राजस्थान के अलवर जिले में गौ तस्करों से पुलिस की मुठभेड़ हो गई. इस दौरान पुलिस ने तस्करों के कब्जे से कुल 60 गाय मुक्त कराई हैं. इस संबंध में पुलिस ने बावरिया जाति के तीन लोगों समेत चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है. इस दौरान गौ तस्करों ने पुलिस के वाहन को भी क्षतिग्रस्त कर दिया.
अलवर की खेरली थाना पुलिस को सुबह 5 बजे मुखबिर से सूचना मिली कि गौ तस्कर ट्रक में गायों को भरकर ले जा रहे हैं. पुलिस ने ट्रक की घेराबंदी कर ली. गौ तस्करों ने पहले पुलिस की गाड़ी को टक्कर मारी और फिर ट्रक को भगा कर ले जाने की कोशिश की. पुलिस ने पीछा किया तो गौ तस्करों ने फायरिंग शुरू कर दी. पुलिस ने भी जवाब में फायर खोल दिए.
कुछ देर बाद पुलिस ने गौ तस्करों धरदबोचा. कड़ाई से पूछताछ करने पर तस्करों ने बताया कि कटहेडा के जंगलों में गायों को वाहनों में भरा जा रहा है. पुलिस ने तत्काल उस स्थान पर छापा मारकर गाय बरामद कर लीं. गौ तस्करों के कब्जे से कुल 60 गाय छुड़ाई गई हैं.
थानाधिकारी हितेश शर्मा ने बताया कि एक गौ तस्कर के पास से देसी कट्टा और कारतूस भी बरामद किए गए हैं. गौ तस्करों ने पुलिस को बताया कि कटहेड़ा के जंगल मे बावरिया जाति के लोग गायों को बांध कर रखते हैं और गौ तस्करी में उनकी मदद करते हैं.
बदले में गौ तस्कर हर ट्रक पर उन्हें 10 से 12 हजार रुपये देते थे. हिंदू होने की वजह से बावरिया जाति के लोगों पर कोई शक भी नहीं करता. पुलिस ने कुल मिलाकर चार तस्करों को पकड़ा है, जिनमें बावरिया जाति के तीन लोग शामिल हैं. पुलिस के मुताबिक पकड़े गए गौ तस्करों के ख़िलाफ पहले से गौ तस्करी के 5 मुकदमें दर्ज हैं.