बिेहार विधानसभा चुनाव 2020 की घोषणा के साथ ही सुरक्षा एजेंसियां मुस्तैद हो गई हैं. खबर है कि चीन नेपाल के जरिए बिहार विधानसभा चुनाव में खलल डालने की कोशिश कर सकता है. इसके लिए बिहार-नेपाल सीमा (रक्सौल) पर विशेष सुरक्षा के इंतजाम किए जा रहे हैं. ताकि सीमा पार से किसी भी तरह की तस्करी न हो सके. (रिपोर्टः गणेश शंकर)
ऐसी आशंका है कि बिहार चुनाव को प्रभावित करने के लिए चीन नेपाल के जरिए शराब, हथियार सहित रुपये भी पहुंचा सकता है. चीन परदे के पीछे रहते हुए सीमाई इलाकों में होने वाले चुनाव के जरिए अपनी पैठ बनाना चाहता है.
बिहार में चीन के सीधे घुसपैठ की कोई गुंजाइश नहीं है. इसलिए वह नेपाल के उन नेताओं और संस्थानों की मदद ले सकता है, जो चीन के प्रति पहले से झुकाव रखते हों. उनके जरिए शराब, हथियार सहित रुपए भी पहुंचा सकता है.
बिहार में चुनाव के दौरान शराब से वोट प्रभावित करने की आम बात है. ऐसे में चुनाव आयोग द्वारा अधिसूचना जारी होने के साथ ही बिहार नेपाल सीमा (रक्सौल) की सुरक्षा में लगे एसएसबी के अधिकारी भी चुनाव को सफल बनाने की तैयारी में लग गए हैं.
बिहार-नेपाल सीमा कोविड-19 को लेकर शील है, सीमा सुरक्षा के साथ मुख्य सड़क से लेकर अन्य मार्गों पर गहन गश्त एव सघन जांच अभियान चलाया जा रहा है. एसएसबी दिन एवं रात में भी गश्त कर रही है. क्योंकि, नेपाल से लाकर अवैध रूप से शराब का भंडारण किए जाने की भी खबर है.
इस संबंध में एसएसबी के अधिकारी ने बताया कि कोरोना को लेकर सीमा सील है. चुनाव के मद्देनजर इस बटालियन के कुछ जवानों को कश्मीर से वापस बुला लिया गया है, चुनाव को लेकर ये पूर्णरूप से तैयार हैं. अतरिक्त गश्त दल द्वारा विशेष सुरक्षा की जा रही है. यहां तक कि चुनाव में शराब की बात बहुत होती है. लेकिन इस बार इस पर नकेल कस दी गई है.