ज्योति बसु को भारत का राजनीतिक इतिहास एक ऐसे राजनेता के तौर पर याद करता है जिसने कई दशकों तक पश्चिम बंगाल राज्य की सत्ता संभाली. लोग जिनकी राजनीतिक प्रतिबद्धता की कसमें खाया करते थे. जिसे पोलित ब्यूरो के सदस्यों ने एक दौर में भारत का प्रधानमंत्री नहीं बनने दिया. वे साल 1914 में 8 जुलई के रोज ही पैदा हुए थे.
1. वे साल 1977 से 2000 तक बंगाल के मुख्यमंत्री पद पर काबिज रहे.
2. वे लंदन के मिडल टेंपल कॉलेज से बैरिस्टर की पढ़ाई पूरी कर 1940 में भारत लौटे थे.
3. वे लंदन मजलिस के सदस्य थे और उन्होंने वहां आजादी की लड़ाई लड़ने वाले भारतीय युवाओं का संगठन बनाया.
4. वे पोलित ब्यूरो के शुरुआती नौ सदस्यों में से एक थे.