बिहारी की सत्ताधारी जनता दल यूनाइटेड (जेडीयू) के विधायक और पूर्व मंत्री ददन पहलवान बैंक के डिफाल्टर हो गए हैं. अपने पहलवानी के लिए मशहूर रहें ददन राबड़ी सरकार में राज्यमंत्री और फिलहाल जेडीयू के डुंमराव से विधायक हैं.
डिफॉल्टर घोषित होने के बाद बैंक ने ददन पहलवान के एक राईस मिल और पटना के सगुना मोड़ स्थित डेढ़ कट्ठा जमीन को अपनी सम्पति घोषित कर दी है और इसका इश्तेहार अखबारों में प्रकाशित कर दिया.
बैंक के मुताबिक, ददन यादव उर्फ ददन पहलवान के बेट करतार सिंह ने सत्यवीर एग्रो के नाम पर बैंक से लोन लिया था. जिसकी राशि बढ़कर अब 1 करोड़ 52 लाख 14 हजार पहुंच गई है. लोन डिफॉल्टर के रूप में नोटिस के बाद बैंक ने सत्यवीर एग्रो की लगभग एक बीघे जमीन और फैक्ट्री को अपनी सम्पति घोषित कर दिया है. लोन देते समय करतार सिंह के गारंटर उनके पिता ददन यादव ही थे. उनके नाम से पटना से सटे दानापुर के सगुना मोड़ की डेढ़ कट्ठे जमीन को भी बैंक ने अपने कब्जे में ले लिया है.
डुंमराव के इस चर्चित राजनीतिक घराने के कई सदस्यों पर पहले भी विभिन्न बैंको ने मुकदमें दर्ज किए हैं. बक्सर की लोक अदालत में ओरियंटल बैंक का मुकदमा चल रहा है, जिसमें ददन पहलवान की पत्नी उषा देवी के खिलाफ होम लोन की अदायगी ना करने का आरोप है.
हाल ही में एक फाईनेंस कंपनी ने भी दिल्ली और पंजाब की कोर्ट में मुकदमा दायर किया है, जो काफी चर्चा में है. उस मामले में भी ददन पहलवान की पत्नी और बेटे का नाम आया है. पटना की बैंक ऑफ इंडिया के इस मामले में पोजेशन सार्टिफिकेट 21 जनवरी को जारी किया गया. ददन पहलवान ने फोन पर बताया कि उन्होंने अपनी राईस मिल बैंक को ऋण चुकाने के लिए दी है.