मध्य प्रदेश में एक पत्रकार पर रेप के लिए प्रेरित करने सहित कई गंभीर धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है. राज्य के गृहमंत्री भूपेंद्र सिंह ने गैंगरेप पीड़िता को पद्मावती पुरस्कार देने का विचार व्यक्त किया था, जिस पर आरोपी पत्रकार ने कटाक्ष किया था. इसके बाद उसके खिलाफ केस दर्ज किया गया है.
नीमच के वरिष्ठ पत्रकार जिनेंद्र सुराना ने गृहमंत्री भूपेंद्र सिंह द्वारा भोपाल की गैंगरेप पीड़िता को पद्मावती पुरस्कार देने के संदर्भ में की गई टिप्पणी पर अपनी फेसबुक वाल पर लिखा, 'मध्य प्रदेश में रेप करवाओ और पद्मावती अवार्ड पाओ. सरकार की नई घोषणा.' इस पोस्ट पर कई लोगों के अलग-अलद कमेंट आए.
पुलिस उप महानिरीक्षक (डीआईजी) एके पांडे ने रविवार को बताया कि जिनेंद्र सुराना की यह पोस्ट काफी भद्दी और दूसरों को रेप के लिए प्रेरित करने वाली है. लिहाजा इसे स्वत: संज्ञान में लेते हुए पुलिस ने कोतवाली थाने में प्रकरण दर्ज कर लिया है. इस मामले की जांच की जा रही है. इसके बाद कार्रवाई की जाएगी.
आरोपी सुराना का कहना है कि गृहमंत्री के बयान के आधार पर उन्होंने कटाक्ष के तौर पर अपनी फेसबुक वॉल पर यह कमेंट लिखा था. पुलिस ने उसके मंतव्य को समझे बिना ही इस मामले केस दर्ज कर लिया. वह 10 वर्ष तक नीमच के ब्यूरो चीफ रहे हैं. यदि व्यंग्य को अपराध बनाया जाएगा तो लोग अपनी बात कहना ही भूल जाएंगे.
बताते चलें कि फिल्म पद्मावती को मध्य प्रदेश में बैन करने की घोषणा करने के बाद अब सूबे की सरकार रानी पद्मावती के नाम पर अवॉर्ड देने की तैयारी कर रही है. इस नए सम्मान का नाम 'राष्ट्रमाता पद्मावती अवॉर्ड' रखा गया है. बताया जा रहा है कि भोपाल गैंगरेप पीड़िता को सबसे पहले ये अवॉर्ड देने की तैयारी है.
यूपीएससी की तैयारी कर रही 19 वर्षीय छात्रा के साथ 31 अक्टूबर को गैंगरेप हुआ था. पीड़िता कोचिंग क्लास के बाद हबीबगंज स्टेशन की तरफ पैदल जा रही थी. तभी कुछ बदमाशों ने उसका रास्ता रोक लिया. उसका मुंह दबाकर उसे एक छोटी पुलिया के नीचे झाड़ियों में ले गए. वहां उसे हवस का शिकार बनाया था.