अमित शाह ने जनता दल(सेक्यूलर) से गठबंधन की अटकलों पर विराम लगाते हुए राज्य में त्रिकोणीय मुकाबले के संकेत दिए. उन्होंने कहा कि कुछ सीटों पर बीजेपी और जद(एस) के बीच मुकाबला होगा, जबकि बाकी जगह बीजेपी और कांग्रेस के प्रत्याशियों में टक्कर रहेगी.
जद(एस) को वोट देना कांग्रेस जैसा
पूर्व प्रधानमंत्री एचडी देवेगौड़ा की जनता दल (सेक्यूलर) को लेकर अब तक कांग्रेस हमलावर थी. कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी अपने भाषणों में जनता दल(एस) को बीजेपी की 'बी-टीम' बता रहे हैं. अब बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने जनता दल(एस) को लेकर बड़ा बयान दिया है. उन्होंने कहा है कि जद(एस) को वोट देना, कांग्रेस को वोट देने जैसा है.'
दरअसल, जनता दल(एस) सूबे की सियासत में बड़़ा दखल रखती है. 2013 के विधानसभा चुनाव में भी जनता दल(एस) को बीजेपी के बराबर 40 सीटों पर जीत मिली थी. इसके अलावा दोनों ही दल जनता दल(एस) के साथ गठबंधन में सरकार बना चुके हैं.
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हालांकि, एचडी देवेगौड़ा भी गठबंधन की बात से इनकार कर रहे हैं. उनका कहना है कि जनता दल(एस) बीजेपी और कांग्रेस दोनों से दूर रहेगी. देवेगौड़ा ने ये भी कह चुके हैं कि जनता दल(एस) बसपा के साथ गठबंधन कर चुकी है और चुनाव के बाद वह किसी के साथ अलायंस नहीं करेगी. जनता दल(एस) सौ से ज्यादा सीटों पर जीत का दावा कर रही है. बता दें कि राज्य की सभी 224 सीटों पर 12 मई को मतदान होना है, जबकि मतगणना 15 मई को होगी.