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चुनावों में याद आए राजा-महाराजा

राजस्थान में होने वाले चुनाव राजवंश के लोगों के कांग्रेस के खिलाफ लड़ने के लिए जाने जाते हैं. लेकिन इस बार लगता है कि पार्टी मतदाताओं को अपनी ओर आकर्षित करने की उनकी ताकत और परंपरा से भाजपा समर्थक राजपूतों को लुभाने का महत्व समझ रही है. चुनाव कार्यक्रम । शख्सियत । विश्‍लेषण । राज्‍यवार वीडियो । चुनाव पर विस्‍तृत कवरेज

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राजस्थान में होने वाले चुनाव राजवंश के लोगों के कांग्रेस के खिलाफ लड़ने के लिए जाने जाते हैं. लेकिन इस बार लगता है कि पार्टी मतदाताओं को अपनी ओर आकर्षित करने की उनकी ताकत और परंपरा से भाजपा समर्थक राजपूतों को लुभाने का महत्व समझ रही है.

सो, इस चुनावी जंग में कांग्रेस ने अलवर लोकसभा क्षेत्र से वहां के युवा महाराजा जितेंद्र सिंह को उतारा है तो जोधपुर से महाराजा गज सिंह की बहन चंद्रेश कुमारी कांग्रेस प्रत्याशी हैं जो हिमाचल प्रदेश छोड़कर यहां आईं. वे हिमाचल प्रदेश में ब्याही हैं और अतीत में वहीं से चुनाव भी लड़ती रही हैं.

कोटा से बृजराज सिंह के बेटे इज्‍यराज सिंह कांग्रेस प्रत्याशी हैं जिन्होंने अतीत में संसद में कांग्रेस और भाजपा दोनों ही का प्रतिनिधित्व किया है. वहीं एक और राजपूत कांग्रेस प्रत्याशी हैं राजसमंद से गोपाल सिंह. भाजपा की ओर से प्रमुख राज-वंशज सिर्फ दुष्यंत सिंह हैं जबकि भीलवाड़ा से उम्मीदवार वी.पी. सिंह शाही रियासत बदनौर से हैं.

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