हरियाणा में मेवात इलाके में एक पंचायत का अजीबो-गरीब फरमान सामने आया है. यहां एक युवक को पड़ोसी गांव की युवती से प्रेम करने पर 5 जूते मारने की सजा दी गई. इसके अलावा 80 हजार रुपये का जुर्माना लगाया. इतना ही नहीं युवक से कहा गया कि यदि भविष्य में वह युवती से मिला तो उस पर 51 लाख रुपये का जुर्माना लगाया जाएगा.
जानकारी के मुताबिक, मेवात के पुन्हाना गांव का रहने वाला युवक पड़ोसी गांव की युवती के साथ घर से भाग गया था. इसके बाद दोनों पक्षों में जमकर कहासुनी और लड़ाई हुई. लड़की वालों ने लड़के वालों पर दबाव बनाकर प्रेमी जोड़े को वापस बुला लिया. दोनों गांवों के प्रमुख लोगों के साथ मंगलवार को पंचायत हुई, जिसे अजीबो-गरीब फैसला सुनाया गया.
फैसला सुनाने से पहले दोनों पक्षों से पंचायत ने 80-80 हजार रुपये बतौर सिक्योरिटी जमा करा लिए, ताकि उनके फैसले से कोई मुकर ना सके. इसके बाद पंचायत का तुगलकी फरमान आया कि भरी सभा में प्रेमी के उपर जूते बरसाए जाएं. इसके बाद उनकी सिक्योरिटी मनी जब्त कर ली गई. प्रेमी को प्रेमिका से न मिलने की हिदायत दी गई.
इसी बीच देश की सर्वोच्च अदालत सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि बालिग लड़के या लड़की को अपनी इच्छा से शादी करने का अधिकार है. कोई व्यक्ति, खाप पंचायत या समाज इस पर सवाल नहीं उठा सकता है. कोर्ट ने अंतरजातीय विवाह करने वाले प्रेमी जोड़ों को खाप पंचायतों या कुछ लोगों द्वारा उनकी हत्या करने संबंधी घटनाओं को लेकर यह टिप्पणी की है.
केंद्र सरकार के रवैये पर सवाल उठाते हुए चीफ जस्टिस दीपक मिश्रा, जस्टिस एएम खानविलकर और डीवाई चंद्रचूड़ की बेंच ने कहा कि यदि सरकार प्रेमी जोड़ों की सुरक्षा के लिए कानून नहीं बना सकती तो कोर्ट इस मामले में नियम व दिशा-निर्देश तय करेगी. कोर्ट ने केंद्र सरकार को दो सप्ताह के भीतर जवाब दायर करने को कहा है.