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हरियाणा और जम्मू-कश्मीर में सितंबर-अक्टूबर में विधानसभा चुनाव होने वाले हैं. इसी बीच पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह का बताकर एक चौंकाने वाला बयान वायरल हो रहा है. इस बयान के अनुसार, मनमोहन सिंह ने जनता से बीजेपी को वोट देने की अपील की है. इंस्टाग्राम पर शेयर किये जा रहे एक पोस्ट में मनमोहन सिंह की तस्वीर के साथ लिखा है, “मैं लाचार था पर आप नहीं हो. कमल का बटन दबाओ, भाजपा की सरकार लाओ”.
गौरतलब है कि पूर्व पीएम मनमोहन सिंह पर अपने कार्यकाल के दौरान सोनिया गांधी और राहुल गांधी के दवाब में काम करने के आरोप लगते रहते हैं. इसी संदर्भ में वायरल पोस्ट में लिखा है कि “मैं लाचार था”. इंस्टाग्राम पर “रामफल हरियाणा” नाम के एक वेरिफाइड यूजर ने इसे शेयर किया है.
आजतक फैक्ट चेक ने पाया कि मनमोहन सिंह के नाम पर चल रहा ये बयान मनगढ़ंत है. उन्होंने ऐसा कोई बयान नहीं दिया है.
कैसे पता चली सच्चाई?
कीवर्ड्स की मदद से सर्च करने पर हमें ऐसी कोई खबर नहीं मिली जिसमें मनमोहन सिंह द्वारा बीजेपी को वोट देने की अपील करने वाले बयान का जिक्र हो. अगर वो वाकई ऐसा कुछ बोलते तो इसको लेकर कई खबरें छपी होतीं.
हमने इस बयान के बारे में मनमोहन सिंह के निजी सहायक जीएम पिल्लई से भी बात की. उनका भी यही कहना था कि मनमोहन ने ऐसा कोई बयान नहीं दिया है. आजतक से बात करते हुए उन्होंने बताया कि मनमोहन सिंह के खिलाफ झूठ फैलाया जा रहा है.
मनमोहन सिंह ने सार्वजनिक तौर पर आखिरी बयान 2024 लोकसभा चुनाव के समय दिया था. पंजाब में मतदान होने से पहले मनमोहन सिंह ने वहां की जनता को 30 मई को एक पत्र लिखा था. इस पत्र में उन्होंने पीएम नरेंद्र मोदी पर निशाना साधा था कि वो एक विशेष समुदाय को टारगेट कर रहे हैं और प्रधानमंत्री पद की गरिमा को कमजोर कर रहे हैं.
मनमोहन सिंह को लेकर अक्सर भ्रामक पोस्ट वायरल होते रहते हैं. जून 2024 में कुछ तस्वीरों के साथ कहा गया था कि साल 2007 में टी20 क्रिकेट वर्ल्ड कप जीतने के बाद टीम इंडिया को देश के प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह के बजाय सिर्फ सोनिया गांधी से मिलवाया गया था. लेकिन सच ये था कि सोनिया गांधी के अलावा मनमोहन सिंह ने भी टीम इंडिया के खिलाड़ियों से मुलाकात की थी.
इसी तरह 2020 में एक वीडियो के साथ कहा गया था कि मनमोहन सिंह को अपने ही जन्मदिन का केक काटने की आजादी नहीं थी और उनका केक राहुल गांधी ने काटा था. लेकिन जिस वीडियो के साथ ये दावा किया गया था वो मनमोहन के जन्मदिन का नहीं बल्कि कांग्रेस के 134वें स्थापना दिवस का था.