विकासशील इंसान पार्टी (VIP) ने कहा है कि उसके राष्ट्रीय अध्यक्ष मुकेश सहनी को जान का खतरा है, इसलिए मुकेश सहनी को बिहार सरकार सुरक्षा प्रदान करे. वीआईपी ने मुकेश सहनी के लिए सुरक्षा की मांग करते हुए केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को पत्र लिखा है.
बता दें कि विधानसभा चुनाव 2020 में सीट बंटवारे को लेकर महागठबंधन का घटक दल वीआईपी इस चुनावी गठजोड़ से बाहर हो गया है. मुकेश सहनी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान भरे मंच पर तेजस्वी यादव पर पीठ में खंजर भोंकने का आरोप लगाया और महागठबंधन से अपनी राहें जुदा कर ली.
अब वीआईपी ने कहा है कि मुकेश सहनी की जान को खतरा है. वीआईपी के प्रधान महासचिव छोटे सहनी ने बिहार सरकार को एक पत्र लिखकर मुकेश साहनी की सुरक्षा की गुहार लगाई है. छोटे सहनी ने मुख्यमंत्री को पत्र लिखते हुए कहा है, 'पिछले दिनों अररिया जिला में राजद के दलित प्रकोष्ठ के सचिव शक्ति मलिक ने तेजस्वी यादव के काले कारनामों को उजागर किया और इसी वजह से उनकी ह्रदय विदारक हत्या कर दी गई."
वीआईपी ने कहा है कि हमारी पार्टी राष्ट्रीय अध्यक्ष मुकेश सहनी के नेतृत्व में महागठबंधन से अलग होकर बिहार विधानसभा चुनाव लड़ेगी, हमें संदेह है कि राजनीतिक द्वेष कहीं उनकी भी हत्या कराने की साजिश ना की जाए और कोई अनहोनी ना हो जाए इसलिए हमारी पार्टी मुकेश सहनी को उच्च स्तरीय सुरक्षा मुहैया कराने की मांग करती है.
बता दें कि महागठबंधन में सीट बंटवारे के दिन मुकेश सहनी की पार्टी की सीट का ऐलान तेजस्वी यादव ने नहीं किया था, जिसके बाद मुकेश सहनी ने महागठबंधन के प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान भरे मंच पर तेजस्वी पर पीठ में खंजर भोंकने का आरोप लगाया था.
रविवार को मुकेश सहनी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर तेजस्वी पर कई गंभीर आरोप भी लगाए थे और कहा था कि तेजस्वी यादव अपने घर के बड़े भाई को भी आगे बढ़ते नहीं देखना चाहते हैं और यही वजह है कि वह किसी की नहीं सुनते हैं. मुकेश सहनी ने तेजस्वी यादव की वादाखिलाफी का जिक्र करते हुए कहा था कि उनका डीएनए कहां प्योर है.