
यूपी विधानसभा चुनाव 2022 से पहले सियासी पारा चढ़ने लगा है. हर सियासी दल राजनीतिक गणित सेट करने में जुटा है. सियासी बढ़त पाने की इस जद्दोजहद में अब ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) के प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी की भी एंट्री हो गई है. असदुद्दीन ओवैसी ने मंगलवार को अयोध्या के रुदौली में जनसभा को संबोधित किया.
असदुद्दीन ओवैसी ने यूपी सरकार, सीएम योगी आदित्यनाथ के साथ ही भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी), समाजवादी पार्टी (सपा) पर भी हमला बोला. सांप्रदायिक और सेक्यूलरिज्म की भी बात की और साथ ही रैली से पहले पोस्टर में फैजाबाद को लेकर भी अपनी बात रखी. ओवैसी ने सपा से गठबंधन को लेकर भी अपनी स्थिति स्पष्ट कर दी. उन्होंने कहा कि लोग पूछते हैं कि सपा से क्यों नहीं मिलते. ये अखिलेश से जाकर पूछो. मैं अपनी इज्जत का सौदा नहीं कर सकता. बात अगर होगी तो बराबरी से होगी.
बीजेपी पर तंज करते हुए एआईएमआईएम प्रमुख ने कहा कि किसी का नाम अतीक या मुख्तार होगा तो वह बाहुबली होगा. जिसका कुलदीप, प्रज्ञा या सुरेश होगा तो वह लोकप्रिय नेता होगा. उन्होंने कहा कि अतीक का ताल्लुक कमजोर समाज से है. अतीक अहमद आज एआईएमआईएम में शामिल हुए हैं. ओवैसी ने कहा कि सपा, बसपा, बीजेपी, कांग्रेस को एक तकलीफ है कि मुसलमानों की कोई पॉलिटिकल लीडरशिप न बन पाए. उन्होंने दागी जनप्रतिनिधियों के मसले पर भी सत्ताधारी बीजेपी को घेरा और कहा कि इनके 37 फीसदी विधायकों पर केस है. इनके कई सांसदों पर भी मामले दर्ज हैं.
यूपी का मुसलमान परेशान
ओवैसी ने कहा कि यूपी का मुसलमान परेशान है. जब सबको उसका हिस्सा मिलेगा, तभी चीजें बेहतर होंगी. मुस्लिमों को उनका हिस्सा नहीं मिला. सेक्युलरिज्म के झूठे वादों पर मुसलमानों ने कभी बसपा तो कभी सपा तो कभी कांग्रेस को वोट दिया. उन्होंने कहा कि आपको देखना है कि आपकी असल ताकत क्या है. यह कहने पर मजबूर हूं कि सबसे कम पढ़े लिखे मुस्लिम ही हैं. क्या इसका जिम्मेदार ओवैसी है?
ओवैसी ने कहा कि जेल में सबसे ज्यादा मुस्लिम ही बंद हैं. यहां से अगर एआईएमआईएम का विधायक बनेगा तभी बीजेपी को शिकस्त दे पाएंगे. उन्होंने कहा कि हम पर आरोप लगते रहे कि मजलिस वोट काटने आती है. बताना चाहता हूं कि हम काटने नहीं, जोड़ने के लिए आते हैं. ओवैसी ने विकास की भी बात की और कहा कि सपा से पूछिए यहां ओवरब्रिज क्यों नहीं बना. ऐसा पूछा तो वे बोलेंगे कि ओवैसी यहां से गया था इसलिए नहीं बना.
सीएम पर तंज- बाबा कहेंगे नाम बदल दो
एआईएमआईएम प्रमुख ने सीएम योगी पर भी तंज किया और नाम लिए बगैर कहा कि बाबा को बोलेंगे ओवरब्रिज तो वे कहेंगे नाम बदल दो. यहां का सीएचसी खंडहर में तब्दील हो गया है. पाइपलाइन के लिए सड़क खोद दी पर बनी नहीं. बाबा को बोल दो नाम बदल दो यही होगा. उन्होंने सवाल किया कि डेंगू से बच्चे मर गए. क्या नाम बदलने से बच्चे बच जाएंगे.
मोदी ने 116 करोड़ दिए, खर्च हुए बस 16
असदुद्दीन ओवैसी ने कहा कि मुस्लिमों के लिए पीएम मोदी ने सीएम योगी को 116 करोड़ रुपये दिए लेकिन बाबा ने बस 16 करोड़ रुपये ही खर्च किए. उन्होंने सवाल किया कि रुदौली में कोई सरकारी स्कूल क्यों नहीं है. अफगानिस्तान का जिक्र करते हुए ओवैसी ने कहा कि इन्हें वहां की महिलाओं की बहुत चिंता है लेकिन हमारी बेटियों का क्या जिन्हें हम पढ़ाना चाहते हैं, काबिल बनाना चाहते हैं. उन्होंने कहा कि यूपी में चुनाव आ रहे हैं तो अब तालिबान शुरू हो जाएगा. आप तालिबान को बैन क्यों नहीं करते, इसका कोई जवाब नहीं है.
अयोध्या में आधे बच्चे कमजोर
एआईएमआईएम प्रमुख ने कहा कि योगी ने कहा था लैपटॉप देंगे. यहां के कितने बच्चों को लैपटॉप का इस्तेमाल करना आता है. स्वास्थ्य में भी यहां हालात चौपट हैं. योगी सरकार के बाद यहां कितने हॉस्पिटल खुले, एक भी नहीं. रुदौली जूझ रहा है. उन्होंने कहा कि यहां पांच साल की उम्र के बच्चे क्यों कमजोर हो जाते हैं. अयोध्या में करीब आधे बच्चे कमजोर हैं. आधे बच्चे ओवरवेट हो जाते हैं. आखिर क्यों कभी इन मुद्दों पर बात नहीं होती.
फैजाबाद से इतनी जलन क्यों
पोस्टर में अयोध्या की बजाय फैजाबाद होने को लेकर भी विवाद हुआ था. ओवैसी ने विवाद का जिक्र किए बगैर कहा कि अयोध्या भी भारत में है, फैजाबाद भी भारत में है और ओवैसी भी भारत में है. कुछ लोग टीवी पर भाषण देते हैं जिससे उन्हें मोदी देख लें. हम अयोध्या भी जाएंगे, कश्मीर गए तो अयोध्या क्यों नहीं जाएंगे. उन्होंने साथ ही ये सवाल भी उछाल दिया कि फैजाबाद नाम से आखिर इतनी जलन क्यों है. ओवैसी ने कहा कि अशफाक उल्ला को यहां की जेल में फांसी दी जा रही थी तब क्या उनकी जुबान पर कुरान नहीं था. सिर्फ अल्लाह का मोहताज हूं, दिलों में इंकलाब पैदा करना होगा.
जिंदा हो तो जिंदा कौम की मिसाल बनो
एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी इतने पर ही नहीं रुके. उन्होंने कहा कि अगर जिंदा हो तो जिंदा कौम की मिसाल बनो. अगर हम पंडित राम प्रसाद बिस्मिल और अशफाक उल्ला के ख्वाब पूरे करना चाहते हैं तो सबको सबका हिस्सा देना होगा. उन्होंने कहा कि रुदौली के यादव भाइयों ने अखिलेश को हरा दिया था. बीजेपी के यादव को वोट दिया था. अबकी एआईएमआईएम के उम्मीदवार को जिताएं.