scorecardresearch
 

पहली बार चुनाव मैदान में हैं उदयनिधि स्टालिन, पढ़ें-कमल हासन, रजनीकांत और BJP पर क्या बोले

द्रविड़ मुनेत्र कड़गम (DMK) के प्रमुख एमके स्टालिन के इकलौते बेटे उदयनिधि स्टालिन अगले कुछ हफ्तों में अपना चुनावी आगाज करने के लिए पूरी तरह तैयार हैं. वह चेपक-थिरुवल्लिकेनी सीट से चुनाव मैदान में हैं जिसे चेन्नई में डीएमके का गढ़ माना जाता है. यहां से पार्टी ने 1991 को छोड़कर हमेशा जीत हासिल की है.

Advertisement
X
उदयनिधि स्टालिन की चुनाव प्रचार की शैली इंटरैक्टिव है (फोटो-PTI)
उदयनिधि स्टालिन की चुनाव प्रचार की शैली इंटरैक्टिव है (फोटो-PTI)
स्टोरी हाइलाइट्स
  • चेपक-थिरुवल्लिकेनी से चुनाव मैदान में हैं उदयनिधि
  • डीएमके प्रमुख के बेटे ने NEET को किया खारिज
  • AIADMK के जरिये बीजेपी लागू कर रही एजेंडा-उदयनिधि

द्रविड़ मुनेत्र कड़गम (DMK) के प्रमुख एमके स्टालिन के इकलौते बेटे उदयनिधि स्टालिन अगले कुछ हफ्तों में अपना चुनावी आगाज करने के लिए पूरी तरह तैयार हैं. वह चेपक-थिरुवल्लिकेनी सीट से चुनाव मैदान में हैं जिसे चेन्नई में डीएमके का गढ़ माना जाता है. यहां से पार्टी ने 1991 को छोड़कर हमेशा जीत हासिल की है.  
 
उदयनिधि स्टालिन तमिलनाडु में विधानसभा चुनावों को लेकर उत्साहित और अपनी जीत को लेकर आश्वस्त हैं. अभिनेता से राजनेता बने 43 वर्षीय उदयनिधि स्टालिन कृष्णगिरि में प्रचार अभियान के दौरान इंडिया टुडे टीवी से विशेष बातचीत की और सवालों का गर्मजोशी से जवाब दिए. पढ़ें प्रियंवदा पी. की उनसे बातचीत के अंश.

Advertisement

प्रश्न: कृष्णगिरि आपके दिल के कितने करीब है? DMK को पिछले वर्षों में उत्तरी तमिलनाडु से काफी वोट मिले. 

उदयनिधि स्टालिनः हम केवल यह नहीं कह सकते कि उत्तरी तमिलनाडु महत्वपूर्ण है. हमारे लिए हर जिला महत्वपूर्ण है. हालांकि कृष्णगिरि व्यक्तिगत रूप से बहुत महत्वपूर्ण है. हमने बरगुर (कृष्णगिरी जिले में एक विधानसभा क्षेत्र) में पूर्व मुख्यमंत्री जयललिता को हराया. एम. करुणानिधि ने पार्टी के पूर्व जिला सचिव सुगवानम को जयललिता के खिलाफ चुनाव लड़ने के लिए मैदान में उतारा था...तो, यह बहुत खास है.

प्रश्न: चुनाव प्रचार की आपकी शैली इंटरैक्टिव है. आप सवाल पूछते हैं और लोग जवाब देते हैं? यह आपके लिए कैसा है?

उदयनिधि स्टालिनः पिछली बार, मैंने संसदीय चुनावों के लिए 38 निर्वाचन क्षेत्रों का दौरा किया था. मेरा भाषण अन्य राजनेताओं की तरह नहीं दे सकता. मैं उनकी तरह भाषण नहीं दे सकता. मुझे लोगों से बातचीत करना अच्छा लगता है तो, मैं लोगों से पूछता हूं कि आप कैसे हैं? आपने खाना खाया? आपका विधायक कौन है? क्या उसने आपके लिए काम किया? क्या आप अपने उम्मीदवार को जानते हैं? यहां तक कि अगर मैं कुछ बिंदु भूल जाता हूं, तो लोग मुझे बताते हैं कि यह क्या है. लोग खुद ही मंत्रियों के भ्रष्टाचार की बात बताते हैं. 

