छत्तीसगढ़ के बलरामपुर जिले में दबंगों द्वारा एक नाबालिक लड़के पर चोरी का आरोप लगाकर उसके साथ जमकर हैवानियत की गई. पहले तो उसे मारापीटा गया, फिर उसके सीने और पीठ पर 'मैं चोर हूं' लिखकर सिर गंजा करा दिया गया. इसके बाद उसकी मूंछे काटकर नाली का गंदा पानी पिलाया. इसके बाद उनका जी नहीं भरा तो पूरे इलाके में घुमाया गया. इस मामले की शिकायत के बाद पुलिस ने केस दर्ज करके एक आरोपी गिरफ्तार किया है. चार अन्य आरोपियों की तलाश की जा रही है.
जानकारी के मुताबिक, ये वारदात जिले के परसडीहा इलाके की है. पीड़ित मुकेश अंबिकापुर के सरकारी अस्पताल में दर्द से कराह रहा है. उसके पुरे शरीर में चोट के निशान साफ तौर पर झलक रहे हैं. दर्द तो वो जैसे-तैसे सह रहा है, लेकिन उसके बाल मन में जो घाव बना है, वो उसे कई वर्षों तक तकलीफ देता रहेगा. मुकेश ने बताया कि उसने कोई चोरी नहीं की है. उस पर झूठा इल्जाम लगाया गया. अस्पताल में उसका हालचाल जानने और बयान दर्ज करने पहुंची पुलिस को उसने अपनी आपबीती सुनाई.
पार कर दी हैवानियत की हद
उसके मुताबिक, वह बेहद गरीब परिवार का है. अपनी मौसी के यहां रहकर स्थानीय होटल में काम करता है. होटल के संचालक और उसके साथियों ने उस पर चोरी का इल्जाम लगाया और उसे एक कमरे में बंद कर दिया. इस बंद कमरे में करीब तीन घंटे तक उसकी जमकर पिटाई की गई. पिटाई के दौरन वो दो बार बेहोश भी हुआ. होश आने पर जब उसने पानी मांगा तो दबंगों ने नाली का गंदा पानी उसके मुंह में डाल दिया. उसने अपने साथ ज्यादती करने वाले चार दबंगों के नाम पुलिस को बताए हैं.
वो पिटता रहा, लोग देखते रहे
सरगुजा रेंज के ASP राम कृष्ण साहू के मुताबिक, पीड़ित लड़के के बयान के आधार पर चार आरोपियों के खिलाफ नामजद रिपोर्ट दर्ज की गई है. पुलिस ने एक को हिरासत में ले लिया है. बाकी आरोपी फिलहाल फरार बताए जा रहे हैं. वहीं, इस घटना के दौरान लोगों की बेरुखी भी सामने आई है. सारी ज्यादती सामने होते देखकर भी लोगों ने इस बारे में पुलिस को सूचित नहीं किया. बाद में परिजनों को पता चला तो वे अधमरी हालत में मुकेश को अस्पातल में दाखिल कराकर पुलिस को सूचना दिए.