scorecardresearch
 

श्रद्धा मर्डर केस: कत्ल और लाश के टुकड़े करने के बयान से मुकरा आफताब, अब क्या करेगी पुलिस?

आफताब मुकर गया कि उसी ने श्रद्धा का कत्ल किया था. वो मुकर गया कि कत्ल के बाद उसने श्रद्धा की लाश के टुकड़े किए थे. वो मुकर गया इस बात से कि बाद में उसने उन टुकडों को दिल्ली के अलग-अलग इलाकों में फेंका था. वो मुकर गया अपनी उन्हीं बातों से जो उसने पहले दिल्ली पुलिस के सामने कही थीं.

Advertisement
X
आफताब अमीन पूनावाला और श्रद्धा वॉल्कर लिवइन में साथ रहा करते थे
आफताब अमीन पूनावाला और श्रद्धा वॉल्कर लिवइन में साथ रहा करते थे

Shraddha murder case: पूरे देश को दहला देने वाले श्रद्धा मर्डर केस में वही हुआ जिसका अंदेशा था. वही हुआ जिसके बारे में कई महीने पहले हमने अपनी खबरों के जरिए आपको आगाह किया था. जी हां, गिरफ्तारी के करीब 6 महीने बाद पहली बार अदालत के सामने आफताब अमीन पूनावाला अपने गुनाह से मुकर गया. वो इस बात से मुकर गया कि उसी ने श्रद्धा का कत्ल किया था. वो मुकर गया कि कत्ल के बाद उसने श्रद्धा की लाश के टुकड़े किए थे.

Advertisement

अपने बयान से मुकर गया आफताब 

वो मुकर गया इस बात से कि बाद में उसने उन टुकडों को दिल्ली के अलग-अलग इलाकों में फेंका था. वो मुकर गया अपनी उन्हीं बातों से जो उसने पहले दिल्ली पुलिस, फिर लाई डिटेक्टर टेस्ट और फिर अदालत के सामने कही थी. तब हर बार हर जगह हर मौके पर उसने इकरार किया था कि हां, वही श्रद्धा का कातिल है. लेकिन मंगलवार को साकेत कोर्ट में जज के सामने पहली बार उसने श्रद्धा को मारने की बात से इनकार कर दिया. 

आईपीसी की धारा 302 और 201 का केस

दरअसल, मंगलवार को साकेत की कोर्ट में श्रद्धा मर्डर केस के सिलसिले में आफताब पूनावाला के खिलाफ आरोप तय होने थे. ये आरोप उस चार्जशीट के आधार पर तय होने थे, जो दिल्ली पुलिस ने 24 जनवरी को अदालत के सामने रखी थी. अदालत ने दिल्ली पुलिस की चार्जशीट को सबूतों की रौशनी में दुरुस्त करार देते हुए आफताब के खिलाफ दो धाराओं में मुकदमा चलाने की इजाजत दे दी. ये दो धाराएं हैं दफा 302 यानी कत्ल और दफा 201 यानी सबूत मिटाना. 

Advertisement

इल्जाम से किया इनकार

इस मौके पर खुद आफताब अदालत के अंदर मौजूद था. जज साहब ने जब उसे उसी के सामने उसके आरोपों की कहानी सुनाई और इन दो धाराओं में ट्रायल शुरू करने की जानकारी देते हुए आफताब से पूछा कि क्या उसे कुछ कहना है? तब आफताब ने पहली बार भरी अदालत में कहा कि वो इन इल्जामों से इनकार करता है. आफताब ने कहा कि हम इन आरोपों खारिज करते हुए ट्रायल का सामना करेंगे. ये पहला मौका था जब आफताब श्रद्धा के कत्ल की बात से मुकरा था.

किस अदालत में चलेगा ट्रायल

अब चूंकि आरोप तय हो चुके हैं, लिहाजा जल्द ही ट्रायल भी शुरू हो जाएगा. अब देखना ये होगा कि इस मुकदमे का ट्रायल रोजाना होगा, एक टाइम फेम के अंदर ट्रायल पूरा होगा या फिर जल्दी फैसले के लिए ट्रायल फास्ट टरैक कोर्ट में भेजा जाएगा? हालांकि उम्मीद यही की जा रही है कि इस मुकमदे का फैसला जल्दी होगा.

आफताब ने बयां की थी पूरी वारदात

तो अदालत में आफताब पूनावाला बेशक मुकर गया. लेकिन पहले श्रद्धा के कत्ल, कत्ल के बाद लाश के टुकडे करने, उन्हें ठिकाने लगाने और कत्ल की वजह को लेकर दिल्ली पुलिस के सामने उसने सबकुछ सिलसिलेवार तरीके से इकरार किया था. तब आफताब के अपने बयान में श्रद्धा की मौत से लेकर मौत के बाद के छह महीने तक की पूरी कहानी बयां की थी.

Advertisement

पुलिस के पास है सबूतों का पिटारा

हालांकि आफताब को भी पता था कि पुलिस हिरासत में दिए गए उसके इस बयान की अदालत में कोई अहमियत नहीं है. शायद इसीलिए जब तक वो पुलिस की हिरासत में रहा, तोते की तरह बोलता रहा. झूठ नहीं, बल्कि सच. सच इसलिए क्योंकि उसी की निशानदेही पर श्रद्धा की लाश के तमाम टुकड़े अलग-अलग जगहों से पुलिस ने बरामद किए थे. लेकिन अब जैसे ही मुकदमे की शुरुआत होने जा रही है, आफताब ने अपना रंग बदल लिया. पर कानून के जानकारों की मानें तो आफताब के मुकर जाने से भी इस केस पर कोई ज्यादा फर्क पड़नेवाला नहीं है. क्योंकि उसे उसके अंजाम तक पहुंचाने के लिए पुलिस ने सबूतों का पूरा पिटारा जमा कर रखा है. इसलिए माना जा रहा है कि इस मामले में आफताब का बचना अब मुश्किल है.


 

Advertisement
Advertisement