Advertisement
रैली को संबोधित करते उदयनिधि स्टालिन (फोटो-PTI)

सवालः आप एक्टिंग भी करते हैं और अब राजनीति में हैं, आपकी प्राथमिकता क्या है? 

उदयनिधि स्टालिनः सिनेमा एक पेशा है. राजनीति मेरा जुनून है. कई लोग सोचते हैं कि मैंने अचानक राजनीति में एंट्री मारी है. लेकिन मैं बता दूं कि मैंने स्कूल और कॉलेज के दौरान भी चुनाव प्रचार किया है. मैंने मेयर के चुनाव के लिए प्रचार किया है. मैंने चेपक विधानसभा क्षेत्र में अपने दादा के लिए प्रचार किया है. मैंने डोर-टू-डोर प्रचार किया है. मैं तब सेलिब्रिटी नहीं था. उस समय कोई मोबाइल या सोशल मीडिया नहीं था इसलिए कोई नहीं जानता था. सिनेमा में आने के बाद मैं राजनीति से दूर हो गया था. मैं सिनेमा और राजनीति का घालमेल नहीं करना चाहता था. पिछले संसदीय चुनावों के दौरान, एक नेता ने मुझे ग्राम सभा की बैठकों में भाग लेने के लिए बुलाया. वह एक अच्छा अनुभव रहा. मैंने विभिन्न गांवों का दौरा किया, लोगों से बात की और अच्छा अनुभव हासिल किया. चूंकि मैं सिनेमा में एक जाना माना चेहरा हूं, इसलिए लोगों ने जोरदार स्वागत किया.

सवालः आपने सिनेमा को पहले क्यों चुना?

उदयनिधि स्टालिनः मैंने सिनेमा नहीं चुना. सिनेमा ने मुझे चुना. मेरे परिवार में कई लोग सिनेमा में रहे हैं. मेरे दादाजी सिनेमा में थे. उन्होंने कहानियां और संवाद लिखे. चाचा मुरासोली मारन ने कई फिल्मों का निर्माण किया. उन्होंने कई फिल्मों का निर्देशन किया. एक और चाचा सेल्वम फिल्मों में आए थे. मेरे पिता फिल्मों में काम कर चुके हैं. उन्होंने धारावाहिकों में अभिनय किया है. हमारे पास पूमपुहर प्रोडक्शन और मेघला पिक्चर्स हैं. हम लोग सिनेमा की शूटिंग देखने जाते थे. इसलिए, मैं एक निर्माता बन गया. अभिनय इसलिए किया क्योंकि एक बार निर्देशक केएस रविकुमार ने मुझे एक्टिंग के लिए बोला था. वह हमेशा अपनी फिल्मों में कैमियो रोल करते हैं. ‘अधवन’ की फिल्म की शूटिंग के दौरान, मैं दुबई में था. उन्होंने फोन किया और कहा कि वह फिल्म में एक कैमियो रोल कर रहे हैं. उन्होंने कहा मुझे भी उनके साथ एक्टिंग करनी चाहिए. मैंने कहा मुझे कोई दिलचस्पी नहीं है. लेकिन उन्होंने कहा कि आपको यह करना चाहिए. वह बहुत अच्छे दोस्त हैं. इस तरह फिल्मी दुनिया में मेरी एंट्री हुई. उसके बाद कई निर्देशकों और निर्माताओं ने कहानियां सुनाना शुरू किया. मुझे लगा कि मैं इसे आजमाऊं. इस प्रकार मैंने 'ओरु काल ओरु कन्नडी' में अभिनय किया. हमें उम्मीद थी कि यह एक हिट होगी, लेकिन यह एक सुपर-डुपर हिट हुई. युवा विंग के सचिव बनने के बाद, मैंने राजनीति पर अधिक ध्यान केंद्रित करना शुरू कर दिया. 

Advertisement

सवालः क्या आप कहते हैं कि तमिलनाडु को NEET से छूट मिलन चाहिए?

