scorecardresearch
 

किन लोगों ने किया ममता बनर्जी पर हमला? नाराज TMC कार्यकर्ताओं ने रोके कई रास्ते

नंदीग्राम में पैर में चोट लगने के बाद ममता ने मीडिया के समक्ष आरोप लगाया कि जानबूझकर उनके पैर को कुचलने की कोशिश की गई. ममता ने कहा, 'नंदीग्राम में मुझ पर हमला किया गया रहै. मेरे पैर को गाड़ी से कुचलने की कोशिश की गई है.'

Advertisement
X
नंदीग्राम में प्रचार के दौरान हादसे में घायल हो गईं ममता बनर्जी (वीडियो ग्रैब)
नंदीग्राम में प्रचार के दौरान हादसे में घायल हो गईं ममता बनर्जी (वीडियो ग्रैब)
स्टोरी हाइलाइट्स
  • नंदीग्राम से ग्रीन कॉरिडोर के जरिए कोलकाता लाई गईं ममता
  • मेरे पैर को कुचलने की कोशिश की गईः ममता बनर्जी
  • अज्ञात लोगों ने कार में धकेला, जबरन दरवाजा बंद कियाः TMC

पश्चिम बंगाल की हाई-प्रोफाइल सीट नंदीग्राम में नामांकन के बाद चुनाव अभियान के दौरान बुधवार शाम के वक्त मुख्यमंत्री ममता बनर्जी हादसे का शिकार हो गईं. ममता के पैर में गंभीर चोट आई है और उन्हें काफी दर्द है. ममता की हालत देखते हुए उन्होंने नंदीग्राम से कोलकाता के बीच ग्रीन कॉरिडोर बनाकर लाया गया और SSKM अस्पताल में भर्ती कराया गया.

Advertisement

घटनास्थल पर भी ममता को उनके साथ मौजूद लोगों ने उठाकर कार के अंदर बैठाया था. इसके बाद जब कोलकाता के SSKM अस्पताल पहुंचीं तो उन्हें कार से उतारकर स्ट्रेचर पर अस्पताल के अंदर ले जाया गया. बताया जा रहा है कि ममता के पैर में काफी दर्द है, जिसके चलते वो चल नहीं पा रही थीं. फिलहाल,  6 डॉक्टरों की टीम ममता बनर्जी का इलाज कर रही है. अस्पताल में टीएमसी नेताओं और कार्यकर्ताओं का जमावड़ा लगा है.

SSKM अस्पताल में ममता का इलाज चल रहा है. अब उन्हें दूसरे अस्पताल में शिफ्ट कराया गया है. उनके पैर का एक्सरे कराया गया है. लेकिन एमआरआई के लिए उन्हें दूसरे अस्पताल में शिफ्ट कराया गया है. SSKM अस्पताल में ममता का कई टेस्ट लिया गया जिसमें न्यूरो टेस्ट भी शामिल है. ममता को SSKM से सटे बांगुर अस्पताल ले जाया गया है. शरीर के निचले अंगों पर चोट लगी है. सूजन है. उन्हें स्ट्रान्ग पेनकिलर्स दिया गया है.

Advertisement

ममता के हादसे में चोटिल होने से गुस्साए टीएमसी कार्यकर्ताओं ने कई सड़कों का ब्लॉक कर दिया है.

इस बीच ममता के पैर में चोट लगने के बाद आरोप-प्रत्यारोप का दौर भी शुरू हो चुका है. बीजेपी और कांग्रेस के नेताओं की ओर से इसे इस घटना को ममता का नाटक करार दिया जा रहा है तो टीएमसी इसे ममता के खिलाफ साजिश बता रही है.

नंदीग्राम में पैर में चोट लगने के बाद ममता ने मीडिया के समक्ष आरोप लगाया कि जानबूझकर उनके पैर को कुचलने की कोशिश की गई. ममता ने कहा, 'नंदीग्राम में मुझ पर हमला किया गया है. मेरे पैर को गाड़ी से कुचलने की कोशिश की गई है.'

