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मूसेवाला मर्डर केस: विदेशों में भी एक्शन शुरू, अजरबैजान में पकड़ा गया गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई का भांजा सचिन

विदेश में बैठकर बिश्नोई गैंग चलाने वाला और गैंग्स्टर लॉरेंस बिश्नोई का भांजा सचिन बिश्नोई अजरबैजान में हिरासत में लिया गया है. सिद्धू मूसेवाला की हत्या के बाद से ही जांच एजेंसी को उसकी तलाश थी. सचिन बिश्नोई ने अपने दोस्त केकड़ा को सिद्धू मूसेवाला की रेकी करने के लिए भेजा था. इसके बाद ही हत्या को अंजाम दिया गया था.

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सिद्धू मूसेवाला (File Photo)
सिद्धू मूसेवाला (File Photo)

सिद्धू मूसेवाला मर्डर केस में अब विदेशों में भी एक्शन शुरू हो गया है. गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई के भांजे सचिन बिश्नोई को अजरबैजान में हिरासत में लिया गया है. सचिन बिश्नोई लॉरेंस की गैंग को बाहर से ऑपरेट करता है.

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जांच एजेंसियों का दावा है कि सिद्धू मूसेवाला की हत्या में सचिन की भी भूमिका है. बिश्नोई गैंग के मूसेवाला की हत्या को अंजाम देने की जानकारी सचिन बिश्नोई को भी थी. जांच एजेंसी सचिन को हत्याकांड का मास्टरमाइंड भी बताती आई है.

जानकारी के मुताबिक सचिन के पास से फर्जी पासपोर्ट भी बरामद किया गया है. सचिन अपना पूरा नाम सचिन थापन लिखता है, जबकि उसके पास से तिलक राज टूटेजा के नाम का पासपोर्ट बरामद किया गया है. सचिन के पिता का असली नाम शिव दत्त है, जबकि फर्जी पासपोर्ट में उसके पिता का नाम भीम सेन लिखा हुआ है.

इतना ही नहीं उसने अपने पासपोर्ट में पता भी फर्जी डाला हुआ है. उसका असली पता वीपीओ दतारियां वाली , जिला फजिल्का है. जबकि उसने फर्जी पासपोर्ट में पता मकान नंबर 330, ब्लॉक एफ-3, संगम विहार, दिल्ली दर्ज है.

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इससे पहले पुलिस ने दावा किया था कि सचिन के कहने पर ही उसके दोस्त संदीप उर्फ केकड़ा ने सिद्धू मूसेवाला की रेकी की थी. घटना वाले दिन केकड़ा सिद्धू मूसेवाला का फैन बनकर उनके घर पहुंचा.

केकड़ा ने बाहर मूसेवाला के साथ सेल्फी ली थी और काफी देर डटा रहा था. जैसे ही मूसेवाला बाहर निकले तो केकड़ा ने फिर सारी जानकारी आगे शूटरों को दे दी थी. उसके बाद शूटरों ने मूसेवाला को घेरने की योजना बना ली और मौका मिलते ही ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी थी.

अमेरिका

बता दें कि इस घटना का मास्टरमांड कनाडा में बैठा गोल्डी बराड़ बताया गया था. गोल्डी जेल में बंद कुख्यात गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई का बेहद करीबी है. इन्होंने अपने दोस्त विक्की मिद्दूखेड़ा की मौत का बदला लेने के लिए इस हत्याकांड को अंजाम दिया था.

बता दें कि 29 मई को सिद्धू मूसेवाला की हत्या कर दी गई थी. उन्हें सरेआम गोलियों से भूना गया था जिस वजह से उन्होंने मौके पर ही दम तोड़ दिया था. गोल्डी बराड़ ने लॉरेंस बिश्नोई के साथ मिलकर मूसेवाला की हत्या की पूरी प्लानिंग की और फिर अपने शूटरों के जरिए हत्या को अंजाम दिया था.

हाल ही में गोल्डी बराड़ की दुश्मन गैंग का एक गैंगस्टर फिलीपींस में मारा गया था. मारे गए गैंगस्टर का नाम संदीप था, जो बमबीहा गैंग के लिए काम करता था. जानकारी के लिए बता दें कि बमबीहा और गोल्डी बराड़ गैंग के बीच लंबे समय से दुश्मनी चल रही है. दोनों ही गैंग के कई सदस्य इस गैंगवॉर की वजह से अपनी जान गंवा चुके हैं. पंजाब का रहने वाला मंदीप भी इसी गैंगवार की वजह से दुनिया को अलविदा कह गया था.

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