हरियाणा में आम आदमी पार्टी को बड़ा झटका लगा है. विधानसभा चुनाव में पार्टी खाता भी नहीं खोल सकी. वहीं राज्य इकाई के वरिष्ठ उपाध्यक्ष अनुराग ढांडा को भी बड़ी हार का सामना करना पड़ा. दिल्ली और पंजाब में सरकार चलाने वाली आप को इस साल की शुरुआत में हुए लोकसभा चुनावों में कोई चुनावी सफलता नहीं मिली थी. आलम ये रहा कि पार्टी के अधिकांश प्रत्याशी 1000 वोट का आंकड़ा भी नहीं छू सके. पार्टी ने 90 विधानसभा सीटों में से 89 पर चुनाव लड़ा था. कोसली सीट से पार्टी ने उम्मीदवार नहीं उतारा था.
बता दें कि अपने चुनाव प्रचार के दौरान पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने कहा था कि अगर वह तीन-चार महीने पहले जेल से रिहा हो जाते, तो चुनाव के बाद उनकी पार्टी राज्य में अपनी सरकार बना लेती. पार्टी ने केजरीवाल को 'हरियाणा का लाल' के रूप में पेश किया और उनके नाम पर वोट मांगे. पार्टी ने घरेलू उपभोक्ताओं के लिए मुफ्त और चौबीसों घंटे बिजली, सरकारी स्कूलों और अस्पतालों का कायाकल्प, मुफ्त और अच्छी शिक्षा, मोहल्ला क्लीनिक की स्थापना और महिलाओं को हर महीने 1,000 रुपये देने सहित कई "गारंटियों" की घोषणा की थी. बावजूद इसके पार्टी कुछ खास नहीं कर सकी.
प्रमुख सीटों पर ऐसा रहा AAP उम्मीदवारों का हाल-
-आदमपुर विधानसभा सीट से आम आदमी पार्टी के उम्मीदवार भूपेन्द्र बेनीवाल को 1629 वोट मिले.
-अंबाला कैंट विधान सभा सीट से आम आदमी पार्टी की उम्मीदवार राज कौर गिल को सिर्फ 524 वोट मिले.
-केतन शर्मा अंबाला सिटी सीट से आम आदमी पार्टी के उम्मीदवार को 1492 वोट मिले.
-अमनदीप सिंह जुंडला असंध से आम आदमी पार्टी के उम्मीदवार को केवल 4281 वोट मिले.
-अटेली से आम आदमी पार्टी के उम्मीदवार सुनील राव पीछे चल रहे हैं, उन्हें केवल 209 वोट मिले हैं.
-राकेश चंदवास बड़हरा विधानसभा सीट से आम आदमी पार्टी के उम्मीदवार पीछे चल रहे हैं, उन्हें केवल 1195 वोट मिले हैं.
- बड़खल विधानसभा सीट से आप प्रत्याशी ओम प्रकाश वर्मा पीछे चल रहे हैं, उन्हें सिर्फ 1681 वोट मिले हैं.
-बादली विधानसभा सीट से आप प्रत्याशी हरपाल सिंह पीछे चल रहे हैं, उन्हें सिर्फ 601 वोट मिले हैं.
-बादशाहपुर विधानसभा सीट से आप प्रत्याशी बीर सिंह बीरू सरपंच को सिर्फ 12943 वोट मिले.
-बहादुरगढ़ विधान सभा सीट से आप प्रत्याशी कुलदीप सिंह छिकारा पीछे चल रहे हैं, उन्हें सिर्फ 966 वोट मिले हैं.
-बल्लभगढ़ विधानसभा सीट से आप प्रत्याशी रवींद्र फौजदार पीछे चल रहे हैं, उन्हें सिर्फ 6634 वोट मिले हैं.
-बरोदा विधानसभा सीट से आप उम्मीदवार संदीप मलिक हार गए, उन्हें सिर्फ 1286 वोट मिले.
-बरवाला विधानसभा सीट से आप प्रत्याशी प्रो. छत्तरपाल सिंह हार गये. उन्हें 2543 वोट मिले.
-बावल विधानसभा सीट से आप प्रत्याशी जवाहर लाल पीछे चल रहे हैं, उन्हें सिर्फ 563 वोट मिले हैं.
-बवानी खेड़ा सीट पर आप प्रत्याशी धर्मबीर पीछे चल रहे हैं, उन्हें सिर्फ 646 वोट मिले हैं.
-बेरी विधानसभा सीट से आप प्रत्याशी सोनू पीछे चल रहे हैं. उन्हें सिर्फ 1682 वोट मिले.
-भिवानी विधानसभा सीट से आप उम्मीदवार इंदु हार गईं. उन्हें 17573 वोट मिले.
-दादरी विधानसभा सीट से आप प्रत्याशी धनराज सिंह सिंह हार गए, उन्हें 1339 वोट मिले.
-ऐलनाबाद विधानसभा सीट से आप उम्मीदवार मनीष अरोड़ा हार गए. उन्हें सिर्फ 885 वोट मिले.
-फरीदाबाद विधानसभा सीट से आप उम्मीदवार प्रवेश मेहता हार गए. उन्हें सिर्फ 926 वोट मिले.
-फरीदाबाद एनआईटी विधानसभा सीट से आप उम्मीदवार रवि डागर हार गए. उन्हें मात्र 1415 वोट मिले.
-फतेहाबाद विधानसभा सीट से आप उम्मीदवार कमल बिस्ला हार गए. उन्हें मात्र 2803 वोट मिले.
-फिरोजपुर झिरका सीट से आप उम्मीदवार वसीम जफर हार गए. उन्हें मात्र 234 वोट मिले.
-गन्नौर विधानसभा सीट से आप प्रत्याशी सरोज बाला हार गईं. उन्हें 174 वोट मिले.
-गढ़ी सांपला - किलोई विधानसभा सीट से आप उम्मीदवार प्रवीण हार गए. उन्हें 895 वोट मिले.
गौरतलब है कि AAP 2024 के विधानसभा चुनावों में अपनी किस्मत आजमा रही थी, लेकिन इसका पिछला चुनावी रिकॉर्ड हरियाणा में इसके निराशाजनक प्रदर्शन को दर्शाता है. 2014 के लोकसभा चुनावों में, इसने राज्य की सभी 10 संसदीय सीटों पर चुनाव लड़ा था. 2019 के संसदीय चुनावों में, AAP ने जननायक जनता पार्टी के साथ हाथ मिलाया और तीन सीटों - फरीदाबाद, करनाल और अंबाला - से उम्मीदवार उतारे और वे भी हार गए. 2019 के विधानसभा चुनावों में, AAP ने 46 विधानसभा सीटों पर चुनाव लड़ा और जीत दर्ज करने में विफल रही.