राजस्थान के उदयपुर जिले में एक गूंगी लड़की से चार लोगों ने सामूहिक दुष्कर्म किया. पुलिस ने गुरुवार को यह जानकारी दी. मामला तब सामने आया, जब पीड़िता को अस्पताल में भर्ती कराया गया. डॉक्टरों को मेडिकल जांच के बाद पता चला कि वह पहले से ही पांच महीने की गर्भवती थी.
पुलिस के मुताबिक, कुछ दिन पहले हिरन मंगरी थाना क्षेत्र के सेक्टर 3 में पीड़िता मिली थी. वह बोल नहीं सकती थी. इसके बाद बाल कल्याण समिति के सदस्यों को सूचित किया गया और उसे शेल्टर होम में शिफ्ट कर दिया गया. मंगलवार शाम को बालिका दीवार फांदकर आश्रय गृह से भाग निकली.
पैर में फ्रैक्चर होने पर अस्पताल में कराया भर्ती
इस दौरान उसके पैर में फ्रैक्चर हो गया, जिसके बाद उसे उदयपुर के एमबी अस्पताल ले जाया गया. तब तक पीड़िता की मां को भी घटना की जानकारी हुई और वह भी अस्पताल पहुंच गई. चिकित्सा परीक्षण के दौरान डॉक्टरों ने पाया कि वह पांच महीने की गर्भवती थी.
मामले के जांच अधिकारी राम सुमेर मीणा ने बताया कि पीड़िता के बयान को दर्ज करने के लिए एक सांकेतिक भाषा विशेषज्ञ अनुवादक को बुलाया गया था. उसने पुलिस को बताया कि उसके साथ अलग-अलग समय में चार अलग-अलग व्यक्तियों ने रेप किया था. मीना ने कहा कि आरोपियों की पहचान कर ली गई है.
बदनामी के डर से परिवार ने छिपाई रेप की बात
उन्होंने कहा कि जब पुलिस ने उसकी मां से संपर्क किया, तो उन्हें पता चला कि जिले के सुखेर थाने में अज्ञात आरोपी के खिलाफ बलात्कार का मामला दर्ज किया गया है. मामले की जानकारी रखने वाले एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि परिवार को घटना की जानकारी थी. मगर, सामाजिक बदनामी के डर से पिछले पांच महीने से वे इसे छिपा रहे थे.