उत्तर प्रदेश के बागपत में 'खाकी' यानी पुलिसवालों की डर से एक युवक ने जान दे दी. दबिश के नाम पर पुलिसकर्मियों ने युवक के घर पर कहर बरपाया. इससे घबराए युवक ने जंगल में जाकर फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली. इससे नाराज ग्रामीणों ने हंगामा किया और लाश को उठने नहीं दिया. फिलहाल गांव में तनावपूर्ण माहौल बना हुआ है.
मामला थाना बिनौली क्षेत्र अंतर्गत रंछाड गांव का है. दोपहर के वक़्त गांव का ही एक युवक वैक्सीन लगवाने गया था. जहां किसी बात को लेकर पुलिसकर्मी और उसकी झड़प हो गई थी. इस दौरान पुलिसकर्मियों ने उसकी पिटाई भी की थी, जिसके बाद युवक वहां से भाग आया.
परिजनों का आरोप है कि पुलिसकर्मी घर पहुंचे और दबिश के नाम पर तोड़फोड़ कर दी. इसके साथ ही महिलाओं के साथ मारपीट की गई, जिसका नतीज़ा यह हुआ कि युवक इतना ख़ौफ़ में आ गया कि वह घर से भाग खड़ा हुआ और गांव के बाहर जंगल में जाकर सुसाइड कर लिया.
जैसे ही सुसाइड की जानकारी ग्रामीणों को लगी तो बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंचे और शव को नीचे उतारा. पुलिस भी मौके पर पहुंच गई और शव को कब्जे में लेने लगी, लेकिन ग्रामीणों के विरोध के चलते शव को नहीं उठने दिया गया. इसके बाद सीओ सदर अनुज मिश्रा व सीओ सिटी आलोक कुमार तीन थानों की फोर्स लेकर मौके पर पहुंचे.
इसके बावजूद ग्रामीणों ने शव नहीं उठने दिया. ग्रामीणों की मांग है कि दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर उनके खिलाफ कार्रवाई की जाए. इस मामले में परिवार की तहरीर पर मुकदमा दर्ज कर 11 पुलिस कर्मियों को लाइन हाजिर कर दिया गया है.