scorecardresearch
 

Lata Mangeshkar को कौन सा गाना लगा था मुश्किल? स्वर कोकिला ने दिया था ये जवाब

लता मंगेशकर ने अपनी जिंगदी में हजारों सदाबहार और खूबसूरत गाने गाए हैं. उनके गानें हर पीढ़ी के लोग गुनगुनाते हुए नजर आते हैं. म्यूजिक लता जी की रूह में बसता था. गायकी में लता मंगेशकर को महारत हासिल थी. लता जी ने मुश्किल से मुश्किल गाने बहुत ही शानदार तरीके से गए हैं, जो हमेशा लोगों के दिलों में छाए रहेंगे. 

Advertisement
X
लता मंगेशकर
लता मंगेशकर
स्टोरी हाइलाइट्स
  • लता मंगेशकर ने अपने जीवन में हजारों सदाबहार गाने गाए हैं
  • लता के निधन पर देशभर के लोग शोक में हैं

स्वर कोकिला लता मंगेशकर की आवाज में एक ऐसी खास कशिश और जादू था कि उनके गाने सुनकर किसी के भी दिल को खास सुकून मिलता था. लता दीदी तो हमेशा के लिए शांत हो गईं, लेकिन उनके खूबसूरत गानों की गूंज और चमक हमेशा बरकरार रहेगी. लता मंगेशकर के निधन की खबर से सिर्फ देश में ही नहीं, बल्कि दुनियाभर में शोक की लहर है. 

Advertisement

लता मंगेशकर ने अपनी जिंगदी में हजारों सदाबहार और खूबसूरत गाने गाए हैं. उनके गानें हर पीढ़ी के लोग गुनगुनाते हुए नजर आते हैं. म्यूजिक लता जी की रूह में बसता था. गायकी में लता मंगेशकर को महारत हासिल थी. लता जी ने मुश्किल से मुश्किल गाने बहुत ही शानदार तरीके से गए हैं, जो हमेशा लोगों के दिलों में छाए रहेंगे. 

लता मंगेशकर को कौन सा गाना लगा था मुश्किल?

लेकिन क्या आप जानते हैं कि एक इंटरव्यू में जावेद अख्तर ने लता मंगेशकर से पूछा था कि क्या उन्हें कोई गाना मुश्किल लगा है? इसपर लता जी ने बड़ा ही दिलचस्प जवाब दिया था. 

लता जी ने कहा था- नहीं, लेकिन शुरू-शुरू में मुझे लगता था कि ये गाना मुश्किल है. खासकर जब सज्जाद साहब का कोई गाना आता था तो मैं काफी चिंतित रहती थी, क्योंकि वो गानों की सुर और गायकी को लेकर काफी पर्टिकुलर थे. वो अरेबिक म्यूजिक से काफी ज्यादा जुड़े थे, इसलिए उन्हें लगता था कि किसी ने 'सा' लगाया तो ऐसा नहीं होना चाहिए, सॉफ्ट होना चाहिए था. 

Advertisement


कैसे बीते Lata Mangeshkar के जीवन के आखिरी महीने, एक सादा एकांत रूटीन और उस डिनर का इंतज़ार... 

लता मंगेशकर को श्रद्धांजलि दें

लता मंगेशकर ने आगे कहा था- वो कहते थे कि बोलों पर जोर नहीं दो, आलाप जोर से नहीं लगाओ. मैंने उनसे ये सब सीखा है. इसलिए जब उनका गाना आता था तो मुझे डर लगता था कि मैं कुछ ऐसा ना गा जाऊं, जो उन्हें खराब लगे. 

लता जी ने कहा था- मैं गाना गाते हुए हमेशा इस बात का ध्यान रखती थी कि म्यूजिक डायरेक्टर को ये नहीं लगना चाहिए कि अरे मैंने क्या बनाया था और इसने क्या गा दिया. गाने के अंत में उनके मुंह से बस यही निकलना चाहिए कि अच्छा गया है. 

आज सुरों की मल्लिका लता मंगेशकर के निधन ने हर किसी को हिला कर रख दिया है. सेलेब्स से लेकर दुनियाभर के फैंस तक, हर कोई नम आंखों से लता दीदी को श्रद्धांजलि दे रहा है. 

 

Advertisement
Advertisement