कीर्ति कुल्हारी को 'बैडएस रवि कुमार' फिल्म के ट्रेलर में देखकर कई लोग चौंक गए थे. आमतौर पर कीर्ति सीरियस रोल करती हैं, ऐसे में बैडएस रवि कुमार में उन्हें फीमेल फेटेल के तौर पर देख कई लोग हैरान थे. खुद कीर्ति का भी मानना है कि वो और हिमेश एक-दूसरे से काफी अलग हैं. ऐसे में जब उनके पास फिल्म का ऑफर आया था तो वो हैरान थी.
कीर्ति खुद हैरान थी
न्यूज 18 से बातचीत में कीर्ति कहती हैं, 'मैं समझती हूं लोगों को ऐसा क्यों फील हो रहा है. उन्हें लग रहा था कि क्या वो मुझे सच में देख रहे हैं. यही वजह है कि लोगों को दोबारा से जाकर ट्रेलर देखना पड़ा कि क्या सच में, मैं हूं या फिर कोई और है. कीर्ति आगे कहती हैं, 'जब 'बैडएस रवि कुमार' के लिए उनसे कॉन्टेक्ट किया गया तो वो खुद शॉक्ड थी'.
हिमेश ने बदलाव से साफ मना कर दिया था
कीर्ति कहती हैं कि वो और हिमेश पैरेलल दुनिया में रहते हैं. वो कभी कैसे मिल सकते हैं. मुझे याद है कि फिल्म में कुछ डायलॉग थे जिसे में चेंज करना चाहती थी. उसमें कुछ जोड़ना चाहती थी और कुछ हटाना चाहती थी. मैं अलग तरीके से डायलॉग कहना चाहती थी. लेकिन हिमेश ने मुझे ऐसा करने से मना किया था. उन्होंने कहां या तो तुम फिल्म करो या छोड़ दो लेकिन डायलॉग चेंज नहीं होगा.
उन्होंने साफ कर दिया कि अगर फिल्म करना है तो उनके तरीके से काम करना होगा या फिर फिल्म ही नहीं करनी होगी. तब मैंने डिसाइड किया कि मुझे ये फिल्म करनी है.
हिमेश का साफ इरादा कीर्ति को पसंद आया था
हिमेश का इस तरह से साफ-साफ अपनी बात रखना कीर्ति को पसंद आया. उनका साफ कहना था कि हमारे पास जो कुछ भी है उसमें कोई छेड़छाड़ नहीं होगी. मुझे यह जानकर खुशी हुई कि आखिर कोई तो है, जिसे पता है कि वो क्या कर रहा है. क्या फिल्म साइन करने से पहले उनके मन में कोई सवाल नहीं था. इस पर कीर्ति कहती हैं, 'मेरे मन में सवाल था कि आखिर यह फिल्म मेरे करियर पर क्या असर डालेगी. मेरी ऑडियंस मेरे बारे में क्या सोचेंगी. लेकिन मैं खुद को चैलेंज देना चाहती थी.
'बैडएस रवि कुमार' 7 फरवरी को सिनेमाघरों में रिलीज हुई थी. इस फिल्म में हिमेश और कीर्ति के अलावा सौरभ सचदेवा, जॉनी लीवर और संजय मिश्रा जैसे बड़े कलाकार हैं. इस फिल्म को जुनैद खान और खुशी कपूर की फिल्म 'लवायापा' और 'सनम तेरी कसम' की री-रीलीज से कड़ी टक्कर मिली थी. यह फिल्म 'छावा' के रिलीज के बाद भी सिनेमाघरों में टिकी हुई है.