चंडीगढ़ की प्राइवेट यूनिवर्सिटी की छात्राओं के आपत्तिजनक वीडियो लीक करने के तीनों आरोपियों पर शिकंजा कसता जा रहा है. सोमवार को उन्हें मोहाली के खरड़ कोर्ट में पेश किया गया. कोर्ट ने तीनों आरोपियों को 7 दिन की पुलिस रिमांड पर भेज दिया है. कोर्ट में आरोपियों के वकील ने एक चौंकाने का खुलासा भी किया. वकील ने माना कि आरोपी लड़की ने दूसरी लड़की का वीडियो भी बनाया था. जबकि अबतक पुलिस इससे इनकार करती रही है.
जहां 60 लड़कियों के आपत्तिजनक वीडियो इंटरनेट पर लीक होने का दावा हो रहा. वहीं पुलिस ने इससे इनकार किया है. पुलिस का कहना था कि लड़की ने सिर्फ अपने वीडियो बनाकर शेयर किए थे.
कोर्ट में क्या कुछ हुआ?
मोहाली कांड के तीनों आरोपियों को आज सोमवार को पुलिस ने वीडियो कांड की मुख्य आरोपी एमबीए की छात्रा, उसके बॉयफ्रेंड सनी मेहता और उसके दोस्त रंकज वर्मा को खरड़ मोहाली की अदालत में पेश किया था. कोर्ट में पेशी के दौरान पुलिस ने जज के सामने आरोपियों के मोबाइल फोन रखे और एक फोटोग्राफ भी दिखाई. पुलिस ने तीनों आरोपियों का 10 दिन का रिमांड मांगा था लेकिन अदालत में सिर्फ 7 दिन की पुलिस रिमांड स्वीकार की.
आरोपियों की तरफ से अदालत में मोहाली के वकील संदीप शर्मा पेश हुए. उन्होंने यह कहकर सबको चौंका दिया कि आरोपी छात्रा ने एक दूसरी लड़की का वीडियो भी बनाया था लेकिन उसमें लड़की की पहचान उजागर नहीं हो रही है.
बेकरी चलाता है आरोपी छात्रा का बॉयफ्रेंड, दोस्त के फोन से मिला था आपत्तिजनक वीडियो
मुख्य आरोपी छात्रा का बॉयफ्रेंड सनी मेहता शिमला के रोड क्षेत्र में एक बेकरी चलाता है, जबकि उसका दोस्त रंकज वर्मा शिमला की एक ट्रेवल एजेंसी में काम करता है. तीनों आपस में दोस्त हैं. लेकिन आरोपी छात्रा का आपत्तिजनक वीडियो रंकज वर्मा के मोबाइल फोन से बरामद होने के बाद पुलिस भी हैरान है क्योंकि आरोपी छात्रा ने अपने वीडियो सिर्फ बॉयफ्रेंड के साथ साझा किए थे.
वहीं आरोपियों के वकील के खुलासे को लेकर फिलहाल पुलिस ने कोई टिप्पणी नहीं की है. पुलिस की तरफ से छात्र-छात्राओं को भरोसा दिलाया गया है कि अगर मोबाइल फोन से कोई वीडियो डिलीट हुआ है तो उसे रिट्रीव किया जाएगा.
7 दिन की रिमांड में क्या पूछताछ होगी?
पुलिस रिमांड के दौरान यह पता लगाने की कोशिश करेगी कि मामले की मुख्य आरोपी छात्रा ने आखिर कितने वीडियो बनाएं और किस-किस के साथ शेयर किए. क्या उसने सचमुच हॉस्टल में रह रही दूसरी छात्राओं के वीडियो भी बनाए थे, इसका खुलासा तीनों आरोपियों से जब्त किए गए मोबाइल फोन की फॉरेंसिक रिपोर्ट आने के बाद हो सकेगा.
इस मामले की जांच के लिए सरकार ने एसआईटी भी गठित की है. इसके अलावा पुलिस आरोपियों से जब्त किए गए उनके तीनों मोबाइल फोन की फॉरेंसिक जांच भी करवाएगी. मामले की जांच के लिए यूनिवर्सिटी ने भी आंतरिक जांच कमेटी गठित की है. यूनिवर्सिटी प्रबंधन ने यूनिवर्सिटी की वीमेन सेल की हेड की अध्यक्षता में 9 सदस्यीय कमेटी बनाई है.
इस कमेटी में 3 छात्र प्रतिनिधि और 6 प्रोफ़ेसर शामिल किये गए हैं. यह कमेटी पूरे घटनाक्रम की जांच करेगी और रिपोर्ट तैयार करके प्रबंधन को सौंपेगी.