अमेरिकी इन्फ्यूएंसर मिखाइलो विक्टरोविच पोल्याकोव को भारत के प्रतिबंधित नॉर्थ सेंटिनल द्वीप पर अवैध रूप से जाने के आरोप में अरेस्ट कर लिया गया. 24 वर्षीय ये शख्स न केवल चुपके से वहां गया, बल्कि वापसी में कोक की बोतल भी छोड़ आया. अब पड़ताल जारी है कि वो द्वीप पर आखिर गया क्यों? सेंटिनल आइलैंड को लेकर इतना हल्ला इसलिए भी है क्योंकि वहां रहने वाले आदिवासी बाहरी दुनिया और उसकी बीमारियों से एकदम अछूते हैं.
डोनाल्ड ट्रंप के राष्ट्रपति बनने के बाद से डेमोक्रेटिक पार्टी के लोग उनकी नीतियों के विरोध का तरीका खोज रहे हैं. अब शायद इसका तोड़ निकल आया. हाल में एक डेमोक्रेटिक सीनेटर कोरी बुकर ने ट्रंप प्रशासन के खिलाफ स्पीच दी. बिना रुके लगातार 25 घंटे चले इस भाषण को करोड़ों लाइक्स मिल चुके. लेकिन क्या इतना ट्रंप को रोकने के लिए काफी है?
बांग्लादेश की फॉरेन पॉलिसी बदल रही है. वो पुराने साथियों से दूरी बरतते हुए नए दोस्त चुन रहा है. इस बीच ये देश आसियान (एसोसिएशन ऑफ साउथ-ईस्ट एशियन नेशन्स) से जुड़ने की उम्मीद भी कर रहा है. अब ये सवाल नहीं रहा कि क्या ढाका को आसियान में शामिल होने की इच्छा है, बल्कि ये सवाल बड़ा हो चुका कि क्या आसियान देश अपने इस पड़ोसी को अपनाएंगे.
डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन बगैर दस्तावेज के रहते लोगों को वापस उनके देश डिपोर्ट कर रहा है. साथ ही कई क्रिमिनल्स को अल-साल्वाडोर की एक जेल में भेजा जा रहा है. आतंकवादियों के लिए बनी इस जेल को दुनिया की सबसे बड़ी और खतरनाक जेलों में रखा जाता रहा. अल साल्वाडोर एक छोटा-सा देश है, तो उसे इतने बड़े कैदखाने की जरूरत क्यों पड़ी? और अमेरिका अपने कैदी वहां क्यों भेज रहा है?
वक्फ संशोधन बिल 2025 में महिलाओं और विधवाओं का ध्यान रखा गया है अब किसी मुस्लिम शख्स को वक्फ बनाने से पहले महिलाओं, विधवाओं को उनका हिस्सा देना होगा. किसी को अपनी संपत्ति दान करने से पहले उसके लिए ये जरूरी होगा कि वो पांच साल से इस्लाम को मान रहा है. इसके अलावा आदिवासी और ASI की जमीन भी वक्फ नहीं की जा सकेगी.
बांग्लादेश की अंतरिम सरकार के नेता मोहम्मद यूनुस ने भारत के पूर्वोत्तर को लैंडलॉक्ड बताते हुए बांग्लादेश को इस पूरे इलाके में समंदर का अकेला गार्जियन कह दिया. ये बयान उन्होंने चीन की गुडबुक में आने के लिए दिया. इसके बाद से नॉर्थईस्टर्न राज्यों को देश से जोड़ने वाले संकरे रास्ते यानी चिकन्स नेक पर चिंता गहरा रही है कि कहीं बीजिंग और ढाका मिलकर कोई साजिश तो नहीं कर रहे.
डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन ने हार्वर्ड यूनिवर्सिटी को धमकी दी है कि अगर उसने अपने कैंपस में एंटी-सेमिटिज्म को नहीं रोका तो उसकी सरकारी फंडिंग बंद हो जाएगी. ये फंडिंग कुछ कम नहीं, बल्कि पूरे 9 अरब डॉलर की है. लेकिन क्या है एंटी-सेमिटिज्म, जिसे न रोकने पर इतनी मशहूर यूनिवर्सिटी पर सरकार नाराज हो जाएगी?
