बिहार के लखीसराय में समरजीत हत्याकांड मामले के मुख्य आरोपी बादल कुमार के पिपरिया थाना क्षेत्र स्थित मालपुर घर पर कुर्की जब्ती करने गई पुलिस को ग्रामीण एवं परिजनों के आक्रोश का सामना करना पड़ा. ग्रामीणों ने जमकर हंगामा किया. इसी आक्रोश के बीच वहां मौजूद पुलिसकर्मियों ने घर के कुर्की जब्ती की प्रक्रिया की. उस दौरान वहां काफी संख्या में पुलिसकर्मी मौजूद थे.
बता दें कि15 दिसंबर 2021 को बड़हिया थाना क्षेत्र के लक्ष्मीपुर गांव के समीप लालदियारा निवासी समरजीत की गोलीमार कर हत्या कर दी गई थी. वहीं पिकु सिंह गोली लगने से गंभीर रूप से घायल हो गया था. इसी मामले में बादल पुलिस गिरफ्त से बाहर है.
कोर्ट के आदेश पर रविवार को कुर्की जब्ती की गई. मौके पर एसडीपीओ रंजन कुमार, कबैया थानाध्यक्ष राजीव कुमार, बड़हिया थाना संजय कुमार सिंह और पिपरिया थानाध्यक्ष राजकुमार साह समेत काफी संख्या में पुलिसबल एवं महिला पुलिसकर्मी मौजूद रहे.
एसडीपीओ रंजन कुमार ने बताया कि 15 दिसंबर को हुए समरजीत हत्याकांड मामले में रविवार को बादल के घर कुर्की जब्ती की प्रक्रिया की जा रही है. हालांकि, कुर्की जब्ती करने आए पुलिस कर्मियों के साथ ग्रामीण एवं परिजन के द्वारा काफी विरोध किया गया है, जिसको लेकर कार्रवाई भी की जाएगी.
आपको बता दें कि तीन दिन पहले भी कुर्की जब्ती करने गई पुलिस को विरोध के कारण बेरंग वापस लौटना पड़ा था. जिसके बाद आज काफी संख्या में पहुंची पुलिस ने कुर्की जब्ती की प्रक्रिया की.
3 पुलिसकर्मियों की पिटाई के मामले में 5 गिरफ्तार
वहीं, गुजरात के अहमदाबाद में 3 पुलिसकर्मियों की पिटाई के मामले में कार्रवाई करते हुए पुलिस ने एक नाबालिग समेत 6 आरोपियों को पकड़ा है. एक दिन पहले पुलिसकर्मियों की पिटाई का वीडियो वायरल हुआ था.
नरोदा पुलिस के मुताबिक, तीन पुलिसकर्मियों पर तब हमला किया गया जब वे नरोदा एसटी वर्कशॉप के पास शराब माफिया जिग्नेश परमार के भाई को पकड़ने गए थे. इस दौरान किसी ने वीडियो बनाकर उसे सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया था. पुलिस ने कहा कि वीडियो वायरल होने के बाद शिकायत दर्ज की गई. अपराध शाखा और पुलिस ने बड़े पैमाने पर तलाशी अभियान शुरू किया और मामले में एक नाबालिग सहित छह को गिरफ्तार किया गया है.
(इनपुट: विनोद कुमार गुप्ता)