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एंटी रोमियो स्क्वॉयड के बावजूद यूपी के इस शहर में जारी है छेड़खानी!

यूपी की नई सरकार ने भले ही महिला सुरक्षा को लेकर एंटी रोमियो स्क्वॉयड बनाने का काम किया है, लेकिन गाजियाबाद के एक स्कूल में पढने वाली 17 वर्षीय छात्रा छेड़खानी को रोकने के लिए कानून से गुहार लगा रही है. मगर पुलिस कार्रवाई करने के बजाय आंखों पर पट्टी बांधे बैठी है.

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पीड़ित छात्रा को अब पुलिस से मदद की उम्मीद जगी है
पीड़ित छात्रा को अब पुलिस से मदद की उम्मीद जगी है

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यूपी की नई सरकार ने भले ही महिला सुरक्षा को लेकर एंटी रोमियो स्क्वॉयड बनाने का काम किया है, लेकिन गाजियाबाद के एक स्कूल में पढने वाली 17 वर्षीय छात्रा छेड़खानी को रोकने के लिए कानून से गुहार लगा रही है. मगर पुलिस कार्रवाई करने के बजाय आंखों पर पट्टी बांधे बैठी है.

विजय नगर के एक स्कूल में पढने वाली ये छात्रा आए दिन होने वाली छेड़खानी से तंग आ चुकी है. उस छात्रा का कहना है कि सड़क पर बहुत ज्यादा बदतमीजी हो रही है. कमेंट पास किए जाते हैं. उन शरारती तत्वों के मन में जो आता है, वो करते हैं, लेकिन लड़कियों की सुनने वाला कोई नहीं है.

विजय नगर के जिस स्कूल में पीड़ित छात्रा पढ़ती है, वह थाना से चंद कदमों की दूरी पर है. लेकिन छेड़छाड़ करने वालों को न तो किसी का डर और न ही कोई फिक्र. हालांकि सरकार बदलने के साथ कुछ इलाकों की पुलिस हरकत में आ गई है. थाना इंद्रापुरम पुलिस ने बुधवार को छेड़खानी के आरोप में करीब दस लड़कों को गिरफ्तार कर लिया था.

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इसके साथ ही कई लड़कों को चेतावनी देकर छोड़ा गया था, लिहाजा अगले दिन यानी गुरुवार को चेतावनी का असर भी दिखाई दिया. जब पुलिस की टीम सड़क पर निकली तो उन्हें रोड रोमियो नजर नहीं आए. जब पुलिस सड़क पर निकली है तो गाज कईयों पर गिरनी ही थी, लिहाजा सड़क पर दुकान लगाए बैठे लोगों को भी पुलिस ने चलता कर दिया.

गाजियाबाद के कवि नगर थाना प्रभारी ने तो बकायद एक यूनिट बना दी है. जिसमें तीन महिला पुलिसकर्मी और दो सब इन्स्पेक्टर हैं. ये लोग पूरे इलाके में चक्कर लगाते रहते हैं. जहां भी कोई संदिग्ध दिखा, उसकी तलाशी लेने और पूछताछ करने के बाद ही उसे छोड़ते हैं.

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