
उत्तर प्रदेश के चुनावी माहौल में राजनीतिक दलों के बीच तल्ख बयानबाजी और आरोप-प्रत्यारोप बढ़ते ही जा रहे हैं. अब स्वामी प्रसाद मौर्य की सांसद बेटी ने भी बीजेपी के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है. बदायूं सांसद संघमित्रा ने बुधवार को बीजेपी ज्वॉइन करने वाली अपर्णा बिष्ट यादव को यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की चचेरी बहन बताया है. वहीं बीजेपी की इस महिला सांसद ने दल-बदल को लेकर अपनी ही पार्टी की नीतियों पर तमाम सवाल उठाए हैं.
संघमित्रा मौर्य ने बुधवार को अपनी फेसबुक पोस्ट में लिखा, ''संस्कार शब्द अच्छा है लेकिन संस्कार है किसके अंदर? हफ्ते भर पहले एक बेटी का पिता पार्टी बदलता है तो पुत्री पर वार हो रहा था, आज वही एक बहू अपने चचेरे भाई (योगी जी) के साथ एक पार्टी से दूसरी पार्टी में आती है तो स्वागत. क्या इसको भी वर्ग से जोड़ा जाना चाहिए कि बेटी (मौर्य) पिछड़े वर्ग की है और बहू (विष्ट) अगड़े वर्ग से है. क्या बहन-बेटी की भी जाति और धर्म होता है? अगड़ा भाजपा में आता है तो राष्ट्रवादी और वो वोट भाजपा को करेगा या नहीं, इसपे सवाल खड़ा करना तो दूर सोचा भी नहीं जाता, लेकिन पार्टी में रहने वाला राष्ट्रद्रोही, उसके वोट पे सवाल खड़े हो रहे, ऐसा क्यों?''
संघमित्रा मौर्या अपने पिता स्वामी प्रसाद मौर्या के समाजवादी पार्टी में शामिल होने के बाद से सोशल मीडिया यूजर्स के निशाने पर हैं. उनकी इस पोस्ट पर कुछ लोगों ने उनको पिता की तरह समाजवादी पार्टी ज्वॉइन करने की सलाह दे डाली. इसके जवाब में बीजेपी सांसद ने कहा, ''कृपया सलाह न दें कि मैं कहां जाऊं और क्या करूं. मैं जहां हूं, ठीक हूं.''
बीजेपी में ही काम करने का इरादा जता चुकी हैं संघमित्रा
इससे पहले, अपने पिता के बीजेपी छोड़कर समाजवादी पार्टी में जाने पर संघमित्रा मौर्य ने कहा था कि पहले और आज भी कई परिवार ऐसे हैं, जिनके अलग-अलग सदस्य कई पार्टियों में हैं. आज अगर स्वामी प्रसाद मौर्य किसी दूसरी पार्टी में हैं, तो उनकी बेटी दूसरी पार्टी में है. संघमित्रा मौर्य से ही यह सवाल क्यों किया जा रहा है, दूसरों पर बात क्यों नहीं हो रही?
6 विधायकों के साथ थामा समाजवादी पार्टी का दामन
मालूम हो कि भाजपा छोड़ने वाले स्वामी प्रसाद मौर्य 6 विधायकों को भी अपने साथ सपा में ले गए हैं. मौर्या के साथ सपा में शामिल होने वाले पड़े नामों में पूर्व मंत्री धर्म सिंह सैनी, बिल्हौर कानपुर से विधायक भगवती सागर, पूर्व मंत्री और एमएलसी बिधुना अरायये विनय शाक्य, शाहजहांपुर विधायक रोशन लाल वर्मा, फिरोजाबाद के सिकोहाबाद से विधायक डॉ मुकेश वर्मा और बांद विधायक बृजेश कुमार प्रजापति भी शामिल हैं.