रूस और यूक्रेन के बीच चल रहे युद्ध से दुनियाभर के लोगों की भावनाएं जुड़ गई हैं. सब अब यही चाहते हैं कि युद्ध ना हो. शांति बनी रहे. मगर कोई ना कोई ऐसी परिस्थिति बन जाती है कि दुनिया के किसी कोने में युद्ध शुरू हो जाता है. 3rd वर्ल्ड वॉर तक की संभावनाएं बनने लग जाती हैं. रूस और यूक्रेन के बीच युद्ध शुरू हुए करीब 2 हफ्ते होने को हैं. दोनों देशों को काफी नुकसान उठाना पड़ा. लेकिन अभी तक कोई सुलह नहीं हो सकी है. यूक्रेन के नागरिकों के साथ दुनियाभर के लोगों की सहानभूति है. हाल ही में एक वीडियो सामने आया है जिसमें एक छोटी सी यूक्रेनी बच्ची गाना गा रही है और शांति की अपील कर रही है.
यूक्रेन की इस बच्ची ने गाया सुरीला गाना
किसी ने ट्विटर पर इस बच्ची का वीडियो शेयर किया है जिसमें वे फ्रोजन मूवी का 'लेट इट गो' सॉन्ग का यूक्रेनियन वर्जन गा रही है. इस गाने को कुल 42 अलग-अलग भाषाओं में ट्रान्सलेट किया गया है. वीडियो में देखा जा सकता है कि कैसे यूक्रेनी नागरिक एक हॉल में कैद हैं और सहमे माहौल में समय बिता रहे हैं. कोई तनाव में है तो कोई जमीन पर सो रहा है. ऐसे में बच्ची जब गाना शुरू करती है तो लोग उसकी ओर आकर्षित नजर आते हैं. लड़की करीब डेढ़ मिनट तक गाती है और पूरे रूम में सन्नाटा पसरा रहता है. लड़की जैसे ही गाना खत्म करती है तालियों की गूंज पूरे कमरे में सुनाई देती है. सभी उसके हौसले और गायन की तारीफ करते नजर आते हैं.
We see you. We really, really see you. 💙💛 https://t.co/Vhln1MjXpX
— Idina Menzel (@idinamenzel) March 7, 2022
लड़की का ये संदेश सोशल मीडिया के जरिए अब दुनियाभर में फैल रहा है. सभी उनकी तारीफ कर रहे हैं. छोटी सी बच्ची ने जंग और तनाव के बीच अपनी सुरीली आवाज से ये साबित कर दिया कि प्यार, शांति और सौहार्द की भावना के साथ ही जीवन जीना उचित है. लड़की ने फ्रोजेन फिल्म का जो गाना गाया है वो इसकी ऑरिजनल सिंगर इडिना मेंज़ल तक भी पहुंचा. उन्होंने अमेलिया की कला को एडमायर किया और लिखा- 'हम देख रहे हैं, हम सब वाकई में देख रहे हैं.'
यूक्रेन से कई सारे भारतीय आए वापस
इस वीडियो को सबसे पहले बीते गुरुवार Marta Smekhova ने शेयर किया था. उन्होंने कहा कि अमेलिया की मां से परमीशन लेने के बाद ही उन्होंने इसे पोस्ट किया. यूक्रेन-रूस की लड़ाई की बात करें तो रूस लगातार यूक्रेन पर हमला कर रहा है. देशभर के लोग इससे प्रभावित नजर आए हैं. यूक्रेन में 22 हजार के करीब भारतीय भी रहते हैं. इनमें से अधिकतर को भारत वापस लाया जा चुका है. जबकी कुछ ऐसे हैं जो अभी भी वहां फंसे हुए हैं और उन्हें सेफली भारत वापस लाने की किवायद जारी है.