एक सुबह जुहू मार्केट से एक लड़का गुजर रहा था. वहां स्थित हर दुकान को ध्यान से देख रहा था. उन तमाम वाकयों को याद करने की कोशिश कर रहा था जो बचपन में उसके साथ वहां घटी थीं. गली में लोगों को परेशान करना, मस्ती-मजाक करना, किराना स्टोर पर जाकर शैतानियां करना, पैसे न होने पर दुकानदारों से चॉकलेट और आइसक्रीम उधार पर लेकर खाना, ये सब बातें इस लड़के को उस बाजार में खड़े- खड़े याद आ रही थीं. वहां के लोग भी इसे भूले नहीं थे. नाम लेकर उसे अपने पास बुला रहे थे. यह लड़का कोई और नहीं, बल्कि जायद खान था. जल्द ही एक्टर कमबैक करने वाले हैं. तैयारियों में लगे हैं.
कैसे मिली 'मैं हूं ना'
स्टार किड होने के कई फायदे हैं. आपको कॉन्टैक्ट्स ढूंढ़ने की जरूरत नहीं पड़ती, क्योंकि आपके पेरेंट्स के पास सबके पर्सनल फोन नंबर जो होते हैं. आपको ऑडिशन नहीं देना पड़ता, क्योंकि आपके बारे में पहले से ही इंडस्ट्री के लोग जानते हैं. और आप जब किसी स्टूडियो या फिल्म निर्माता के दफ्तर जाते हैं तो वहां कोई आपको रोकता नहीं, क्योंकि न्यूज में आप अपनी फेस वैल्यू तो बना ही चुके होते हैं. जायद के साथ भी कुछ ऐसा ही हुआ. जायद, फराह खान को फिल्म 'चुरा लिया है तुमने' में एक गाने के लिए अप्रोच कर रहे थे. रोज फराह को न जाने कितनी कॉल्स करते थे. पर फराह थीं कि उन्हें रिस्पॉन्ड नहीं करती थीं. लगातार फोन कॉल्स से परेशान होकर एक दिन फराह ने जायद का फोन उठाया और उन्हें उनके ऑफिस मिलने आने के लिए कहा. तब, जायद नहीं जानते थे कि फराह 'मैं हूं ना' फिल्म बना रही हैं और वही इस फिल्म का निर्देशन भी संभालेंगी.
जायद, फराह के ऑफिस गए. फराह ने पूछा कि आजकल क्या कर रहे हो? जायद ने अपनी फिल्म के बारे में बताया. पर फराह किसी और बात में दिलचस्पी रख रही थीं. वह जायद को अपनी फिल्म 'मैं हूं ना' के बारे में बताने जो वाली थीं. फराह ने जायद से कहा कि वह फिल्म बना रही हैं और उसमें उन्हें सेकेंड लीड रखा है, क्योंकि फर्स्ट शाहरुख खान हैं. सुनील शेट्टी विलेन हैं. इतनी देर में वहां शाहरुख आते हैं. फराह उन्हें बताती हैं कि जायद में काफी पोटेंशियल है और उन्होंने सेकेंड लीड के लिए उन्हें फाइनल किया है. शाहरुख, झट से जायद से पूछते हैं कि एक बात बता, तुझे एक्टिंग आती है न? जायद, शाहरुख के इस सवाल से काफी हर्ट हुए थे.
जब फराह खान ने मारी थी सबके सामने जायद को चप्पल
फिल्म 'मैं हूं ना' में 'लकी' का किरदार जायद ने ही निभाया था. जब फिल्म की शूटिंग फराह ने शुरू की तो उन्होंने सेट पर मौजूद कास्ट और क्रू के लिए कुछ रूल्स सेट किए. फराह अपनी पहली फिल्म में ज्यादा परेशानी नहीं चाहती थीं. सॉन्ग 'चलें जैसे हवाएं' की शूटिंग एक ही टेक में होनी थी. सबने अपनी परफॉर्मेंस दी. पर जब जायद का नंबर आया तो एक्टर ने अचानक से 'कट' बोल दिया, क्योंकि उनके साथ डांस करने वाले शख्स को मिर्गी का दौरा पड़ गया था. फराह को जायद की यह हरकत पसंद नहीं आई थी. ऐसे में उन्होंने एक्टर की काफी डांट लगाई थी. साथ ही उनपर चप्पल फेंकते- फेंकते रुकी थीं. कई बार जायद सेट पर ऐसी हरकत कर देते थे कि फराह को जायद पर अपनी चप्पल फेंकनी ही पड़ जाती थी (मजाक में). सिमी ग्रेवाल के साथ इंटरव्यू में भी जायद ने इस वाकये का जिक्र किया था.
