गुजरात विधानसभा चुनाव को लेकर पार्टियों ने पूरी ताकत झोंक रखी है. आज हम बात करेंगे साबरकांठा जिले की इदार विधानसभा सीट की. यहां पिछले ढाई साल से भाजपा का कब्जा है. गुजरात चुनाव 2022 में बीजेपी अपनी ताकत बनाए रखने के लिए कड़ी मेहनत कर रही है, जबकि कांग्रेस और आम आदमी पार्टी भी इस गढ़ पर कब्जा करने की कोशिश कर रही है.
इदार विधानसभा सीट अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित है. इस सीट से नरहरि अमीन और गुजरात विधानसभा अध्यक्ष रमनलाल वोरा समेत शीर्ष नेता जीत दर्ज कर चुके हैं. रमनलाल वोरा लगातार पांच बार इस सीट से चुने गए थे. वर्तमान में हितु कनोडिया इदार के विधायक हैं.
हितु कनोडिया ने 2017 के चुनाव में मणिभाई वाघेला को हराया था. इस सीट पर 1995 से भारतीय जनता पार्टी का शासन है. इससे यह कहा जा सकता है कि इदार सीट भाजपा का गढ़ है. इस सीट को जीतने के लिए कांग्रेस को कड़ी मेहनत करनी पड़ेगी.
बात अगर इस सीट की समस्याओं की करें तो इदार विधानसभा क्षेत्र के कई गांवों में अभी तक पर्याप्त विकास कार्य नहीं हुए हैं. यहां के पश्चिमी क्षेत्र में आज भी पानी की समस्या जस की तस बनी है. यहां पीने के पानी और सिंचाई के लिए लगातार मांग उठ रही है. जनता का कहना है कि क्षेत्र के विधायक हितु कनोडिया मिलते भी नहीं हैं.