उदयनिधि स्टालिनः तमिलनाडु NEET नहीं चाहता. NEET से पहले भी हमने विश्व प्रसिद्ध डॉक्टर दिए हैं. तमिलनाडु को भारत के मेडिकल हब के रूप में देखा जाता था. उत्तर भारत के लोग यहां इलाज कराने आते थे. चुनाव प्रचार के दौरान कई युवा मिले, उनका कहना था कि NEET ठीक नहीं है. वे पहली बार वोट देने जा रहे हैं. अब वे कला, विज्ञान और नर्सिंग के लिए एनईईटी शुरू कर रहे हैं. बच्चों को स्कूलों में क्यों पढ़ना चाहिए?

बीजेपी राज्य की स्वायत्तता को नष्ट करना चाहती है. वे चाहते हैं कि केंद्र राज्य को कंट्रोल करे. डीएमके हमेशा राज्य में स्व-शासन और केंद्र में गठबंधन में विश्वास करता है. जब जयललिता जीवित थीं, तब उन्होंने केंद्र सरकार की कई योजनाओं की अनुमति नहीं दी थी. लेकिन मौजूदा केंद्र सरकार गुलाम AIADMK सरकार के माध्यम से अपना एजेंडा लागू कर रही है.
 
प्रश्न: आपको क्या लगता है बीजेपी का एजेंडा क्या है?

उदयनिधि स्टालिनः बीजेपी AIADMK को टेकओवर करना चाहती है. अम्मा की मौत के बाद अन्नाद्रमुक में कोई ढंग का नेतृत्व नहीं है. वे (बीजेपी) अपने दम पर सरकार नहीं बना सकते. इसलिए, उन्होंने एक पार्टी का सहारा लिया है. वे जो कुछ भी चाहते हैं इस सरकार के माध्यम से हासिल कर रहे हैं. शिक्षा समवर्ती सूची में है. लेकिन अब वे सब कुछ केंद्र सरकार के पाले में डाल रहे हैं. इन सब चीजों से छात्र सबसे ज्यादा प्रभावित हुए हैं. नई शिक्षा नीति है. 10वीं और 12वीं की परीक्षा है. अब वे तीसरी और 5वीं कक्षा के छात्रों के लिए इस तरह की परीक्षा ला रहे हैं. यह आवश्यक नहीं है. DMK का मुख्य उद्देश्य सभी के लिए शिक्षा सुनिश्चित करना है. 10वीं की परीक्षा में असफल रहने वाले आमतौर पर 11वीं कक्षा की पढ़ाई नहीं करते हैं. यदि वे 12वीं में नाकाम होते हैं, तो वे स्वयं कॉलेज नहीं जाते हैं. तीसरी कक्षा में पब्लिक एग्जाम की क्या उपयोगिता है?
 
सवालः बीजेपी का कहना है कि DMK एक हिंदू विरोधी पार्टी है?

Advertisement

उदयनिधि स्टालिनः हम किसी जाति या धर्म के खिलाफ नहीं हैं. अगर मेरे घर के अंदर विनयागार की मूर्ति है तो यह महत्वपूर्ण नहीं है. द्रमुक का कहना है कि सभी को मंदिर में एंट्री का अधिकार होना चाहिए. हम मानते हैं कि सभी समान हैं. DMK की विचारधारा एक ईश्वर एक धर्म है. मैं भगवान में विश्वास नहीं करता. मेरे घर में पूजा घर नहीं है. लेकिन मेरी मां भगवान में विश्वास करती हैं, इसलिए उनके पास एक पूजा कक्ष है. हम अपने पूर्वजों का सम्मान करते हैं. मेरे दादाजी के घर में एक अलमारी थी जिसमें उनके पूर्वजों के चित्र थे. लेकिन अगर कोई भगवान में विश्वास करता है, तो यह उनकी इच्छा है. मेरी मां सभी मंदिरों में जाती हैं. मैं उनके खिलाफ कुछ नहीं कहता.
 
प्रश्न: शशिकला ने कहा है कि वह राजनीति से दूर रहेंगी।

उदयनिधि स्टालिनः मुझे लगता है कि बीजेपी ने शशिकला को भी धमकी दी है. उनके और टीटीवी दिनाकरन के खिलाफ कई मामले हैं. फेरा और अन्य मामले हैं. उन पर चुप रहने का दबाव बनाया गया होगा. उन्होंने कहा था कि वह राजनीति में वापस आएंगी, और फिर अचानक राजनीति से दूर रहने का फैसला कर लिया. बीजेपी उन्हें डराने-धमकाने के लिए किसी भी हद तक जा सकती है.

