scorecardresearch
 

Law and Order: जानिए, कोलकाता पुलिस क्यों पहनती है सफेद वर्दी, क्या है इसकी वजह?

पश्चिम बंगाल पुलिस की वर्दी तो खाकी है, लेकिन कोलकाता पुलिस की वर्दी सफेद है. जिसका इतिहास काफी पुराना है. अंग्रेजी शासनकाल के दौरान सन् 1845 में अंग्रेजों ने ही कोलकाता पुलिस का गठन किया था.

Advertisement
X
सफेद वर्दी पहनने वाली कोलकाता पुलिस का इतिहास पश्चिम बंगाल पुलिस से पुराना है
सफेद वर्दी पहनने वाली कोलकाता पुलिस का इतिहास पश्चिम बंगाल पुलिस से पुराना है
स्टोरी हाइलाइट्स
  • 1845 में हुआ था कोलकाता पुलिस का गठन
  • तभी से सफेद वर्दी पहनती है कोलकाता पुलिस
  • 1861 में वजूद में आई थी बंगाल पुलिस

भारत में पुलिस का इतिहास बहुत पुराना है. जिसमें कई रोचक बातें भी शामिल हैं. वैसे खाकी वर्दी ही पुलिस की पहचान मानी जाती है. पूरे देश में पुलिस खाकी वर्दी पहनती है. लेकिन हमारे ही देश का एक शहर है, जहां पुलिस खाकी वर्दी नहीं पहनती बल्कि सफेद वर्दी में नजर आती है. जी हां, हम बात कर रहे हैं कोलकाता पुलिस की. जो हमेशा सफेद रंग वर्दी में नजर आती है. 

Advertisement

कोलकाता पुलिस की वर्दी
पश्चिम बंगाल पुलिस की वर्दी तो खाकी है, लेकिन कोलकाता पुलिस की वर्दी सफेद है. जिसका इतिहास काफी पुराना है. अंग्रेजी शासनकाल के दौरान सन् 1845 में अंग्रेजों ने ही कोलकाता पुलिस का गठन किया था. जब कोलकाता पुलिस के गठन की तैयारी चल रही थी, तब पुलिस की वर्दी को लेकर भी सोच विचार किया जा रहा था. इसी दौरान ब्रिटिश अधिकारियों ने लंबी जद्दोजेहद के बाद ये तय किया कि कोलकाता पुलिस की वर्दी सफेद होगी और हुआ भी ऐसा ही.तभी से कोलकाता पुलिस ने सफेद वर्दी को अपना लिया. 

हालांकि पश्चिम बंगाल पुलिस खाकी वर्दी ही पहनती है. गौरतलब है कि कोलकाता पुलिस का गठन हो जाने के बाद साल 1861 में ब्रिटिश शासन ने बंगाल पुलिस की नींव रखी थी. जिससे साफ होता है कि कोलकाता पुलिस का वजूद पश्चिम बंगाल पुलिस से पुराना है.

Advertisement

इसे भी पढ़ें--- Law and Order: जानिए, कौन होते हैं पुलिस कमिश्नर, SSP से कैसे हैं अलग? 

दोबारा मिला था खाकी वर्दी का प्रस्ताव
इसी दौरान साल 1847 में ब्रिटिश हुकूमत के अहम कारिंदे सर हैरी लम्सडेन ने कोलकाता पुलिस को खाकी वर्दी पहनाने का प्रस्‍ताव दिया था. लेकिन कोलकाता पुलिस ने सर हैरी के प्रस्ताव को ठुकरा दिया था. कोलकाता पुलिस ने इस जवाब के साथ खाकी वर्दी को नकारने की वजह भी बताई. 

वजह ये थी कि कोलकाता एक तटीय इलाका है. जिस वजह से वहां वातावरण काफी नम है. ऐसे में अंग्रेज अफसरों ने वैज्ञानिक दृष्टिकोण अपनाया, जिसमें मौसम के लिहाज़ से सफेद रंग को ही ज्यादा बेहतर माना गया था. कोलाकाता पुलिस के इस जवाब को तर्कपूर्ण माना गया और सफेद वर्दी ही कोलकाता पुलिस की पहचान बन गई.

 

Advertisement
Advertisement