उत्तर प्रदेश के गौतमबुद्ध नगर जिले के दनकौर क्षेत्र में मंगलवार को हत्या कर फेंकी गई युवती के शव मामले की गुत्थी सुलझाते हुए पुलिस ने बुधवार को मृतका के पिता, चाचा और ड्राइवर को गिरफ्तार कर लिया है. पुलिस का दावा है कि पिता और चाचा ने मृतका के प्रेम संबंधों के विरोध में अपनी झूठी शान में बेटी की हत्या कर दी.
हत्या के बाग गांव के चालक की मदद से शव को दनकौर लाकर फेंक दिया. मृतका के पिता अधिवक्ता हैं. एसएचओ फरमूद अली पुंडीर ने बुधवार को बताया कि महमूदपुर गांव के पास मंगलवार सुबह एक युवती की लाश मिली थी. ऐसा प्रतीत हो रहा था कि युवती की हत्या कर शव ठिकाने लगाया गया है. जांच के बाद मृतका की पहचान हुई.
युवती की पहचान बुलंदशहर जिले के रहने वाले ओमवीर सिंह एडवोकेट की बेटी ज्योति के रूप में हुई. पुलिस ने जब जांच की तो मृतका के घर वालों की भूमिका संदिग्ध प्रतीत हुई. पूछताछ में संतोषजनक जवाब न मिलने पर पुलिस ने युवती के पिता और चाचा को हिरासत में ले लिया. इसके बाद पिता पुलिस के सामने सारी सच्चाई उगल दी.
आरोपियों के मुताबिक, युवती का प्रेम प्रसंग किसी युवक से चल रहा था. पिता ओमवीर सिंह और चाचा करनपाल उर्फ कालिया ने बताया कि वे अपनी बच्ची को प्रेम संबंध तोड़ने के लिए बार-बार बोल रहे थे, लेकिन वह सुन नहीं रही थी. बदनामी के डर से पिता-चाचा ने मिलकर अपनी ही बेटी की हत्या कर दी. शव को दनकौर थाना क्षेत्र में फेंक दिया.
पुलिस के अनुसार, इसमें उन्होंने गांव के ही भूदेव उर्फ भोले की भी सहायता ली. भूदेव की वैगनआर कार पर उन्होंने ज्योति का शव दनकौर क्षेत्र में लाकर फेंक दिया. इस मामले में आरोपी पिता ओमवीर सिंह, चाचा करनपाल और भूदेव को गिरफ्तार कर लिया गया है. हत्या में प्रयुक्त रस्सी और कार बरामद कर ली गई है. इस मामले की जांच जारी है.