सितंबर 2024 में भारतीय सेना को नए टैंक मिलने वाले हैं. चेन्नई में मौजूद हैवी व्हीकल फैक्ट्री जल्द ही 18 Arjun Mk-1A टैंक देने वाली है. सारे टैंक मिलने में तीन साल और लगेंगे. नया अर्जुन टैंक अपने पुराने वर्जन से ज्यादा बेहतर, आधुनिक, खतरनाक और मारक है. (फोटोः DRDO)
इस टैंक में कंप्यूटर कंट्रोल्ड फायर कंट्रोल सिस्टम है. यानी दिन हो या रात हो, इस टैंक से टारगेट पर सटीक निशाना लगाना आसान होगा. कमांडर के 360 डिग्री व्यू होगा ताकि वह युद्ध के मैदान में चारों तरफ देख सके. इसके अलावा इस टैंक में ऑटोमैटिक टारगेट ट्रैकर लगा होगा, ताकि टारगेट को ट्रैक करना आसान हो जाए. (फोटोः DRDO)
सही ट्रैकिंग से निशाना सही तरीके से लगता है. इसके अलावा इसमें रिमोट कंट्रोल्ड वेपन स्टेशन है जो टैंक को नजदीक के टारगेट्स को खत्म करने में मदद करेगा. इसके लिए टैंक के अंदर बैठे क्रू को सामने आने की जरूरत नहीं होगी. इसके अलावा इसमें बैरल यानी नली के मूवमेंट को सुधारा गया है. (फोटोः DRDO)
यह टैंक 68 टन का है. इसकी लंबाई 10.64 मीटर है. चौड़ाई 10.64 मीटर है. ऊंचाई 9.2 फीट है. इसमें चार क्रू बैठते हैं. एक कमांडर, एक गनर, एक लोडर और एक ड्राइवर. इसमें ERA-NERA, Kanchan कवच लगा है, जिसके बारे में सरकार ने कभी खुलासा नहीं किया है. (फोटोः Reuters)
यह टैंक 68 टन का है. इसकी लंबाई 10.64 मीटर है. चौड़ाई 10.64 मीटर है. ऊंचाई 9.2 फीट है. इसमें चार क्रू बैठते हैं. एक कमांडर, एक गनर, एक लोडर और एक ड्राइवर. इसमें ERA-NERA, Kanchan कवच लगा है, जिसके बारे में सरकार ने कभी खुलासा नहीं किया है. (फोटोः DRDO)
इसके अलावा टैंक के ऊपर एक 12.7 मिलिमीटर की NSV मशीन गन होती है. साथ में MAG 7.62 Tk715 कोएक्सियल मशीन गन होती है. साथ में 12 स्मोक ग्रैनेड होते हैं. इसका इंजन इस टैंक को 1400 हॉर्सपॉवर की ताकत देता है. टैंक का ग्राउंड क्लियरेंस 1.6 फीट है. (फोटोः India Today)