एक प्रमुख एफएमसीजी (Fast Moving Consumer Goods) कंपनी के साथ व्यवसाय शुरू करने में मदद करने के बहाने एक महिला से लाखों रुपये की धोखाधड़ी की गई है. इस मामले की शिकायत सामने आने के बाद दक्षिण मुंबई के गामदेवी पुलिस स्टेशन ने 35 साल के एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है.
आरोपी देव कुमार उर्फ योगी देवराज की मलाड की रहने वाली शिकायतकर्ता महिला से परिचय था. वह पहले से महिला को जानता था और उससे मिल चुका था और दोनों के बीच दोस्ती हो गई और बातचीत शुरू हो गई. उत्तर प्रदेश के रहने वाले आरोपी ने हल्दी का बिजनेस शुरू करने की बात कही.
पंतजलि में सीधी पहचान का दिया था झांसा
इसमें पीड़िता की दिलचस्पी बढ़ी. दरअसल, देव ने पतंजलि आयुर्वेद के साथ सीधी पहचान होने का दावा किया और कहा कि वह कंपनी को हल्दी की आपूर्ति करा सकता है. आरोपी ने पतंजलि के प्रतिष्ठित नाम का इस्तेमाल किया और पहले पीड़िता का विश्वास जीता.
बाद में उसे बिजनेस आइडिया के बारे में आश्वस्त किया. नए गामदेवी पुलिस थाने के एक अधिकारी ने बताया कि आरोपी ने पीड़िता से यह कहकर 6.51 लाख रुपए लिए कि आगे के कुछ लोगों को अग्रिम भुगतान करना होगा और मशीनों को खरीदने की जरूरत होगी. मगर, लोगों को भुगतान करने के बजाय उसने पैसे हड़प लिए.
पुलिस की टीम ने बिछाया जाल, धर दबोचा
मामले की रिपोर्ट होने के बाद सीनियर पीआई दत्ताराम जिराप की देखरेख में और जांच अधिकारी एपीआई विकास शिंदे के मार्गदर्शन में पुलि की टीम ने भगोड़े आरोपी को पकड़ने के लिए जाल बिछाया. इसके बाद आरोपी को मलाड से गिरफ्तार कर लिया.
देव पर अमानत में खयानत की धारा (406) और धोखाधड़ी की धारा (420) के तहत केस दर्ज किया गया है. इसके साथ ही उसे 27 फरवरी तक पुलिस हिरासत में भेज दिया गया है.