scorecardresearch
 

ममता के परिवार तक फिर पहुंची जांच की आंच, भतीजे अभिषेक और उनकी पत्नी को ED का समन

कोयला तस्करी मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने ममता बनर्जी के भतीजे अभिषेक बनर्जी और उनकी पत्नी रुजिरा बनर्जी को समन भेजा है. इसके अलावा बंगाल सीआईडी के एडीजी ज्ञानवंत सिंह और ममता बनर्जी के भतीजे अभिषेक बनर्जी के वकील संजय बासु को भी समन भेजा गया है.

Advertisement
X
टीएमसी सांसद अभिषेक बनर्जी. (फाइल फोटो)
टीएमसी सांसद अभिषेक बनर्जी. (फाइल फोटो)
स्टोरी हाइलाइट्स
  • अभिषेक की पत्नी रुजिरा को भी ED का समन
  • कार्टून में हो रही थी नोटों की सप्लाई

कोयला तस्करी मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने ममता बनर्जी के भतीजे अभिषेक बनर्जी और उनकी पत्नी रुजिरा बनर्जी को समन भेजा है. इसके अलावा बंगाल सीआईडी के एडीजी ज्ञानवंत सिंह और ममता बनर्जी के भतीजे अभिषेक बनर्जी के वकील संजय बासु को भी समन भेजा गया है. टीएमसी नेता अभिषेक बनर्जी को जांच में शामिल होने के लिए 6 सितंबर को बुलाया गया है जबकि उनकी पत्नी रूजीरा को ईडी ने 3 सितंबर को हाजिर होने के लिए कहा है.

Advertisement

ईडी ने कथित तौर पर पाया था कि अभिषेक बनर्जी और उनके परिवार के साथ संबंध रखने वाली दो कंपनियां- लीप्स एंड बाउंड प्राइवेट लिमिटेड और लीप्स एंड बाउंड मैनेजमेंट सर्विसेज एलएलपी को लगभग 4.37 करोड़ रुपये प्रोटेक्शन फंड के तौर पर मिले थे. यह पैसा एक कंस्ट्रक्शन कंपनी के जरिए उन आरोपियों ने दिए थे जिनकी कोयला तस्करी मामलले में जांच चल रही है.

अभिषेक बनर्जी के पिता अमित बनर्जी लीप्स एंड बाउंड प्राइवेट लिमिटेड के निदेशकों में से एक हैं, जबकि उनकी पत्नी रुजिरा, अमित बनर्जी के साथ लीप एंड बाउंड मैनेजमेंट सर्विसेज लिमिटेड की निदेशक हैं. ईडी के अधिकारियों ने आजतक को बताया कि अवैध कोयला खनन मामले में मनी लॉन्ड्रिंग में शामिल भ्रष्ट नेताओं ने बड़ी साजिश के तहत फर्जी करार कर अलग-अलग व्यापारियों से फंड एकत्रित किए थे.

Advertisement

कार्टून में हो रही थी नोटों की सप्लाई

ईडी ने दावा किया है कि जांच में यह बात सामने आई थी कि कोयला तस्करी मामले में मुख्य आरोपी अनूप मांजी ने एक शख्स के हाथों गिरफ्तार पुलिस इंस्पेक्टर अशोक मिश्रा को  मार्च 2020 से पैसा देने के लिए कहा था. मार्च 2020 से कथित तौर पर प्रतिदिन कार्टून में करोड़ों रुपये पैक कर अशोक मिश्रा तक पहुंचाए जाते थे. बाद में अशोक मिश्रा ने पैसे ट्रांसफर किए थे. अधिकारियों के मुताबिक अशोक मिश्रा ने कई बार पैसों की डिलिवरी खुद ली कई बार उसकी जगह अन्य लोग डिलिवरी लेते थे. यह सब बांकुड़ा पुलिस स्टेशन के समीप उसके आवास पर हो रहा था.

इसपर भी क्लिक करें- TMC सांसद अभिषेक बनर्जी के करीबी विनय मिश्रा का भाई अरेस्ट, तस्करी मामले में कसा ED का शिकंजा


अशोक मिश्रा ने कथित तौर पर ईडी को बताया कि बांकुड़ा पुलिस स्टेशन के ड्यूटी ऑफिसर को लॉकडाउन के दौरान ट्रासपोर्टेशन के लिए वाहन उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया था. ईडी को आशंका है कि सरकारी वाहनों के जरिए पैसों का ट्रांसपोर्टेशन किया गया. ईडी ने बांकुरा पुलिस स्टेशन के उन 16 पुलिसकर्मियों को गिरफ्तार किया है जिन्होंने लॉकडाउन अवधि के दौरान पैसों का ट्रांसपोर्टेशन किया था. 

अभिषेक बनर्जी की पत्नी रुजिरा बनर्जी को इससे पहले इस साल फरवरी में सीबीआई ने तलब किया था. जांच एजेंसी के सूत्रों का दावा है कि मामले की जांच के दौरान उन्हें अभिषेक बनर्जी की पत्नी की कथित भूमिका का पता चला जिसके आधार पर उन्होंने उनसे पूछताछ करने का फैसला किया. सूत्रों का यह भी दावा है कि हाल के छापों और बयानों की रिकॉर्डिंग के दौरान सीबीआई को अभिषेक बनर्जी की पत्नी की कथित संलिप्तता का संकेत देने वाली सामग्री मिली है.

Advertisement

बता दें कि  सीबीआई ने अनूप मांजी, ईस्टर्न कोलफील्ड लिमिटेड (ईसीएल), उनके अधिकारियों और अज्ञात अन्य के खिलाफ दुर्गापुर-आसनसोल बेल्ट और बाद में झारखंड से अवैध रूप से कोयला निकालने के आरोप में केस दर्ज किया था. FIR में मांजी के अलावा ईसीएल के महाप्रबंधक (कुनुस्तोरिया क्षेत्र) अमित कुमार धर, महाप्रबंधक (कजोरा क्षेत्र) जयेश चंद्र राय, सुरक्षा प्रमुख (आसनसोल) तन्मय दास और सुरक्षा प्रभारी (कजोरा) देबाशीष मुखर्जी को भी इस मामले में आरोपी बनाया है.

 

Advertisement
Advertisement