कैसा बीता बचपन?
5 जुलाई, 1980 में संजय खान (एक्टर) और जरीन खान (इंटीरियर डिजाइनर) के घर पैदा हुए जायद खान का पूरा नाम जायद अब्बास खान है. यह तीन बहनों के इकलौते भाई हैं और घर में सबसे छोटे भी. सबसे बड़ी बहन सिमॉन खान हैं, जिन्होंने अजय अरोड़ा से शादी की. दूसरी बहन सुजैन खान हैं, जिनकी शादी ऋतिक रोशन से हुई पर अब डिवोर्स ले चुकी हैं. इनके दो बच्चे हैं और आजकल अर्सलान गोनी को डेट कर रही हैं. तीसरी बहन, फराह खान अली हैं, जिनकी शादी डीजे अकील से हुई पर अब ये दोनों भी अलग हो चुके हैं. और फरदीन खान इनके कजिन हैं जो कमबैक के लिए तैयार हैं.
जायद खान ने देहरादून के बॉर्डिंग स्कूल से अपनी पढ़ाई की. ईशा देओल और मलाइका पारेख इनकी बचपन की दोस्त रहीं. देहरादून के बाद जायद कोडईकनाल भी पढ़ाई के लिए गए. वहां से फिल्म मेकिंग की पढ़ाई करने के लिए लंदन फिल्म अकादमी चले गए थे. जायद बचपन से ही एक्टर बनना चाहते थे. पापा संजय खान के साथ जब 11 साल के जायद फिल्म सेट पर जाते थे तो वहां की चकाचौंध देख काफी खुश हो जाते थे. जायद ने साल 2003 में ईशा देओल के साथ फिल्म 'चुरा लिया है तुमने' से डेब्यू किया था, पर फिल्म बुरी तरह बॉक्स ऑफिस पर पिट गई थी. हालांकि, इसका सॉन्ग 'मोहब्बत है मिर्ची' दर्शकों के बीच काफी हिट हुआ था. थोड़ी बहुत पहचान जो जायद को मिली, वो इसी गाने से मिल पाई थी.
बहनों से पैसे लेकर लड़कियों को डेट पर लेकर जाते थे जायद
सिमी ग्रेवाल के टॉक शो Rendezvous with Simi Garewal में जायद खान अपनी तीनों बहनों के साथ साल 2006 में नजर आए थे. इस दौरान एक्टर ने बताया था कि सबसे बड़ी बहन सिमॉन काफी सख्त मिजाज की हैं. वहीं, सुजैन के साथ उनकी बॉन्डिंग अच्छी रहती है. पर अगर जायद किसी मुश्किल में फंसते हैं तो उससे निकलने के लिए वह सिमॉन और फराह के पास जाते हैं.
जायद बताते हैं कि मैंने 14 साल की उम्र में कई लड़कियों को स्कूल में डेट किया. एक लड़की को डेट पर लेकर जाने में 400 रुपये का खर्च आता था. तो मैं क्या करता था कि पहले फराह के पास जाता था और उसको बताता था. उससे पैसे लेता था. फिर सिमॉन के पास जाकर रोता था, उससे भी पैसे इसी तरह एंठ लेता था. पर इन दोनों को यह नहीं पता होता था कि मैंने दोनों से पैसे वसूल लिए हैं. हालांकि, मैं इन दोनों को पैसे वापस लौटने का वादा करता था जो आजतक मैं पूरा नहीं कर पाया.
मलाइका से कैसे मिले जायद?
15 अगस्त 1995 के दिन कोडईकनाल के एक इंटरनेशनल स्कूल में सुबह 11:34 मिनट पर जायद और मलाइका (अब पत्नी) की लव स्टोरी की शुरुआत हुई थी. जायद के लिए यह मोमेंट यश चोपड़ा की किसी मूवी के सीन से कम नहीं था. पहली नजर में देखते ही जायद, मलाइका को दिल दे बैठे थे. पर मलाइका उस समय जायद को जानती नहीं थीं. बाद में किसी दोस्त के जरिए मलाइका को पता चला था कि जायद उन्हें पसंद करते हैं. तब जाकर मलाइका ने जायद को रिलेशनशिप के लिए अप्रोच किया था.
