जम्मू-कश्मीर से धारा 370 हटाए जाने के बाद सांबा में पीएम मोदी के दौरे से पहले हुए आतंकी हमले में एनआईए चार्जशीट दायर कर दी है. इस मामले में नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी ने 12 लोगों को आरोपी बनाया है, इनमें प्रतिबंधित संगठन जैश-ए-मोहम्मद (JeM) प्रमुख मसूद अजहर समेत पांच पाकिस्तानी आतंकी शामिल हैं.
एनआईए के प्रवक्ता ने बताया कि एजेंसी ने जैश प्रमुख मौलाना मसूद अजहर और उसके 4 पाकिस्तानियों के साथ ही 2 मारे गए आतंकी और 5 कश्मीरी निवासियों को आरोपी बनाया गया है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सांबा दौरे से दो दिन पहले हुए इस हमले में एक सीआईएसएफ अधिकारी की जान चली गई थी और दो पुलिसकर्मियों समेत नौ घायल हो गए. सुरंग के जरिए सीमापार से घुसपैठ करने वाले दो पश्तो भाषी आतंकी 22 अप्रैल को मुठभेड़ में मारे गए थे.
एनआईए ने चार्जशीट में बताया कि जम्मू क्षेत्र में प्रधानमंत्री की निर्धारित यात्रा में बाधा डालने के इरादे से सांबा सेक्टर में सीमा चौकी फकीरा के अंतर्गत आने वाले क्षेत्र में इंटरनेशनल बॉर्डर पर सुरंग की खुदाई की गई थी. अधिकारी ने बताया कि सुरक्षाबलों ने आतंकवादियों की गतिविधियों को रोक दिया और जम्मू शहर के बाहरी इलाके सुंजवां इलाके में मुठभेड़ में दोनों आतंकियों को ढेर कर दिया. यह मामला 22 अप्रैल को जम्मू के बहु फोर्ट पुलिस स्टेशन में दर्ज किया गया था और उसके बाद 26 अप्रैल को एनआईए ने इसे रजिस्टर किया था.
किसके खिलाफ दायर हुई चार्जशीट
एनआईए द्वारा दायर की गई चार्जशीट में मसूद अजहर के अलावा पाकिस्तानी आतंकवादियों रऊफ असगर अल्वी उर्फ अब्दुल रऊफ असगर (बहावलपुर), मोहम्मद मुसद्दिक उर्फ डॉक्टर उर्फ अब्दुल मन्नान उर्फ वाहिद खान (सियालकोट), शाहिद लतीफ उर्फ छोटा शाहिद उर्फ नूर अल दीन (गुजरांवाला-पंजाब) और मसूद इलियास कश्मीरी उर्फ अबू मोहम्मद (पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर) के नाम हैं.
मारे जा चुके आतंकियों के नाम भी शामिल
एनआईए के अनुसार आरोप पत्र में पुलवामा निवासी शफीक अहमद शेख, आबिद मुश्ताक मीर और आसिफ अहमद शेख तथा अनंतनाग निवासी बिलाल अहमद वागा और मोहम्मद इशाक चोपन के भी नाम हैं. इस चार्जशीट में दो मारे जा चुके आतंकवादियों के नाम भी इसमें दर्ज किए गए हैं. उन्होंने कहा कि मारे गए आतंकियों के खिलाफ आरोप कमजोर हो जाते हैं.