कई ऑस्ट्रेलियाई यूनिवर्सिटीज ने अपने यहां कन्फ्यूशियस इंस्टीट्यूट्स (CIs) पर ताला डलवा दिया. ये चीनी दार्शनिक कन्फ्यूशियस ने नाम पर चलते संस्थान हैं, जिनके तार सीधे चीनी कम्युनिस्ट पार्टी से जुड़े हैं. कई और देश भी इन्हें लेकर शक से भरे रहे और लगातार इन्हें बंद करने की बात करते रहे.
इस्लाम के भारत आने के साथ ही भारत में वक्फ की आमद मानी जा सकती है, हालांकि इतिहास इसे लेकर बहुत क्लियर नहीं है कि वह किस कालखंड में इसकी शुरुआत बताए. ऐसे में यह भी तय करना इतिहास के लिए मुश्किल ही है, वक्फ को औपचारिक रूप से लागू करने वाला 'पहला शासक' कौन रहा होगा. ये सवाल ठीक ऐसा ही है, जैसा कि ये जानने की कोशिश करना की 'दान की परंपरा कैसे शुरू हुई.'
नेपाल में राजशाही लौटाने की मांग को लेकर समर्थक सड़कों पर उतरे हुए हैं. साथ ही साथ हिंदू राष्ट्र की आवाज भी बुलंद है. लगभग 20 साल पहले लोकतंत्र आने के साथ ही देश को सेकुलर घोषित कर दिया गया. इसके साथ ही कई कूटनीतिक व्यवस्थाएं बदलीं. वो भारत से दूर हुआ, जबकि चीन के करीब दिखने लगा.
इंटरनेशनल ऑर्गेनाइजेशन फॉर माइग्रेशन के मुताबिक, पिछले डेढ़ साल में पाकिस्तान ने 8 लाख से ज्यादा अफगान शरणार्थियों को देश से निकाल दिया. इस्लामाबाद का दावा है कि अब भी अफगानिस्तान से तीस लाख से ज्यादा लोग उसके यहां हैं, जिनमें से काफी बगैर दस्तावेजों के हैं. अब इन्हीं घुसपैठियों को निकालने के लिए उसने अल्टीमेटम दे दिया.
फिलिस्तीनी नागरिकों की पहली खेप जल्द ही खंडहर हो चुके गाजा को छोड़कर इंडोनेशिया पहुंच सकती है. एक पायलेट प्रोग्राम के तहत इजरायल ने यह कदम उठाया. लेकिन जिस गाजा पट्टी के लोगों को उसके पड़ोसी अरब देश स्वीकारने को तैयार नहीं थे, उन्हें इंडोनेशिया कैसे और किस शर्त पर भेजा जा रहा है?
डोनाल्ड ट्रंप के ग्रीनलैंड खरीदने के इरादे पर अब रूस ने भी बड़ा बयान दे दिया. हाल में व्लादिमीर पुतिन ने कहा कि नई अमेरिकी सरकार को हल्के में लेना बड़ी गलती है. अमेरिका हमेशा से यही चाहता है. पुतिन के गोलमोल बयान के दोनों ही मतलब निकल रहे हैं. हो सकता है कि वे वॉशिंगटन से दोस्ती की खातिर ट्रंप के आइडिया को सपोर्ट करें लेकिन रूस तो खुद आर्कटिक को लेकर सपने देखता रहा!
एक नए सर्वे में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है कि जिनकी संपत्ति 25 करोड़ रुपयों से ज्यादा है, वे या तो भारत छोड़ने का मन बना चुके या इस प्रोसेस में हैं. ये वर्ग अल्ट्रा हाई नेट वर्थ इनडिविजुअल्स (UHNIs) का है. एक निजी बैंक के सर्वे में हर पांच में से एक अल्ट्रा अमीर ने माइग्रेट होने का इरादा दिखाया.
