मध्य प्रदेश के छतरपुर जिले के एक गांव में सात वर्षीय बच्ची के साथ बलात्कार की सनसनीखेज वारदात सामने आई है. यहां के एक गांव में अपने रिश्तेदार के वहां शादी में शामिल होने आए एक शख्स ने पहले मासूम बच्ची को अगवा किया. फिर उसे गांव के पास के खेत में ले गया. वहां उसने मासूम बच्ची को अपनी हवस का शिकार बनाया. इस दौरान पीड़िता दर्द की वजह से चीखती रही. उसकी आवाज सुनकर पहुंचे लोगों ने देखा कि वो खून से लथपथ डरी और सहमी हुई है. वारदात को अंजाम देने के आरोपी फरार हो गया था.
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (एएसपी) अमन मिश्रा के मुताबिक, छतरपुर जिले के सटई पुलिस थाना क्षेत्र के एक गांव में सोमवार को एक बच्ची के लापता होने की सूचना मिली थी. परिजनों ने जब उसकी खोजबीन की तो वो गांव के पास ही एक खेत में बदहवास हालत में मिली. परिजनों ने उसे तुरंत जिला जिला अस्पताल में भर्ती कराया. इसके बाद पुलिस को सूचना दी. मौके पर पहुंची पुलिस के सामने पीड़िता ने आपबीती बयान की तो हर किसी के रोंगेट खड़े हो गए. पुलिस ने केस दर्ज करके आरोपी की तलाश शुरू कर दी.
पुलिस ने वारदात के कुछ घंटों के अंदर ही आरोपी को गिरफ्तार कर लिया. वो उत्तर प्रदेश के झांसी का रहने वाला है. पीड़िता के परिजनों की तहरीर के आधार पर आरोपी के खिलाफ आईपीसी की संबंधित धाराओं और पॉक्सो एक्ट के तहत केस दर्ज कर लिया है. पुलिस हिरासत में उससे पूछताछ की जा रही है. आरोपी ने बताया है कि वो झांसी से वहां एक शादी में शामिल होने के लिए गया हुआ था. वारदात को अंजाम देने के बाद अपने गांव जाने की कोशिश कर रहा था. इससे पहले की पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया.
बताते चलें कि छतरपुर जिले के राजनगर इलाके में करीब 8 महीने पहले 3 साल की बच्ची से रेप की वारदात सामने आई थी. उसे घायलावस्था में जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया था. पीड़िता की हालत बहुत नाजुक हो गई थी, जिसके बाद उसे ग्वालियर रेफर कर दिया गया था. इस मामले की जानकारी मिलते ही छतरपुर के तत्कालीन एसपी अमित सांघी, एएसपी विक्रम सिंह, एसडीओपी और थाना प्रभारी राजेश बंजारे अस्पताल पहुंचे. इस मामले में केस दर्ज करने के बाद पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया था.
नेशनल क्राइम रिकॉर्ड ब्यूरो के अनुसार मध्य प्रदेश महिलाओं के साथ अपराध के मामले में पूरे देश में 5वें पायदान पर है. वहीं, महिलाओं के साथ रेप के मामले में राजस्थान और उत्तर प्रदेश के बाद तीसरे नंबर है. बच्चों के साथ होने वाले अपराध के मामले में मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश और महाराष्ट्र के बाद दूसरे नंबर पर आ गया है. यहां महिलाओं के साथ होने वाले अपराध के 32 हजार 765 मामले सामने आए है. इसके साथ ही उत्तर प्रदेश में 65 हजार 743, महाराष्ट्र में 45 हजार 331, राजस्थान में 45 हजार 58 और पश्चिम बंगाल में 34 हजार 738 मामले में सामने आए है. इस तरह नेशनल क्राइम रिकॉर्ड ब्यूरों की रिपोर्ट के अनुसार 32 हजार केस के साथ मध्य प्रदेश पांचवे पायदान में रहा है.