scorecardresearch
 

रामनगर विधानसभा सीटः बीजेपी का दबदबा, पिछले 7 चुनाव में 6 बार मिली जीत

रामनगर विधानसभा सीट का इतिहास पुराना है. अगर 1990 के बाद से इस सीट के बारे में बात करें तो यह सीट भारतीय जनता पार्टी के लिए परंपरागत सीट की तरह है. 1990 से लेकर 2015 तक के हुए 7 चुनाव में 6 बार बीजेपी ने जीत हासिल की है.

Advertisement
X
रामनगर में बीजेपी का रहा है दबदबा (फाइल-पीटीआई)
रामनगर में बीजेपी का रहा है दबदबा (फाइल-पीटीआई)
स्टोरी हाइलाइट्स
  • 2008 से आरक्षित सीट के रूप में तब्दील
  • पिछली 2 बार से चुनाव जीत रही हैं भागीरथी देवी
  • बीजेपी 1990 से लेकर अब तक 6 बार जीती
  • रामनगर सीट पर कुल 11 उम्मीदवार मैदान में

बिहार की रामनगर (सुरक्षित) सीट पर 51.20 फीसदी मतदान हुआ. पुरुषों की तुलना में महिलाओं ने ज्यादा वोट डाले. रामनगर विधानसभा सीट पर कुल 11 उम्मीदवार मैदान में है जिसमें मुख्य मुकाबला भारतीय जनता पार्टी की भागीरथी देवी और कांग्रेस के राजेश राम के बीच है. जन अधिकार पार्टी (लोकतांत्रिक) की ओर से पप्पू कुमार राजन भी मैदान में हैं. 

Advertisement

रामनगर विधानसभा सीट पर इस बार कुल 20 लोगों ने नामांकन दाखिल किया था और सभी 12 आवेदन सही पाए गए. 8 लोगों की उम्मीदवारी खारिज हुई. इस तरह से इस सीट पर 11 उम्मीदवारों के बीच मुकाबला है. रामनगर सीट पर तीसरे चरण में 7 नवंबर को मतदान कराए गए. 

बिहार विधानसभा चुनाव के पहले चरण में 28 अक्टूबर को 16 जिलों की 71 सीटों पर मतदान हुआ तो दूसरे चरण में 3 नवंबर को 17 जिलों की 94 विधानसभा सीटों पर वोटिंग हुई जबकि तीसरे चरण में 7 नवंबर को  78 सीटों पर मतदान हुआ. वोटों की गिनती 10 नवंबर को की जाएगी.

रामनगर विधानसभा सीट एक सुरक्षित सीट है और यह बिहार विधानसभा में क्रम संख्या में दूसरे नंबर की सीट है. रामनगर विधानसभा क्षेत्र पश्चिम चंपारण जिले में पड़ता है और यह वाल्मीकि नगर संसदीय (लोकसभा) निर्वाचन क्षेत्र का एक हिस्सा है. 2008 में परिसीमन आयोग की सिफारिशों के बाद इस सीट का पुनर्गठन किया गया और इसे अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित कर दिया गया. इससे पहले यह सामान्य सीट थी. सीट पर ज्यादातर क्षेत्र रामनगर और गौनहा सामुदायिक ब्लॉक के अंतर्गत आते हैं.

Advertisement

रामनगर विधानसभा सीट का इतिहास पुराना है. 1990 के बाद से इस सीट के बारे में बात करें तो यह सीट भारतीय जनता पार्टी के लिए परंपरागत सीट की तरह है. 1990 से लेकर 2015 तक के हुए 7 चुनाव में 6 बार बीजेपी ने जीत हासिल की है.

2008 में आरक्षित सीट बनने के बाद रामनगर विधानसभा सीट से 2010 के चुनाव बीजेपी की भागीरथी देवी ने जीत हासिल की जिसे उन्होंने 2015 के चुनाव में बनाए रखा. यहां से बीजेपी के चंद्रमोहन राय 4 बार चुनाव जीत चुके हैं. बीजेपी 2000 से यहां से अजेय है. 

2015 में थे 9 उम्मीदवार
2015 के विधानसभा चुनाव की बात करें तो रामनगर विधानसभा सीट पर 2,61,172 कुल मतदाता थे जिसमें 1,38,224 पुरुष और 1,22,941 महिला मतदाता शामिल थे. इस सीट पर 1,70,997 (65.5%) लोगों ने वोट दिया जिसमें 1,67,802 वोट सही पाए गए. इस सीट पर 3,195 वोट नोटा में पड़े. इस सीट से 9 उम्मीदवार मैदान में थे. 

2015 के चुनाव में भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) की भागीरथी देवी ने जीत हासिल की थी. उन्हें कुल वोट में से 48.1 फीसदी यानी 82,166 वोट मिले. उन्होंने कांग्रेस के पूर्णमासी राम को 17,988 मतों के अंतर से हराया था. जनता दल यूनाइटेड, राष्ट्रीय जनता दल और कांग्रेस महागठबंधन के रूप में चुनाव लड़ रहे थे और यह सीट कांग्रेस को दी गई थी लेकिन उसे हार मिली. 

Advertisement

बीजेपी की भागीरथी देवी शिक्षित हैं. उनके ऊपर एक भी आपराधिक केस दर्ज नहीं है. 2015 के विधानसभा चुनाव में दालिख हलफनामे के अनुसार भागीरथी देवी के पास 53,63,578 रुपये की संपत्ति है.

2015 में पड़े 57 फीसदी 
2015 में बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान कुल 6,68,26,658 मतदाता थे जिसमें 3,81,19,212 मतदाताओं ने वोट डाले. 243 विधानसभा सीटों पर हुए चुनाव में 57.0 फीसदी वोट पड़े. 57 फीसदी वोट में 9,47,276 वोट यानी 2.4 फीसदी वोट नोटा में पड़े.

पार्टी आधार पर देखें तो सबसे ज्यादा सीट राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) को मिली . आरजेडी ने 80 सीट तो जनता दल यूनाइटेड ने 71 सीटों पर जीत हासिल की. बीजेपी को 53, कांग्रेस को 27 और 4 निर्दलीय प्रत्याशियों को जीत मिली थी. जबकि 8 सीटों पर छोटे दलों के नेताओं ने जीत हासिल की थी.

Advertisement
Advertisement