटा भाई परेशान हो गए और रो-रोकर पीड़ित युवती को सुसाइड न करने और घर वापस आने के लिए मनाने लगे और शोहदे के खिलाफ मुकदमा लिखवाने का आश्वासन भी दिया.
इसके बाद बेटी अपने घर वापस आई और फिर पीड़ित युवती के पिता ने अलीगंज थाने में एफआईआर दर्ज कराई. वहीं, अलीगंज थाना के एसएचओ ने बताया कि मामले में युवती आरोपी लड़के से न ही दोस्ती करना चाहती थी और न ही बात. इसी के चलते लड़का उस पर तरह तरह के जबरन दवाब बनाता था.
थाना प्रभारी नागेश उपाध्याय ने आगे बताया कि मामले में आईपीसी की धारा 554,504,506 और लैंगिक अपराध के तहत मुकदमा दर्ज करके आरोपी युवक को हिरासत में लेकर मामले में पूछताछ कर आगे की विधिक कार्यवाही की जा रही है.