मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल में पुलिस की सतर्कता से एक महिला और उसकी बच्ची की जान बच गई. दरअसल एक महिला अपने पति से अनबन के चलते आत्महत्या करने जा रही थी. और उसने खुद के साथ-साथ अपनी बेटी के गले में भी फांसी का फंदा डाल दिया था. लेकिन पुलिस के जवानों ने दरवाजा तोड़ महिला को ऐसा करने से रोक दिया.
दरअसल 22-23 फरवरी की दरमियानी रात छोला पुलिस स्टेशन को सूचना मिली कि एक महिला ने अपने घर के गेट को अंदर से बंद कर लिया है और फांसी लगा रही है. सूचना मिलते ही डायल-100 में लगे स्टाफ कांस्टेबल पवन, कांस्टेबल देवेंद्र और पायलट अजीम खान को इसकी जानकारी दी गई. डायल 100 स्टाफ जब घर पर पहुंचा तो पाया कि महिला ने साड़ी से फांसी का फंदा बनाकर खुद के और बेटी के गले में डाल दिया था.
महिला ने जब देखा कि बाहर पुलिस पहुंच गई है तो वह और तेजी से गांठ बांधने लगी. इसी दौरान डायल हंड्रेड स्टाफ ने लोगों की मदद से दरवाजा तोड़ा और फांसी के फंदे पर झूल रही महिला और उसकी बेटी को बचा लिया. इस दौरान पहले तो महिला और उसकी बेटी को लोगों ने पकड़ा और डायल हंड्रेड स्टाफ ने पंखे से लटक रही साड़ी को काटकर अलग किया.
महिला ने पुलिस को बताया कि बीते कई महीनों से उसकी और पति के बीच अनबन चल रही है जिस से आहत होकर उसने यह कदम उठाया था. उसके जाने के बाद बेटी को परेशानी ना हो, इसलिए उसके गले में साड़ी से फांसी का फंदा बना दिया था. फिलहाल महिला और उसके पति की काउंसलिंग करवाई जा रही है, ताकि फिर से वह इस तरह का घातक कदम ना उठाए.