बॉलीवुड एक्टर अर्जुन रामपाल 7 घंटे तक चली पूछताछ के बाद NCB दफ्तर से रवाना हो गए हैं. उन्होंने बताया कि वह जांच प्रक्रिया में पूरी तरह कॉपरेट कर रहे हैं. उन्होंने कहा कि उनका ड्रग्स से कोई लेना देना नहीं है. अर्जुन रामपाल ने बताया उनके घर पर पाई गई दवाइयां और प्रस्क्रिप्शन NCB के अधिकारियों को सौंप दिए गए हैं. नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो के अधिकारी बहुत शानदार काम कर रहे हैं, मैं जांच प्रक्रिया में उनका पूरा सपोर्ट कर रहा हूं.
बता दें कि ड्रग्स कनेक्शन को लेकर बॉलीवुड सितारों पर एनसीबी का शिकंजा कसता जा रहा है. अर्जुन से पहले उनकी लिव इन पार्टनर गैब्रिएला से एनसीबी ने पूछताछ की. मालूम हो, अर्जुन रामपाल के बंगले पर सर्च ऑपरेशन के बाद NCB ने एक्टर और उनकी लिव इन पार्टनर गैब्रिएला को समन भेजा था. उनके घर से बैन दवाईयां बरामद की गई थीं.
एनसीबी की गिरफ्त में अर्जुन का करीबी
दूसरी तरफ, NCB ने ऑस्ट्रेलियन मूल के आर्किटेक्ट पॉल बार्टल को सुशांत सिंह राजपूत ड्रग्स केस में गिरफ्तार किया है. पॉल बार्टल पकड़े गए ड्रग सप्लायर Agisialos Demetriades (अर्जुन रामपाल की लिव इन पार्टनर गैब्रिएला का भाई) और अर्जुन रामपाल का करीबी है. NCB सूत्रों के मुताबिक, अर्जुन रामपाल और पॉल बार्टल से आमने सामने बैठाकर पूछताछ हो सकती है.
बुधवार की रात NCB ने पॉल के बांद्रा स्थित घर पर रेड की थी. पॉल के घर से कोई बरामदगी नहीं की गई. बाद में एनसीबी ने समन जारी कर पॉल गुरुवार को पूछताछ के लिए बुलाया था. तकरीबन 9 घंटे की पूछताछ के बाद पॉल को एजेंसी ने गिरफ्तार किया.
ड्रग्स केस में कैसे सामने आया अर्जुन का नाम?
इस पूरे केस में अर्जुन और उनकी लिव इन पार्टनर का नाम तब सामने आया, जब एनसीबी को गैब्रिएला डेमेट्रियड्स के भाई Agisialos Demetriades के पास से हशीश और एल्प्राजोलम की टेबलेट्स बरामद हुईं. अभी Agisialos Demetriades एनसीबी की गिरफ्त में है. NCB सूत्रों के अनुसार, उन्हें अर्जुन और गैब्रिएला के खिलाफ इलेक्ट्रॉनिक सबूत मिले हैं.
ये भी पढ़ें