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लोकसभा चुनाव के लिए बिहार के पूर्णिया सीट पर राजद ने अपना उम्मीदवार उतार दिया है. पार्टी ने इस सीट से बीमा भारती को उम्मीदवार बनाया है. लालू यादव ने उन्हें पार्टी का सिंबल सौंपा. उनका यह फैसला कांग्रेस नेता पप्पू यादव के लिए एक बड़ा झटका है, जो पूर्णिया सीट से चुनाव लड़ना चाहते थे.
बीमा भारती ने 23 मार्च को नीतीश कुमार की पार्टी जेडीयू से इस्तीफा दे दिया था. सोशल मीडिया पर उनका इस्तीफा वायरल होने के कुछ घंटों बाद उसी दिन देर शाम तेजस्वी यादव ने उन्हें राजद में शामिल कराया था. पूर्व राज्य मंत्री बीमा भारती पूर्णिया जिले के रूपौली विधानसभा क्षेत्र का प्रतिनिधित्व कर रही थीं.
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प्रेस कॉन्फ्रेंस में किया उम्मीदवारी का ऐलान
पिछले महीने राज्य विधानसभा में जब नीतीश कुमार सरकार ने विश्वास मत मांगा, तब बीमा भारती अपनी गैरमौजूदगी की वजह से सुर्खियों में बनी थीं. बीमा भारती ने पूर्णिया राजद ऑफिस में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस करके अपनी उम्मीदवारी का ऐलान किया. बताया जा रहा है कि वह 3 अप्रैल को अपना नामांकन भी दाखिल करेंगी. उन्होंने कहा लालू यादव और राबड़ी देवी ने उन्हें सिर पर अपना हाथ रखकर आशीर्वाद दिया है.
सीट शेयरिंग पर राजद कांग्रेस की बातचीत
आगामी लोकसभा चुनाव में सीट शेयरिंग को लेकर तेजस्वी यादव ने दिल्ली में कांग्रेस आलाकमान से मुलाकात भी की थी. उन्होंने बताया था कि बातचीत अच्छी रही और इंडिया गठबंधन के तमाम दल एक साथ हैं. हालांकि, सीट शेयरिंग पर बातचीत फाइनल नहीं हुई थी. राजद चीफ लालू यादव पहले भी कुछ सीटों पर उम्मीदवार उतार चुके हैं, जिसमें अब पूर्णिया भी शामिल हैं.
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"पूर्णिया कभी नहीं छोड़ूंगा और न ही कहीं और चुनाव लड़ूंगा"
पूर्व निष्कासित राजद नेता पप्पू यादव के कांग्रेस में शामिल होने के माना जा रहा है कि सीटों पर बातचीत भी प्रभावित हुई. अब पूर्णिया सीट पर राजद द्वारा उम्मीदवार के ऐलान के बाद ना सिर्फ पप्पू यादव को झटका लगा है बल्कि कांग्रेस पार्टी के लिए भी यह मुश्किलें पैदा करना वाला है.
मसलन, माना जा रहा था कि पप्पू यादव के विलय के साथ ही कांग्रेस ने पूर्णिया सीट उन्हें सौंप दी थी. पप्पू यादव ने पूर्णिया सीट से चुनाव लड़ने के सवाल पर कहा था, "पूर्णिया मेरी मां है और मैं पूर्णिया कभी नहीं छोड़ूंगा और न ही कहीं और चुनाव लड़ूंगा."