जम्मू-कश्मीर में होने वाले आगामी विधानसभा चुनाव के लिए सियासी दलों ने अपनी तैयारियां शुरू कर दी हैं. दो दिवसीय कश्मीर दौरे पर बुधवार को श्रीनगर पहुंचे कांग्रेस नेता और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने आज पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित किया और विधानसभा चुनाव की तैयारियों को लेकर बात की.
आगामी विधानसभा चुनाव में गठबंधन का जिक्र करते हुए राहुल गांधी ने कहा कि कांग्रेस का गठबंधन होगा, लेकिन कांग्रेस के कार्यकर्ताओं की अनदेखी नहीं होनी चाहिए. आजतक के सूत्रों के मुताबिक, जम्मू-कश्मीर में कांग्रेस और फारूक अब्दुल्ला की नेशनल कॉन्फ्रेंस (NC) के बीच चुनाव-पूर्व गठबंधन हो सकता है.
नेशनल कॉन्फ्रेंस और कांग्रेस में गठबंधन पर सहमति
चुनाव-पूर्व गठबंधन के लिए नेशनल कॉन्फ्रेंस और कांग्रेस सैद्धांतिक रूप से सहमत हो गए हैं और सीटों के बंटवारे पर बातचीत जारी है. कहा जा रहा है कि दोनों दल सीटों के बंटवारे पर एक-दो दिन में समझौते को अंतिम रूप देंगे. कल देर रात (बुधवार) श्रीनगर में नेशनल कॉन्फ्रेंस और कांग्रेस के नेताओं की बैठक हुई और सीट बंटवारे के मुद्दे पर चर्चा की गई.
कांग्रेस कश्मीर घाटी में 12 सीटें चाहती है और उसने जम्मू संभाग में नेशनल कॉन्फ्रेंस को 12 सीटें देने की पेशकश की है. सीटों के बंटवारे पर अभी तक कोई अंतिम निर्णय नहीं हुआ है. इसे लेकर एक और दौर की बातचीत होनी है.
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उमर से मिले राहुल
वहीं जम्मू-कश्मीर दौरे पर पहुंचे राहुल गांधी ने नेशनल कॉन्फ्रेंस के अध्यक्ष फारूक अब्दुल्ला से उनके आवास पर मुलाकात की है. कांग्रेस सूत्रों का कहना है कि यह एक शिष्टाचार भेंट है, हालांकि इस बातचीत को गठबंधन के प्रयास के रूप में हुई वार्ता के रूप में देखा जा रहा है. सूत्रों ने पुष्टि की है कि दोनों पक्षों के पार्टी नेता और कैडर किसी भी चुनाव पूर्व गठबंधन से नाखुश हैं, वे अपने दम पर चुनाव लड़ना चाहते हैं, यहां तक कि कांग्रेस अध्यक्ष ने प्रेस वार्ता के दौरान कांग्रेस कैडर को आश्वासन दिया कि ऐसा कुछ भी नहीं किया जाएगा जो पार्टी या कार्यकर्ता के हित के खिलाफ हो.
राहुल ने कार्यकर्ताओं को किया संबोधित
आपको बता दें कि लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने आज श्रीनगर में पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित किया. इस दौरान उन्होंने कहा, 'मैं लोकतंत्र की रक्षा पूरे देश में करता हूं लेकिन मेरे लिए जम्मू और कश्मीर के लोगों के दिल के दर्द को मिटाना ही लक्ष्य है... जो आपको सहना पड़ता है, जिस डर में आप जीते हो, जो दुख आपको होता है उसे मैं, मल्लिकार्जुन खरगे, पूरी कांग्रेस पार्टी हमेशा के लिए मिटाना चाहते हैं.'
राहुल ने कहा कि हिंदुस्तान के इतिहास में आजादी के बाद कई बार केंद्रीय शासित प्रदेश को राज्य में बदला गया है लेकिन एक ही उदाहरण है जब राज्य का दर्जा छीनकर केंद्र शासित प्रदेश बनाया गया है... हम यह संदेश देना चाहते हैं कि जम्मू और कश्मीर के लोगों का प्रतिनिधित्व हमारे लिए और देश के लोगों के लिए जरूरी है इसलिए हम यहां पहले आए हैं.
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