बॉलीवुड में सुशांत सिंह राजपूत के निधन के बाद फिर नेपोटिज्म की डिबेट तेज हो गई है. कई सेलेब्स का ऐसा मानना है कि क्योंकि सुशांत बॉलीवुड में एक आउटसाइडर थे, इसलिए वो परेशान चल रहे थे. लेकिन ये जरूरी नहीं है कि हर बार नेपोटिज्म सफल रहा हो. हर बार स्टार का बेटा ही स्टार बना हो. बॉलीवुड इंडस्ट्री में कई ऐसे उदाहरण हैं जिन्हें देख पता चलता है कि कई ऐसे भी सेलेब्स रहे हैं जिनके पीछे स्टार पॉवर थी, फैमिली थी, लेकिन फिर भी वो फ्लॉप साबित हुए हैं.
उदय चोपड़ा
मशहूर डायरेक्टर यश चोपड़ा के बेटे उदय चोपड़ा का बॉलीवुड करियर कभी उड़ान ना भर सका. उदय चोपड़ा ने कई बार कोशिश की फिल्मों के जरिए फैंस के दिल में जगह बनाने की, लेकिन ऐसा कभी होता दिखा नहीं. उदय चोपड़ा को सिर्फ उनकी फिल्म मोहब्बतें और धूम के लिए जाना जाता है. इसके अलावा कोई ऐसी फिल्म नहीं हैं जहां उदय ने इंप्रेस किया हो.
हरमन बावेजा
डायरेक्टर हैरी बावेजा के बेटे हरमन बावेजा को भी बॉलीवुड ने कभी स्वीकार नहीं किया. एक्टर ने अपना डेब्यू फिल्म लव स्टोरी 2050 से किया था. एक्टर ने अपने करियर की शुरुआती 6 फिल्मों में से 2 तो प्रियंका चोपड़ा संग की थीं. लेकिन दर्शकों ने कभी भी हरमन को बतौर एक्टर पसंद नहीं किया और बाद में उन्हें ना अच्छे रोल मिले और ना ही फिल्में.
अध्ययन सुमन
शेखर सुमन के बेटे अध्ययन सुमन का फिल्मी करियर एक दम फ्लैट रहा है. उनके पिता ने तो क्या फिल्म और क्या टीवी, दोनों ही जगहों पर अलग जगह बनाई है. लेकिन ऐसा अध्ययन सुमन के लिए नहीं कहा जा सकता. साल 2008 में फिल्म हाल ए दिल से बॉलीवुड में दस्तक देने वाले अध्ययन ने कई छोटी-मोटी फिल्मों में काम किया, लेकिन दर्शकों ने उन्हें कभी याद ना रखा. एक्टर ने पिता की फिल्म हार्टलेस में भी काम किया, लेकिन वो भी फ्लॉप साबित हुई.
संजय कपूर
बॉलीवुड में कपूर परिवार का दबदबा देखने को मिलता है. लेकिन ऐसा कुछ भी संजय कपूर के साथ होता नहीं दिखाई दिया. एक्टर कहने को तो अनिल और बोनी कपूर के भाई हैं, लेकिन उनका करियर का ग्राफ कुछ ऐसा रहा है कि वो इन स्टार्स के सामने कहीं नहीं टिकते. संजय ने साल 1995 में डेब्यू किया था. लेकिन उन्हें हमेशा अच्छे रोल्स की दरकार रही. संजय ने कुछ समय पहले छोटे पर्दे पर भी काम किया था. लेकिन वहां भी वो ज्यादा सफल नहीं रहे.
सोहेल खान
सलमान खान के भाई, सलीम खान के बेटे, लेकिन फिर भी सोहेल खान को अपने करियर में वो कामयाबी नहीं मिली जिसकी उम्मीद सभी को थी. सोहेल खान ने पहले कई फिल्मों में बतौर अभिनेता बनने की कोशिश की. लेकिन जब बात नहीं बनी, तो उन्होंने डायरेक्शन करना भी शुरू किया. उन्होंने फिल्म जय हो का निर्देशन किया था. लेकिन वो फिल्म भी सलमान के करियर में एक फ्लॉप के रूप में जानी जाती है.
अरबाज खान
सलमान खान के ही दूसरे भाई अरबाज खान की भी बॉलीवुड में स्थिति ज्यादा अच्छी नहीं है. अरबाज ने कई मौकों पर खुद को बतौर एक्टर साबित करने की कोशिश की. उनको अपनी पहली ही फिल्म दरार के लिए नेगेटिव रोल में फिल्मफेयर अवॉर्ड तक मिला. लेकिन जब भी अरबाज ने बतौर मेन लीड काम किया, उनका जादू फीका रहा. वैसे अरबाज ने बतौर डायरेक्टर थोड़ी सफलता चखी है. उन्होंने सलमान की फिल्म दबंग 2 का निर्देशन किया है.
फरदीन खान
एक्टर फरदीन खान उन कलाकारों में शुमार हैं जो इस समय गुमशुदगी की जिंदगी बिता रहे हैं. कहने को वो फेमस फिरोज खान के बेटे हैं, लेकिन उनका एक्टिंग करियर कभी भी सफलता की ऊंचाइयों को नहीं छू पाया. एक्टर ने कई फिल्मों में काम किया, उन्होंने रोमांस से लेकर कॉमेडी तक सब ट्राई किया, लेकिन वो जनता का दिल नहीं जीत पाए. एक्टर को फिल्म ऑल द बेस्ट और हे बेबी के लिए जाना जाता है.
तुषार कपूर
तुषार कपूर, लेजेंड्री एक्टर जितेंद्र के बेटे हैं और टीआरपी क्वीन एकता कपूर के भाई, लेकिन फिर भी वो बॉलीवुड में बेअसर रहे हैं और उनके करियर का ग्राफ भी बेहतरीन नहीं रहा. तुषार ने डेब्यू जरूर फिल्म मुझे कुछ कहना है से किया था जो कुछ हद तक सफल भी रही, लेकिन इसके बाद उन्होंने कई फ्लॉप फिल्मों में काम किया. एक्टर को सिर्फ फिल्म गोलमाल में लकी के किरदार के रूप में जाना जाता है.