एक महिला की पिटाई का चौंकाने वाला वीडियो सोशल मीडिया पर खूब शेयर हो रहा है. ये किसी सीसीटीवी कैमरे की रिकॉर्डिंग लग रही है, जिसमें एक बाइक सवार शख्स, पैदल जा रही महिला को रोकता है और थोड़ी बहसबाजी के बाद उसे बेरहमी से पीटने लगता है. करीब ढाई मिनट लंबे इस वीडियो में कई लोगों को उस महिला से उलझते देखा जा सकता है.
वीडियो को शेयर करने वाले सोशल मीडिया यूजर्स का दावा है कि मारपीट का शिकार हुई ये महिला एक पुलिस कांस्टेबल है और वो हिन्दू है. वहीं, मामले के आरोपी मुस्लिम समुदाय से हैं.
वायरल वीडियो एक्स पर शेयर करते हुए एक यूजर ने लिखा, “उत्तर प्रदेश पुलिस की एक महिला कांस्टेबल मुरादाबाद में सड़क पर जा रही थी तभी इरफान नामक एक मुस्लिम व्यक्ति कुछ पूछने के बहाने उसे रोकता है और जब उसे पता चलता है कि यह हिंदू कांस्टेबल है तब उस पर जानलेवा हमला कर देता है कृपया @moradabadpolice @Uppolice @myogiadityanath @dgpup @CMOfficeUP हमलावरों को तुरंत गिरफ्तार करके कड़ी से कड़ी सजा दिया जाए.” कुछ इसी तरह के कैप्शंस के साथ ये वीडियो फेसबुक पर भी कई लोग शेयर कर चुके हैं.
आजतक फैक्ट चेक ने पाया कि उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद में 30 नवंबर को हुई इस घटना में जिस महिला कांस्टेबल की पिटाई हुई, वो हिन्दू नहीं बल्कि मुस्लिम है.
कैसे पता चली सच्चाई?
वायरल वीडियो के कीफ्रेम्स को रिवर्स सर्च करने पर हमें इससे संबंधित कई न्यूज रिपोर्ट्स मिलीं. इनमें वायरल वीडियो को मुरादाबाद का बताया गया है. खबरों के अनुसार ये घटना 30 नवंबर, 2024 को सिविल लाइंस में चक्कर की मिलक इलाके के पास हुई. पीड़िता अपने मकान मालिक के घर जा रही थी. इसी दौरान एक बाइक सवार शख्स ने उससे बाइक स्टार्ट करने को कहा. इस बात पर बहसबाजी हो गई जिसके बाद पर बाइक सवार युवक और उसके साथियों ने महिला के साथ दुर्व्यवहार और मारपीट की. इस दौरान महिला को सिर और घुटने पर गंभीर चोटें आईं.
अमर उजाला की खबर के अनुसार, इस मामले में इरफान, सालिम और अन्य को नामजद किया गया है.हमने इस बारे में और जानकारी पाने के लिए आजतक के मुरादाबाद संवाददाता जगत गौतम से संपर्क किया. जगत ने हमें इस मामले की एफआईआर कॉपी भेजी. इसमें पीड़िता का नाम अमरीन पुत्री इकबाल लिखा हुआ है. नाम से ही पता लग रहा है कि पीड़ित महिला मुस्लिम है.
एफआईआर के अनुसार, पुलिस ने इस मामले में चार लोगों को नामजद किया है. इनमें इरफान, सालिम, नईम और नईम की बहन शामिल हैं. वहीं 5-6 अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ भी भारतीय न्याय संहिता की धारा 191(2), 115(2), 352 और 76 के तहत मामला दर्ज किया गया है. पीड़ित महिला ने अपनी तहरीर में बताया है कि आरोपियों ने गलत नीयत से उन्हें छुआ और जान से मारने के इरादे से गला दबाने की भी कोशिश की.
हमने सिविल लाइंस थाने के प्रभारी मनीष सक्सेना से संपर्क किया. उन्होंने आजतक को बताया कि पीड़ित महिला कांस्टेबल मुस्लिम हैं. साथ ही, उन्होंने ये भी बताया कि पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और आरोपियों को जल्द से जल्द गिरफ्तार करने की कोशिश कर रही है.
इस तरह ये साफ हो जाता है कि मुरादाबाद में मारपीट की शिकार हुई मुस्लिम महिला कांस्टेबल को हिन्दू बताया जा रहा है.