scorecardresearch
 

नर्सरी एडमिशन: पहले आओ, पहले पाओ की तर्ज पर

राजधानी के कई बड़े प्राइवेट स्कूलों ने नर्सरी दाखिले के लिए जो क्राइटेरिया बनाया है, वह न सिर्फ शिक्षा निदेशालय की गाइडलाइन बल्कि गांगुली कमेटी की सिफारिशों का भी उल्लंघन है.

Advertisement
X
Nursery Admission
Nursery Admission

Advertisement

नर्सरी एडमिशन के लिए राजधानी के स्कूल इस बार पहले आओ, पहले पाओ की शर्त रख रहे हैं. बच्चों के एडमिशन के लिए कई स्कूलों ने यह शर्त रखी है कि जो पहले आएगा, वह ज्यादा नंबर हासिल कर दाखिले का दावेदार बनेगा. इतना ही नहीं राजधानी के कई बड़े प्राइवेट स्कूलों ने नर्सरी दाखिले के लिए जो और नियम बनाए हैं, वे न सिर्फ शिक्षा निदेशालय की गाइडलाइन बल्क‍ि गांगुली कमेटी की सिफारिशों का भी उल्लंघन हैं.

नर्सरी दाखिले के लिए अभिभावकों को फर्स्ट कम फर्स्ट सर्व जैसे लुभावने ऑफर्स भी प्राइवेट स्कूलों में मिल रहे हैं. पहले तो अभिभावकों को नंबर सिस्टम की माथापच्ची से दो-चार होना पड़ता था. लेकिन अब दिल्ली के कुछ प्राइवेट स्कूलों ने दाखिले की प्रक्रिया को पहले आओ-पहले पाओ के आधार पर तय कर दिया है. पश्चिमी दिल्ली के भारती मॉडल स्कूल ने तो पूरे 100 पॉइंट सिर्फ इसी नियम के आधार पर ही फिक्स कर दिए हैं.

Advertisement

इस रेस में दिल्ली इंटरनेशनल हैप्पी स्कूल भी शामिल है. वहीं शालीमार पब्लिक स्कूल और एम्ब्रोसिया पब्लिक स्कूल ने भी फर्स्ट कम फर्स्ट सर्व को 10-10 पॉइंट दिए हैं.

दिल्ली में कई प्रावेइट स्कूल ऐसे भी हैं, जिन्होंने अभिभावकों के प्रफेशन और क्वालिफिकेशन की जानकारी भी एडमिशन फॉर्म में मांगी है. कुछ स्कूलों ने इसे क्राइटेरिया बनाकर नंबर भी दिए हैं.

हालांकि अभी तक करीब 800 स्कूलों ने अपनी वेबसाइट पर दाखिले के लिए जरूरी क्राइटेरिया अपलोड नहीं किया है. इन स्कूलों में सरदार वल्लभ भाई पटेल, रघुबीर सिंह मॉडल स्कूल, श्री राम स्कूल जैसे कई नामी स्कूल शामिल हैं. दाखिले एक जनवरी से शुरू होने हैं, लिहाजा अभिभावक बेसब्री से गाइडलाइन का इंतजार कर रहे हैं. वहीं कई स्कूलों का पॉइंट सिस्टम अपलोड नहीं हुआ है.

बहरहाल दाखिला एक जनवरी से शुरू होना है, और ऐसे में अभी भी कई स्कूल क्राइटेरिया फाइनल करने में लगे हैं, तो कुछ स्कूलों ने क्राइटेरिया में फर्स्ट कम फर्स्ट सर्व जैसे प्वाइंट रखकर शिक्षा निदेशालय की गाइडलाइन की अनदेखी की है. अब देखना होगा कि ऐसे स्कूलों के खिलाफ दिल्ली सरकार क्या एक्शन लेती हैं.

Advertisement
Advertisement