बीजेपी नीत एनडीए में सीट बंटवारे पर घमासान के बीच और बिहार विधानसभा चुनाव से पहले अब जेडीयू-आरजेडी-कांग्रेस महागठबंधन में सीटों को लेकर दरार पड़ गई है. बताया जाता है कि जेडीयू-आरजेडी ने कांग्रेस को दिए गए 40 सीटों में से 30 पर ही प्रत्याशी उतारने की सलाह दी है. सूत्र बताते हैं कांग्रेस कमिटी इससे खफा हो गई है.
जानकारी के मुताबिक, बिहार कांग्रेस को जेडीयू और आरजेडी ने नया फॉर्मूला देकर गठबंधन में पेच फंसा दिया है. सूत्र बताते हैं कि लालू-नीतीश की पार्टियों ने कांग्रेस को विधान परिषद चुनाव की तर्ज पर नया प्रस्ताव दिया है. इसके तहत कांग्रेस से कहा गया है कि वह महागठबंधन में पार्टी के खाते में जो 40 सीटें हैं, उनमें से 30 पर ही अपने उम्मीदवार घोषित करे. इसके पीछे तर्क है कि कांग्रेस के 30 प्रत्याशी ही मजबूत हैं.
नए प्रस्ताव के तहत लालू और नीतीश चाहते हैं कि कांग्रेस अपने खाते की बाकी बची 10 सीटों पर जेडीयू और आरजेडी के उम्मीदवारों को अपने बैनर तले मौका दे. यानी 5 सीटों पर जेडीयू और 5 सीटों पर आरजेडी के प्रत्याशी कांग्रेस के चुनाव चिन्ह पर उम्मीदवारी करें.
दूसरी ओर, कांग्रेस इस नए प्रस्ताव से खासी नाराज बताई जा रही है. नीतीश कुमार की 15 सदस्यीय कमिटी और बिहार कांग्रेस कमिटी में इस बाबत विवाद हो गया है.
बैठक, नीतीश का ट्वीट और विवाद
दरअसल, महागठबंधन से सपा के अलग हो जाने के बाद सीटों का गणित गड़बड़ा गया था. ऐसे में गठबंधन में बची तीनों पार्टीयों आरजेडी, जेडीयू और कांग्रेस ने गुरुवार को मिलकर इसे दूर करने के लिए बैठक की. मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने ट्विटर पर जानकारी दी कि बैठक में सीटों को लेकर नए सिरे से बंटवारा हो गया है. लेकिन शाम होते ही खबर आई कि कांग्रेस नए प्रस्ताव से खफा है.
बैठक के बारे में जानकारी देते हुए मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने ट्वीट भी किया है. उन्होंने लिखा, 'महागठबंधन के तीनों घटक दलों ने तय कर लिया है कि किस सीट पर कौन सी पार्टी चुनाव लड़ेगी. इसकी सूची औपचारिक तौर पर 19 सितंबर को जारी की जाएगी.'
महागठबंधन के तीनों घटक दलों ने तय कर लिया है कि किस सीट पर कौनसी पार्टी चुनाव लड़ेगी. इसकी सूची औपचारिक तौर पे 19 सितम्बर को जारी की जाएगी
— Nitish Kumar (@NitishKumar) September 17, 2015
सीटों के बंटवारे को लेकर यह बैठक मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के आवास पर भी हुई. इस बैठक में जेडीयू के प्रदेश अध्यक्ष के साथ कांग्रेस के सदानंद सिंह और अशोक चौधरी शामिल थे.