जायद क्लास में एंटर हो रहे थे और मलाइका उससे बाहर निकल रही थीं. मलाइका ने जायद को हाय बोला पर एक्टर ने रिप्लाई नहीं किया. जायद ने रिस्पॉन्ड नहीं किया, इसका एक्टर को अफसोस हुआ. क्लास के बीच में एक लड़की आई, उसने टीचर से कहा कि जायद के लिए उनके पिता संजय खान का फोन है. जायद, क्लास से उठकर जा ही रहे थे कि कॉरिडोर में मलाइका दिख गईं. मलाइका ने जायद को दोबारा हाय बोला और इस बार एक्टर ने रिप्लाई किया. मलाइका ने बताया कि मैंने झूठ बुलवाया था, क्योंकि मैं चाहती थी कि तुम क्लास के बाहर आओ और मेरे से बात करो. यहां से दोनों में बातचीत शुरू हुई. इसके बाद जायद, ग्रैजुएशन के लिए लंदन चले गए और मलाइका कोडईकनाल में ही रहकर पढ़ाई पूरी कर रही थीं. तब दोनों को एहसास हुआ कि ये एक-दूसरे को चाहते हैं. जायद उस समय 17 साल के थे और मलाइका केवल 15 साल की.
कैसे मिली पहली फिल्म?
संजय खान चाहते थे कि जायद वकील बनें पर शायद किस्मत को कुछ और मंजूर था. 11 साल की उम्र से 22-23 साल की उम्र तक जायद खान घर से बाहर रहकर पढ़ाई कर रहे थे. लंदन से जब जायद ने फिल्म एक्टिंग की पढ़ाई पूरी की तो भारत लौटने का समय आया. जायद, घर लौटे. दो साल हिंदी फिल्म इंडस्ट्री में पैर जमाने के लिए मेहनत की.
मुंबई में एक दोपहर जायद, डायरेक्टर विक्रम भट्ट के फिल्म के सेट पर जीजू ऋतिक (उस समय के) से मिलने पहुंचे. सेट के साइड में बैठे थे. ऋतिक, अमीषा पटेल संग फिल्म की शूटिंग में व्यस्त थे. ऋतिक ने जायद से कहा कि तुम बैठो, मैं फिल्म का एक सीन शूट करके आता हूं, इसके बाद तुमसे बात करूंगा. ऋतिक वहां से चले गए. जायद साइड में बैठे रहे. उस समय जायद खुद के लिए काम ढूंढ रहे थे. शारीरिक और मानसिक रूप से खुद को कहीं न कहीं फिल्मों के लिए तैयार कर चुके थे. विक्रम भट्ट की फिल्म को जो शख्स प्रोड्यूस कर रहा था, वह जायद के पास आया और कहा कि क्या तुम संजय खान के बेटे हो? जायद ने हामी भरी. प्रोड्यूसर ने कहा कि तुम अच्छे दिखते हो, क्या तुम मेरे लिए फिल्म करोगे? उस समय जायद चुप हो गए और प्रोड्यूसर से बोले कि मुझे एक दिन का सोचने का समय दें और जायद यह बोलकर वहां से निकल गए. जायद कन्फ्यूज हो गए थे. इसलिए उन्होंने समय मांगा था.
जायद, फिल्म के सेट से निकलकर सीधा अपने पिता संजय खान के पास गए. उन्हें ऑफर के बारे में बताया. संजय उन्हें काफी इंटेंस तरह से देख रहे थे और बोले कि क्या तुम जानते हो कि तुम किसके लिए काम करने का सोच रहे हो? गुड लक. जाओ खुद से करो. एक अच्छे एक्टर बनो. जिस दिन अच्छे एक्टर बन जाओगे, उस दिन मैं तुम्हारे लिए फिल्म बनाऊंगा. आजतक संजय ने जायद के लिए फिल्म नहीं बनाई. पर हां, प्रोड्यूसर ने जो फिल्म जायद को ऑफर की थी उसके लिए एक्टर ने उस समय हामी भर दी थी. फिल्म 'चुरा लिया है तुमने' बनी भी, पर चली नहीं. चौंकाने वाली बात यह रही कि जायद हाईएस्ट पेड न्यूकमर बने. डेब्यू फिल्म के लिए जायद को काफी मोटी रकम मिली थी, जिसका जिक्र गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स में भी है.