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बड़हरिया विधानसभा सीटः क्या बार बालाओं के साथ डांस करने वाले JDU विधायक को मिलेगी जीत

विधायक श्‍याम बहादुर सिंह अपनी रंगीन मिजाजी के लिए जाने जाते हैं. आए दिन उनके ठुमकों के वीडियो वायरल होते रहते हैं. श्याम बहादुर सिंह ने पिछले विधानसभा चुनाव में लोजपा के बच्चा पांडेय को हराया था. इस बार दोनों एनडीए का हिस्सा हैं.

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Barharia assembly seat, JDU MLA Shyam Bahadur Singh
Barharia assembly seat, JDU MLA Shyam Bahadur Singh

बिहार में विधानसभा चुनाव की प्रक्रिया पूरी हो गई है, तीन चरणों में हुए चुनावों में इस बार कुल 59.94 फीसदी वोटिंग हुई है. अब 10 नवंबर को नतीजों का इंतजार है. बिहार की बड़हरिया विधानसभा सीट पर इस बार 3 नवंबर को वोट डाले गए, यहां कुल 56.97% मतदान हुआ. बिहार में सीवान लोकसभा क्षेत्र के तहत आने वाला बड़हरिया विधानसभा क्षेत्र अपने विधायक के कारण आए दिन चर्चा में रहता है. यहां से जनता दल यूनाइटेड (JDU) के नेता श्याम बहादुर सिंह विधायक हैं. विधायक श्‍याम बहादुर सिंह अपनी रंगीन मिजाजी के लिए जाने जाते हैं. आए दिन उनके ठुमकों के वीडियो वायरल होते रहते हैं. श्याम बहादुर सिंह ने पिछले विधानसभा चुनाव में लोक जनशक्ति पार्टी (लोजपा) के बच्चा पांडेय को करीब 14500 वोटों के अंतर से हराया था. हालांकि, पिछले चुनाव में एक दूसरे के विरोध में लड़ने वाली लोजपा और जेडीयू इस बार एनडीए गठबंधन का हिस्सा हैं. 

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राजनीतिक पृष्ठभूमि
बड़हरिया विधानसभा क्षेत्र नए परिसीमन के लागू होने के बाद साल 2010 में अस्तित्व में आया. इस विधानसभा में बड़हरिया और पचरुखी प्रखंड शामिल हैं. 2010 के बाद इस सीट पर दो बार विधानसभा चुनाव हुए और दोनों बार जेडीयू नेता श्याम बहादुर सिंह ने जीत हासिल की. साल 2010 में उन्होंने आरजेडी के मोहम्मद मोबिन को 25 हजार से ज्यादा वोटों के अंतर से चारो खाने चित कर दिया था. इसके बाद 2015 में हुए बिहार विधनासभा चुनावों में विधायक सिंह ने लोक जनशक्ति पार्टी के उम्मीदवार बच्चा पांडेय को 14583 को हराकर लगातार दूसरी बार जीत दर्ज की थी.

सामाजिक ताना-बाना
बड़हरिया विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र में करीब 4.5 लाख की आबादी रहती है. यहां 100 फीसदी लोग ग्रामीण हैं. इसमें 11.78 फीसदी आबादी अनुसूचित जाति (एससी) और 1.81 फीसदी आबादी अनुसूचित जनजाति (एसटी) की है. इस इलाके में मुस्लिम समुदाय के वोटर और पिछड़ा वर्ग चुनावों में पासा पलटने की क्षमता रखता है, ऐसे में उम्मीदवारों का झुकाव भी इन वर्गों की ओर ज्यादा होता है.

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2015 का जनादेश
2015 के विधानसभा चुनावों में यहां 57.04 फीसदी वोटिंग हुई थी और 2019 के लोकसभा चुनावों में 58.96 लोगों ने मतदान किया था. 2015 के विधानसभा चुनावों में इस सीट पर जेडीयू को 41.93 फीसदी वोट मिले थे. वहीं विरोधी लोजपा को 32.55 फीसदी वोट हासिल हुए थे. हालांकि, इस बार दोनों पार्टियां एक ही गठबंधन में हैं, ऐसे में एनीडए इस सीट पर मजबूत दिख रही है.

दूसरे चरण में 3 नवंबर 2020 को इस सीट पर वोट डाले जाएंगे. चुनाव के नतीजे 10 नवंबर को आएंगे.

इस बार के मुख्य उम्मीदवार

  • जेडीयू - श्याम बहादुर सिंह
  • आरजेडी - बच्चा पांडेय
  • एलजेपी - वीरबहादुर सिंह

मौजूदा विधायक का रिपोर्ट कार्ड
हमेशा अपनी हरकतों से सुर्खियों में रहने वाले नीतीश कुमार के करीबी और बड़हरिया विधानसभा से विधायक श्याम बहादुर सिंह बिलकुल देसी मिजाज के नेता हैं. बताया जाता है कि विधायक अपने क्षेत्र के लोगों को मिलने और बात करने से कभी रोकते नहीं हैं और हमेशा उन्हें अपने करीब रखने की कोशिश करते हैं. हालांकि, उनकी चर्चा विवादित हरकतों के कारण ज्यादा होती है. 

श्याम बहादुर सिंह एक बार हाथी पर चढ़कर विधानसभा पहुंचे थे. जिसके बाद सीवान से दिल्ली तक उन्होंने सुर्खियां बटोरी थीं. इससे पहले सीवान से लोकसभा सांसद कविता सिंह के चुनाव प्रचार में उनके डांस का वीडियो भा वायरल हो चुका है. यही नहीं, वो अकसर बार बालाओं के साथ ठुमके लगाते दिख जाते हैं. उनकी इन हरकतों के कारण पार्टी को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा है. इसके बावजूद वो नीतीश कुमार के करीबी बने हुए हैं. बड़हरिया विधानसभा से दो बार विधानसभा चुनाव जीतने वाले श्याम बहादुर सिंह एक बार जीरादेई से भी विधायक रह चुके हैं.

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बिहार में विधानसभा चुनावों की घोषणा हो चुकी है. यहां तीन चरणों में  28 अक्टूबर, 3 नवंबर और 7 नवंबर को वोट डाले जाएंगे. इसके बाद 10 नवंबर को मतों की गणना की जाएगी.
 

 

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