दर्द से कराहतीं ममता बनर्जी
दर्द से कराहतीं ममता बनर्जी

हालांकि, हमला किन लोगों ने किया अभी यह साफ नहीं हो सका है. पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है. दूसरी ओर ममता बनर्जी ने आरोप लगाया है कि 3-4 लोगों ने उन पर हमला किया. ये लोग कौन हैं, इसकी जानकारी अभी तक नहीं मिल सकी है.

शाम सवा 6 बजे हुआ हमलाः सांसद 

हमले के बारे में पार्टी की ओर से नंदीग्राम से टीएमसी सांसद सुखेंदु शेखर राय ने विस्तृत जानकारी दी. उन्होंने घटना पर कहा कि शाम करीब 6.15 बजे जब वह (ममता) एक मंदिर में पूजा करने के बाद बिरुलिया अंचल से निकलने वाली थीं तो कुछ अज्ञात लोगों ने उन्हें कार में धकेल दिया और जबरन दरवाजा बंद कर दिया, जिसकी वजह से उनके बाएं पैर में भी गंभीर चोटें आईं. कमर में भी तेज दर्द हो रहा है. उन्हें उपचार के लिए कोलकाता भेजा गया है.

Advertisement

सांसद सुखेंदु राय ने कहा कि कल नंदीग्राम ब्लॉक-1 के लोगों की व्यापक प्रतिक्रिया मिलने के बाद ममता बनर्जी ने आज हल्दिया में नामांकन दाखिल किया और फिर उन्होंने नंदीग्राम ब्लॉक II के कई स्थानों का दौरा किया. उन्होंने कहा कि वहां पर ममता ने एक और मंदिर में पूजा अर्चना की.

हालांकि, ममता बनर्जी पर हुए हमले के एक प्रत्यक्षदर्शी चितरंजन दास ने कहा कि मैं वहां पर था, वह अपने कार के अंदर बैठ रही थीं लेकिन दरवाजा खुला था. एक पोस्टर से टच होने के बाद दरवाजा बंद हो गया. किसी ने न धक्का दिया, न ही मारा. दरवाजे के पास कोई नहीं था. प्रत्यक्षदर्शी का ये बयान न्यूज एजेंसी एएनआई की तरफ से जारी किया गया है.

ममता की साजिशः बीजेपी

उधर बीजेपी ने इसे ममता की साजिश करार दिया. बीजेपी नेता और पार्टी के बंगाल प्रभारी कैलाश विजयवर्गीय ने कहा कि यह सब कुछ ममता की सहानुभूति पाने की कोशिश है क्योंकि उनकी बंगाल से जमीन खिसक गई है. वह नाटक कर रही हैं.

पश्चिम बंगाल के बीजेपी सांसद अर्जुन सिंह ने कहा कि ममता बनर्जी पर किसने हमला किया. अगर उन्हें वास्तव में धक्का दिया गया या हमला किया गया तो पुलिस ने उस व्यक्ति को गिरफ्तार क्यों नहीं किया. 

Advertisement

वहीं, कांग्रेस नेता अधीर रंजन चौधरी ने भी इसे ममता का नाटक करार देते हुए कहा कि ममता को नाटक करने की आदत है. ममता एक नेता ही नहीं हैं बल्कि वह मुख्यमंत्री भी हैं, लेकिन ताज्जुब की बात है कि जब उन पर हमला होता है तो उस समय कोई पुलिस वाला वहां मौजूद नहीं रहता है. कोई आस-पास नहीं रहता है. तो ऐसे में क्या कहना चाहिए कि बंगाल की मुख्यमंत्री के साथ बंगाल की पुलिस नहीं रहती है. ये किसी को यकीन आएगा. कोई इस पर भरोसा करेगा क्या.

बहरहाल, ममता बनर्जी पर हमला किसने किया या उन्हें चोट कैसे लगी इस पर चुनाव आयोग भी एक्टिव हो गया है. चुनाव आयोग ने इस घटना की रिपोर्ट मांगी है. निश्चित ही ये एक बड़ी घटना है, लिहाजा ममता बनर्जी के पैर में चोट कैसे आई, जल्द ही इस पर ठोस कारण सामने आने की उम्मीद भी की जा रही है.

 

Advertisement
Advertisement