GST बिल पर सभी की नजरें लगी हैं. सभी जानना चाहते हैं कि इस बिल के लागू होने के बाद क्या महंगा होगा और क्या सस्ता.
इसी के साथ फिल्म इंडस्ट्री भी GST बिल का इंतजार कर रही है. यहां भी लोगों को यह जानने की उत्सुकता है कि इस बिल के बाद फिल्में बनाने का बजट बढ़ेगा या कम होगा. इससे छोटे बजट की फिल्में बनाना में फायदा रह जाएगा या नहीं और साथ ही सितारों की फीस पर इसका का असर होगा.
क्या फिर बन पाएगी बाहुबली जैसी फिल्म
निर्माता-निर्देशक विपुल शाह का कहना कि फिल्में बड़ी हो या छोटी, GST का असर तो सब पर पड़ेगा. हालांकि साथ ही वो ये भी मानते हैं कि फिल्म इंडस्ट्री के अलावा दूसरे बिजनेस के लिए भी ये अच्छा कदम है.
विपुल का कहना है कि बाहुबली जैसी बड़ी फिल्म को बनाना मुश्किल तो होगा लेकिन उससे ज्यादा दिक्कत छोटी फिल्म, या कहें कि 5 करोड़ तक की लागत वाली फिल्मों को आएगी. छोटे निर्माता के भी उसी टैक्स स्लैब में आने से 5 करोड़ वाली फिल्म का बजट औजाएगा.
तो फिर कम बनेंगी हिंदी फिल्में
वहीं निर्माता मुकेश भट्ट का कहना है कि ये एक तरह से फिल्म इंडस्ट्री की कमर तोड़ने के बराबर होगा और इससे छोटा प्रोड्यूसर खत्म ही हो जाएगा. पहले से ही थियेटर की मारामारी है और उपर से इस बिल से और भारी नुकसान होगा.
मुकेश का कहना है कि 28 प्रतिशत का मतलब है कि हर चीज के दाम बढ़ जाएंगे. हाल ये होगा कि हिंदी फिल्में कम बनेंगी और सिनेमा घरों में हम हॉलीवुड की फिल्में ज्यादा देखेंगे, जो अमीर वर्ग का इंसान ही देख पाएगा. मुकेश भट्ट का ये भी कहना है कि देश की सरकार को दूसरे देशों की अच्छी बातों को अपनाना चाहिए. हर जगह कला और एंटरटेनमेंट के क्षेत्र में बढ़ावा दिया जाता है लेकिन भारत में इसका उलट हो रहा है.
टाइगर को भरोसा- फिल्में जरूर देखेंगे लोग
तो क्या फिल्म इंडस्ट्री के लोग अरुण जेटली से मिलकर अपनी बात समझाएंगे? इस सवाल पर मुकेश ने कहा- मीटिंग पहले भी कई बार हो चुकी है लेकिन उसका कोई फायदा दिख नहीं रहा. ऐसे में हमें इंडस्ट्री के अच्छे दिन का तो नहीं पता लेकिन बुरे दिन जरूर आते दिख रहे हैं.
वहीं युवा पीढ़ी के हीरो टाइगर श्रॉफ का GST पर कहना है कि GST का फिल्म इंडस्ट्री पर असर तो पड़ेगा लेकिन उन्हें विश्वास है फिल्म देखने वाले फिर भी फिल्म जरूर देखेंगे. बस इसके लिए बॉलीवुड को भी अच्छी फिल्मों पर ध्यान देना होगा.