रूस और यूक्रेन के बीच जंग के साथ जुबानी हमले भी चल रहे हैं. हाल में यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोडिमिर जेलेंस्की ने दावा किया कि रूस के लीडर व्लादिमीर पुतिन मौत के करीब हैं. यह पहला मौका नहीं जब किसी बड़े नेता को लेकर इस तरह की अटकलें लगाई गईं. मॉस्को हो या वाइट हाउस, अक्सर सत्ता में बैठे लोगों की गंभीर बीमारी आखिर तक छिपाई गई.
Battle of Khanwa: बाबर के कमांडर और सरदार चाहते थे कि पानीपत जीता जा चुका था. सोना और हीरा लूटा जा चुका अब समय अपने वतन लौटने का था. 2000 सालों से हिन्दुस्तान फतह करने के लिए निकले राजा-लुटेरे ऐसा ही तो करते आए थे. लेकिन उज्बेक सरदार बाबर कोई तैमूर थोड़े ही था, जो विजय पाकर वापस चला जाता. उसने निर्वासन में भारत को अपना घर बनाने का निश्चय किया
अमेरिका में भारत की खुफिया एजेंसी रिसर्च एंड एनालिसिस विंग (रॉ) पर प्रतिबंध लगाने की मांग उठी है. यह मांग यूएस कमीशन ऑन इंटरनेशनल रिलीजियस फ्रीडम (USCIRF) की सालाना रिपोर्ट में की गई. दावा है कि देश में धार्मिक आजादी लगातार घटी जिसमें रॉ का भी हाथ है. इस बीच ये सवाल उठ रहा है कि अमेरिका में बैठी संस्था, भारत में धार्मिक स्वतंत्रता को क्यों तय करे?
हाल में कांग्रेस ने भाजपा नेता किरेन रिजिजू के खिलाफ विशेषाधिकार हनन यानी ब्रीच ऑफ प्रिविलेज नोटिस जारी किया. पार्टी का आरोप है कि रिजिजू ने कर्नाटक के उपमुख्यमंत्री डीके शिवकुमार को लेकर झूठे दावे कर सदन को गुमराह करना चाहा. तमिलनाडु से सांसद मणिकम टैगोर ने लोकसभा अध्यक्ष से इस पर कार्रवाई की मांग की है. आरोप साबित हो जाएं तो कई बार कड़ी कार्रवाई भी होती है.
हमास और इजरायल में जंग की वजह से डेढ़ सालों के भीतर गाजा पट्टी लगभग तबाह हो चुकी. तेल अवीव लगातार कहता रहा कि आतंकी समूह हमास को खुद स्थानीय लोग शरण दे रहे हैं. आरोप किसी हद तक सही भी था. अब इसी इलाके में हमास-आउट के नारे लग रहे हैं. लेकिन हमास के जाने से पैदा पॉलिटिकल वैक्यूम और मुश्किलें ला सकता है.
अमेरिका यूं ही सुपर पावर नहीं, बल्कि इसमें काफी हाथ उसके खुफिया तौर-तरीकों का भी है, फिर चाहे वो 9/11 के बाद सैन्य अटैक हों, या एरिया 51 की गोपनीयता, जहां कथित तौर पर एलियन्स पर खोज काफी आगे जा चुकी. कोई भी योजना बनाते हुए ये देश बेहद सतर्कता बरतता रहा. इसी सीक्रेसी में हाल में सेंध लगती दिखी, जब अमेरिकी सैन्य अधिकारी खुफिया मुहिम की चर्चा सिग्नल पर करने लगे, जो वॉट्सएप की तरह ही एन्क्रिप्टेड मैसेजिंग सर्विस है.
नशे की वजह से पंजाब को अब तक 'उड़ता पंजाब' कहा जाता रहा, लेकिन अब केरल इसे पीछे छोड़ रहा है. नारकोटिक्स ड्रग्स एंड साइकोट्रॉपिक सब्सटेंसेज (NDPS) एक्ट के तहत पिछले साल राज्य में ड्रग्स के लगभग 28 हजार केस मिले. पंजाब के मामलों से ये तीन गुना ज्यादा हैं. ड्रग सप्लाई के लिए कई नए तरीके इस्तेमाल हो रहे हैं ताकि पकड़े जाने का खतरा न रहे.