उत्तर प्रदेश के बाराबंकी में बहुचर्चित एंबुलेंस कांड में बाहुबली मुख्तार अंसारी और उनके 13 साथियों पर गैंगस्टर एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है. योगी 2.0 सरकार आने के बाद से बाहुबली मुख्तार अंसारी के खिलाफ कार्रवाई में और तेजी आ गई है.
पूर्व विधायक मुख्तार अंसारी के सहयोगियों पर गैंगस्टर एक्ट के तहत केस दर्ज किए जाने के बाद बाराबंकी में उसके खिलाफ यह दूसरा मुकदमा है.
गैंगस्टर एक्ट के तहत दर्ज किए गए केस में मऊ, गाजीपुर, लखनऊ और प्रयागराज के 13 लोगों को नामजद किया गया है. बता दें कि एंबुलेंस कांड के ये सभी आरोपी पहले ही जेल भेजे जा चुके हैं.
गाजीपुर जिले के मोहम्मदाबाद के यूसुफपुर के मूल निवासी और मऊ के पूर्व विधायक मुख्तार अंसारी पर यह मुकदमा नगर कोतवाल सुरेश पांडेय ने दर्ज कराया है.
आरोपियों में मऊ जिले के श्याम संजीवनी अस्पताल एंड रिसर्च सेंटर की संचालिका डॉ. अलका राय, डा. शेषनाथ राय, अहिरौली के राजनाथ यादव, सरवां के आनंद यादव, गाजीपुर जिले के मोहम्मदाबाद के सुरेंद्र शर्मा, सैदपुर के मो. शाहिद, फिरोज कुरैशी, अफरोज उर्फ चुन्नू, जफर उर्फ चंदा, सलीम, सदियापुर के मो. सुहैब मुजाहिद और लखनऊ के मो. जाफरी उर्फ शाहिद शामिल हैं.
पंजाब जेल से कोर्ट जाने के लिए मुख्तार अंसारी निजी एंबुलेंस यूपी 41 एटी 7171 प्रयोग करता था. यह एंबुलेंस बाराबंकी एआरटीओ में 21 मार्च 2013 में पंजीकृत कराई गई थी.
31 मार्च 2021 को मामला चर्चा में आने पर कोतवाली नगर पुलिस ने दो दिन बाद मऊ के श्याम संजीवनी अस्पताल की संचालिका डॉ. अलका राय के खिलाफ जालसाजी का मुकदमा दर्ज किया था.
ये भी पढ़ें: