पंजाब विधानसभा चुनाव 2022 के नतीजों में 92 सीटें आम आदमी पार्टी ने अपने नाम की हैं. भगवंत मान पंजाब के मुख्यमंत्री की गद्दी संभालने के लिए पूरी तरह से तैयार हैं. पूर्व मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह से लेकर अकाली दल के प्रकाश सिंह बादल और कांग्रेस के नवजोत सिद्धू तक को इन्होंने धूल चटा दी है. 48 साल की भगवंत मान सीएम बनने वाले हैं. हालांकि, दर्शकों के बीच अपने जुमलों और कॉमेडी से जगह बनाने वाले भगवंत मान का विवादों से भी पुराना नाता रहा है. आइए इनके कॉमेडियन से लेकर राजनीतिक करियर के बारे में सबकुछ जानते हैं.
मान पर आरोप लगा था कि वह संसद में शराब पीकर आते हैं. 'आप' से ही निलंबित सांसद ने तत्कालीन लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन से इसकी शिकायत भी की थी. इसे लेकर पीएम मोदी ने भी एक बार उनपर निशाना साधा था.
2019 में अरविंद केजरीवाल के साथ मंच से भगवंत मान ने शराब छोड़ने की कसम खाई थी. उन्होंने कहा था कि उन्होंने अपनी मां की बात मानते हुए शराब छोड़ दी है.
भगवंत मान का जन्म 17 अक्टूबर 1973 को पंजाब के संगरूर जिले के सतोज गांव में हुआ था. उन्होंने पंजाब के संगरूर में स्थित एसयूएस कॉलेज से बीकॉम किया. कॉमर्स के क्षेत्र में ग्रेजुएशन करने के बाद मान नौकरी या बिजनेस से दूर रहे, क्योंकि वह कुछ हटकर करना चाहते थे.
भगवंत मान ने इंद्रप्रीत कौर से शादी की, लेकिन साल 2015 में दोनों अलग हो गए. इनके दो बच्चे हैं. भगवंत मान ने अपनी किस्मत कॉमेडी की दुनिया में चमकानी शुरू की.
पंजाब के एक कॉमेडियन के रूप में जब भगवंत मान ने नेशनल टेलीविजन पर कदम रखा था तो उस समय उनके कॉमेडी शो को कांग्रेस के पंजाब प्रमुख नवजोत सिंह सिद्धू जज कर रहे थे.
हालांकि, इस बार के चुनाव में दोनों ही एक-दूसरे के प्रतिद्वंद्वी रहे. कपिल शर्मा संग भगवंत मान ने 'द ग्रेट इंडियन लाफ्टर चैलेंज' नामक एक पॉपुलर टीवी कॉमेडी शो में भाग लिया था.
भगवंत मान का निकनेम जुगनू है. परिवार के लोग उन्हें इसी नाम से पुकारते हैं. भगवंत मान ने राजनीतिक करियर की शुरुआत मनप्रीत सिंह बादल की पार्टी पंजाब पीपल्स पार्टी से की थी.
साल 2012 में इन्होंने चुनाव लड़ा, लेकिन हार गए. इसके बाद मनप्रीत कांग्रेस में शामिल हो गए और भगवंत मान आम आदमी पार्टी में आ गए. इन्होंने साल 2014 में संगरूर लोकसभा सीट से चुनाव लड़ा और जीत हासिल की.