Advertisement
उदयनिधि स्टालिन

प्रश्न: अन्नाद्रमुक का कहना है कि जयललिता की मौत के लिए आपके पिता जिम्मेदार हैं?

उदयनिधि स्टालिनः आप जयललिता को कितना शर्मिंदा करोगे. आपने उन्हें आयरन लेडी कहा. क्या किसी केस की वजह से उनकी मौत हो जाएगी? हमें नहीं पता कि उन्हें उचित इलाज मुहैया कराया गया या नहीं. यही पर्याप्त है कि जयललिता अम्मा की मौत एक साजिश है.

सवालः कमल हासन पर क्या कहेंगे?

उदयनिधि स्टालिनः हम कमल हासन को चुनौती नहीं मानते. हमारा मुख्य प्रतिद्वंदी अन्नाद्रमुक और बीजेपी हैं. वह कोई बड़ा खतरा नहीं हैं. कोई भी नहीं समझता कि वह क्या बात कर रहे हैं. उनकी सिनेमा में साख है लेकिन राजनीति में उन्हें कोई नहीं जानता कि वह क्या स्टैंड लेंगे. अचानक उन्होंने कलइगनर (करुणानिधि) का अपमान करना शुरू कर दिया. तालियों के लिए वह यह सब कर रहे हैं. फिर अचानक अपने बयान पर खेद भी जता दिया. मैं उन्हें गंभीरता से नहीं लेना चाहता.

रजनीकांत?
 
उदयनिधि स्टालिनः हर कोई जानता है कि किसने उन्हें राजनीति में जाने के लिए मजबूर किया. सिवाय उनके सबको पता है. वह एक सुपरस्टार हैं. उन्होंने सेहत का हवाला देकर चुनाव नहीं लड़ने का फैसला किया. मैं उनके फैसले की सराहना करता हूं. हम उनके अच्छे स्वास्थ्य की कामना करते हैं.

Advertisement

सवालः बीजेपी और AIADMK पर क्या कहेंगे?

उदयनिधि स्टालिनः AIADMK और BJP एक ही हैं. राज्यपाल ने पलानीस्वामी और पनीरसेल्वम को एकजुट किया. हाल ही में, दोनों के बीच अनबन चल रही थी. प्रधानमंत्री ने आकर उन्हें एकजुट किया. उन्होंने एकता दिखाने के लिए अपने हाथ उठाए. लेकिन चुनावों के लिए वे अलग-अलग विज्ञापन दे रहे हैं. अभी भी शीत युद्ध चल रहा है. चुनाव के बाद AIADMK में घमासान देखने को मिलेंगे. 

सवालः क्या ओवैसी की पार्टी पर पड़ेगा असर?

उदयनिधि स्टालिनः ओवैसी की पार्टी पर कोई असर नहीं होगा. उनकी पार्टी केवल चुनाव के लिए मैदान में आई है. सीएए कानून आने पर वे अल्पसंख्यकों के साथ नहीं थे. डीएमके एकमात्र पार्टी थी जिसने सीएए का विरोध किया था. इसका विरोध करते हुए मुझे पहली बार गिरफ्तार किया गया था तो, लोग जानते हैं. 
 
प्रश्न: तमिलनाडु के लिए आपका विजन क्या है?

हमारे नेता ने तमिलनाडु के लिए सात विजन का ऐलान किया है. हम उसे जमीन पर उतारना चाहते हैं. AIADMK सरकार ने तमिलनाडु को पिछड़ा बना दिया है. इसलिए, हम इसे बदलना चाहते हैं. हम दो लाख नई नौकरियां पैदा करेंगे. हम नया रोजगार लाएंगे. तमिलनाडु के लोग कभी किसी के गुलाम नहीं होंगे. यह द्रविड़ और आर्यन विचारधारा के बीच जंग है. संसदीय चुनावों की तरह लोग उन्हें (बीजेपी) बाहर फेंक देंगे.

Advertisement

(उदयनिधि स्टालिन से प्रियंवदा पी. ने बातचीत की)


 

Advertisement
Advertisement